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पति ने दिनदहाड़े की पत्नी की हत्या, लोग मूकदर्शक बनकर देखते रहे

चीन में एक व्यक्ति ने केवल इसलिए अपनी पत्नी को मौत के घाट उतार दिया, क्योंकि उसने एक्सीडेंट के बाद भागने का विरोध किया था. दिनदहाड़े हुई इस वारदात में लोग मूकदर्शक बने रहे, किसी ने भी महिला को बचाने की कोशिश नहीं की.  

पति ने दिनदहाड़े की पत्नी की हत्या, लोग मूकदर्शक बनकर देखते रहे
फाइल फोटो: रॉयटर्स

बीजिंग: चीन (China) से एक ऐसी खबर सामने आई है, जो रिश्तों में बढ़ती कटुता और क्रूरता उगाजर करती है. यहां के शांक्सी प्रांत (Shanxi province) में 31 अक्टूबर को एक व्यक्ति ने दिनदहाड़े अपनी पत्नी को मौत के घाट उतार दिया. सबसे ज्यादा अफसोस की बात यह है कि मौके पर मौजूद लोग केवल मूकदर्शक बने रहे, उन्होंने महिला को बचाने की कोई कोशिश नहीं की.

गलत करने से रोका और...
जानकारी के मुताबिक, आरोपी अपनी पत्नी के साथ कहीं जा रहा था. रास्ते में उसकी कार ने आगे चल रही गाड़ी को टक्कर मार दी. जिसके बाद आरोपी ने मौके से भागने का प्रयास किया, लेकिन पत्नी ने इस पर आपत्ति जताई. महज इतनी सी बात पर आरोपी पति आगबबूला हो गया और उसने पत्नी को बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया.

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आरोपी पति गिरफ्तार
इस वारदात का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. वीडियो फुटेज में दिखाई दे रहा है कि आरोपी अपनी पत्नी की बेहरमी से पिटाई कर रहा है. महिला जमीन पर गिरी हुई है और रहम की भीख मांग रही है, लेकिन आरोपी लगातार उसके साथ मार-पिटाई करता जा रहा है. पुलिस का कहना है कि उसने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और मामले की जांच जारी है.

लोगों की निष्क्रियता पर फूटा गुस्सा
सोशल मीडिया यूजर घटनास्थल पर मौजूद लोगों की निष्क्रियता पर सवाल उठा रहे हैं. उनका कहना है कि यदि लोगों ने थोड़ी हिम्मत दिखाई होती तो महिला की जान बच सकती थी. वीडियो में साफ नजर आ रहा है कि जिस वक्त पति अपनी पत्नी की पिटाई कर रहा है, वहां कई लोग मौजूद हैं. एक व्यक्ति आरोपी के बिल्कुल पीछे दिखाई दे रहा है, लेकिन वह भी उसे रोकने की कोशिश नहीं करता.  

बढ़ रही घरेलू हिंसा
चीन में घरेलू हिंसा के मामले में बढ़ोत्तरी हुई है. सरकार ने 2015 में इस संबंध में एक कानून पारित किया था, लेकिन महिला अधिकारों के लिए काम करने वाले संगठनों का मानना है कि इससे स्थिति में खास बदलाव नहीं आया है. जिस वक्त यह कानून पारित किया जा रहा था, ऑल चाइना वुमन फेडरेशन ने अपनी एक रिपोर्ट में बताया था कि चार में से एक चीनी महिला घरेलू हिंसा का सामना करती है. सालाना, हिंसा से जुड़ीं 40,000 से 50,000 शिकायतें दर्ज की जाती हैं.

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