क्यों मनाया जाता है विश्व स्वास्थ्य दिवस और कैसे हुई इसकी शुरुआत

इस दिन को मानने का मकसद दुनिया के लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना है. इसके साथ ही प्रत्येक देश की सरकारों को नागरिक के लिए स्वास्थ्य नीतियों के निर्माण के लिए जागरूक और प्रोत्साहित करना है. 

Apr 07, 2018, 11:59 AM IST

इस दिन को मानने का मकसद दुनिया के लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना है. इसके साथ ही प्रत्येक देश की सरकारों को नागरिक के लिए स्वास्थ्य नीतियों के निर्माण के लिए जागरूक और प्रोत्साहित करना है. 

1/5

स्लोवेनिया में इस दिन को फ्लैग डे के तौर पर मनाते हैं और अर्मेनिया में इसे मातृत्व और सौंदर्य दिवस (मदरहुड एंड ब्यूटी डे) के रूप में मनाते हैं. वहीं, मोजांबिक में इस दिन महिला दिवस मनाया जाता है. (फोटो साभार : WHO)

2/5

भारत में पिछले कुछ सालों के स्वास्थ्य के आंकड़ों पर नजर डालें तो बड़ी संख्या में लोग कुपोषण का शिकार हैं. राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण पिछले कुछ सालों में 3 साल की उम्र वाले लगभग 3.88 प्रतिशत बच्चों का विकास अपनी उम्र से नहीं हो पाता है. वहीं, 46 प्रतिशत बच्चे सही वजन के नहीं है. इसके साथ ही भारत में गर्भवती महिलाओं में भी एनीमिया की शिकायतें बढ़ी हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक वर्तमान में भारत में 50 से 58 प्रतिशत गर्भवती महिलाएं एनीमिया का शिकार हैं. 

3/5

वर्तमान समय में इस संगठन के बैनर तले 195 देश अपने राष्ट्र के नागरिकों को रोगमुक्त बनाने की कोशिश कर रहे हैं. इस संगठन का उद्देश्य लोगों के स्वास्थ्य के स्तर को ऊंचा उठाना है. साथ ही हर इंसान को बीमारी के समय सही इलाज मिल सके इसके लिए इस संगठन द्वारा काम किया जा रहा है. इस संगठन के अंतर्गत डॉक्टर्स दुनियाभर में पोलिया, कुष्ठ, टीबी, मलेरिया और एड्स के प्रति लोगों को जागरूक करने का काम करते हैं. 

4/5

साल 1948 में 7 अप्रैल को ही विश्व स्वास्थ्य संगठन की स्थापना हुई थी, लेकिन इस दिन को मानने की शुरुआत 1950 में हुई. रिपोर्ट्स के मुताबिक ऐसा कहा जाता है कि 1948 में विश्व स्वास्थ्य संगठन की स्थापना के दिन ही एक सभा हुई थी, जिसमें इस बात का फैसला लिया गया था कि संगठन में अधिक से अधिक लोगों को जोड़ा जाएगा. 

5/5

विश्व स्वास्थ्य संगठन की पहल के बाद वैश्विक स्तर पर हर साल 7 अप्रैल को दुनियाभर में विश्व स्वास्थ्य दिवस मनाया जाता है. इस दिन को मानने का मकसद दुनिया के लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना है. इसके साथ ही प्रत्येक देश की सरकारों को नागरिक के लिए स्वास्थ्य नीतियों के निर्माण के लिए जागरूक और प्रोत्साहित करना है.