डेविस कप : सोमदेव की शानदार जीत, भारतीय उम्मीदें अब भी कायम

सोमदेव देववर्मन ने किसी सच्चे सेनापति की तरह मैदान पर अपने कौशल का बेजोड़ नमूना पेश करके आज यहां भारत को डेविस कप विश्व ग्रुप प्लेआफ मुकाबले में सर्बिया पर 2-2 से बराबरी दिलायी लेकिन भारत की निगाहें अब युकी भांबरी पर टिकी हैं जिनका मैच बारिश के कारण बीच में रोकना पड़ा।

डेविस कप : सोमदेव की शानदार जीत, भारतीय उम्मीदें अब भी कायम

बेंगलुरु : सोमदेव देववर्मन ने किसी सच्चे सेनापति की तरह मैदान पर अपने कौशल का बेजोड़ नमूना पेश करके आज यहां भारत को डेविस कप विश्व ग्रुप प्लेआफ मुकाबले में सर्बिया पर 2-2 से बराबरी दिलायी लेकिन भारत की निगाहें अब युकी भांबरी पर टिकी हैं जिनका मैच बारिश के कारण बीच में रोकना पड़ा।

सोमदेव ने खराब शुरूआत से उबरते हुए विश्व में 61वें नंबर के खिलाड़ी डुसान लाजोविच को तीन घंटे 37 मिनट तक चले मैच में 1-6, 6-4, 4-6, 6-4, 6-3 से हराया। मुकाबले का पांचवां और निर्णायक मैच खेलने के लिये युकी तब विश्व में 107वें नबर के फिलिप क्राजिनोविच से 3-6, 4-4 से पीछे चल रहे थे जब बारिश के कारण खेल बीच में रोकना पड़ा।

डेविस कप के 114 साल के इतिहास में केवल 51 अवसरों पर कोई देश 0-2 से पिछड़ने के बाद वापसी करके जीत दर्ज करने में सफल रहा है। भारत ने केवल एक बार ऐसा किया जब उसने 2010 में चेन्नई में ब्राजील को हराया। सोमदेव ने तब चौथा और रोहन बोपन्ना ने पांचवां मैच जीता था। यदि भारत को दूसरी बार ऐसा करना है तो युकी को क्राजिनोविच के खिलाफ अपना सर्वश्रेष्ठ खेल दिखाना होगा। ये दोनों ही बहुत अच्छे स्ट्रोक खेलने वाले खिलाड़ी हैं।

इससे पहले भारत का दारोमदार सोमदेव पर टिका था जिन्होंने पहला सेट आसानी से गंवाने के बाद अपनी फुर्ती और दिमाग दोनों का अच्छा इस्तेमाल किया और इस साल फ्रेंच ओपन के प्री क्वार्टर फाइनल में पहुंचने वाले अपने सशक्त प्रतिद्वंद्वी को करारा जवाब दिया।