जैसलमेर के धोरों में आठ देशों की सेनाएं एक साथ करेंगी युद्धाभ्यास, दिखाएंगी युद्ध कौशल

भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय बॉर्डर पर स्थित जैसलमेर जिले में आज से वॉर गेम एक्सरसाइज की शुरुआत हो रही है. जैसलमेर के मरूस्थल में होने वाली इस वॉर गेम एक्सरसाइज में भारत सहित 8 देशों की सेनाएं हिस्सा ले रही हैं.

रूस और चीन जैसी बड़ी सैन्य शक्तियों सहित 8 देशों की सेनाएं पश्चिमी राजस्थान के रेतेली धोरों में भारतीय सेना से लड़ाई का पराक्रम सीखेंगी. विश्व की श्रेष्ठ सेनाओं में शामिल भारतीय थल सेना से जमीन से लड़ाई और छोटे युद्ध में दक्षता हासिल करने के लिए ये सेनाएं जैसलमेर के मिलिट्री स्टेशन में जुटी हैं.

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पहली बार भारत में हो रहा है आयोजन

For the first time in India, organized

भारत में पहली बार 5वीं इंटरनेशनल आर्मी स्काउट मास्टर्स कॉम्पिटिशन का सोमवार को औपचारिक तौर पर आगाज होगा. भारत में पहली बार हो रही इस अंतरराष्ट्रीय स्काउट मास्टर प्रतियोगिता के आयोजन के पांचवें सीजन का साक्षी होने का गौरव जैसलमेर को प्राप्त हुआ है.

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इससे पहले रूस में हुआ था इस प्रतियोगिता का आयोजन

Earlier this competition was organized in Russia

इससे पहले इस प्रतियोगिता के 4 सीजन का आयोजन रूस में किया गया था. जैसलमेर के मरूस्थल में होने वाली इस वॉर गेम एक्सरसाईज में भारत सहित 8 देशों की सेनाएं हिस्सा ले रही हैं.

 

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शामिल होंगे ये देश

These countries will join

इसमें भारत के अलावा रूस, कजाकिस्तान, उज्बेकिस्तान, जिम्बाबे, आर्मेनिया, बेलारूस, सूडान और चीन की टीमें शामिल होने के लिए जैसलमेर पहले पहुंच चुकी हैं. यहां पर वे अपने अपने युद्ध कौशल का प्रदर्शन करेंगी और अपनी युद्ध तकनीकों को एकदूसरे के साथ साझा करेंगी. 

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6 से 14 अगस्त तक होगा खास आयोजन

Special event will be held from 6 to 14 August

प्रतियोगिता का मुख्य आयोजन आगामी 6 से 14 अगस्त के बीच किया जाएगा. इसमें 8 देशों की सैन्य टीमों के बीच प्रतियोगिताएं होगी. 

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रिहर्सल में दिखा था सेनाओं का दम

In rehearsal

सैन्य कौशल, नेविगेशन, टीम वर्क और मैप रीडिंग समेत कई गतिविधियां होंगी. मुख्य प्रतियोगिता में सैनिकों के सैन्य कौशल, नेविगेशन, टीम वर्क, मैप रीडिंग और सामरिक योजना सहित कई गतिविधियां शामिल होंगी. सभी टीमें पिछले कई दिनों से जैसलमेर में हैं और मुख्य प्रतियोगिता से पहले खुद को रेगिस्तान की परिस्थतियों में ढालने का प्रयास कर रही हैं ताकि वे अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकें. सैन्य टीमें लाठी क्षेत्र में प्रतियोगिता के महत्वपूर्ण अंतिम दो चरणों का रिहर्सल भी कर चुकी हैं. अभ्यास के दौरान प्रतियोगिता के निर्णायक ब्रिगेडियर प्रेमराज ने सभी टीमों के प्रदर्शन को नजदीक से परखा गया.