पंजाब में रास्ते किनारे रोती मिली नाबालिग लड़की, कहा- गलत काम के लिए बंगाल से लाया गया

देश में ह्यूमन ट्रैफिकिंग का जाल बिछा हुआ है. चंद पैसों के लिए कुछ लोग इंसान को बेच देते हैं. इसका ज्यादातर शिकार छोटे बच्चे और दूर-दराज के गांवों की गरीब लड़कियां होती हैं. गरीब लड़कियों को काम दिलवाने के बहाने बहला-फुसला कर दूसरे राज्य ले जाया जाता है. यहां उन्हें जिस्मफरोशी के दलदल में धकेल दिया जाता है. ऐसा ही एक मामला पंजाब में सामने आया है. क्या है पूरी खबर यहां पढ़ें.

Jan 24, 2018, 10:10 AM IST

देश में ह्यूमन ट्रैफिकिंग का जाल बिछा हुआ है. चंद पैसों के लिए कुछ लोग इंसान को बेच देते हैं. इसका ज्यादातर शिकार छोटे बच्चे और दूर-दराज के गांवों की गरीब लड़कियां होती हैं. गरीब लड़कियों को काम दिलवाने के बहाने बहला-फुसला कर दूसरे राज्य ले जाया जाता है. यहां उन्हें जिस्मफरोशी के दलदल में धकेल दिया जाता है. ऐसा ही एक मामला पंजाब में सामने आया है. क्या है पूरी खबर यहां पढ़ें.

 

1/6

सोमवार देर रात मोहाली के फेज-5 (सेक्टर 59) के गुरुद्वारा साहब के सामने करीब 16 साल की एक बंगाली लड़की को जोर-जोर से रोते राहगीरों ने देखा. राहगीरों ने उससे पूछा, लेकिन किसी को उसकी भाषा समझ नहीं आ रही थी. इसके बाद राहगीरों ने पुलिस कंट्रोल रूम को सूचित किया. सूचना मिलने पर पीसीआर इंचार्ज अजय पाठक मौके पर पहुंचे और लड़की की भाषा समझने के लिए करीब के एक बंगाली ढाबा वाले को बुलाया. उसने लड़की से बात कर पीसीआर इंचार्ज को बताया कि उसे कोई महिला बंगाल से लेकर आई और शाहीमाजरा में कुछ लड़कियों के पास होटल में छोड़ दिया. वहां युवक आते हैं और गलत काम होता है. यह वहां से भागकर आई है. लड़की ने बताया कि पहले उसे ट्रेन में और फिर आंखों पर पट्‌टी बांधकर लाया गया. इस पर पीसीआर इंचार्ज ने वुमन सेल की टीम को मौके पर बुलाया. इस दौरान लड़की को किसी युवक का और फिर दो लड़कियों का फोन आया. उन्होंने कहा कि यह उनकी चचेरी बहन है, जो गुम हो गई है. 

 

2/6

दिल्ली में गिरफ्तार आंतकी अबुल सुभान तौकीर ने सूरत शहर में बम ब्लास्ट करने की जिम्मेदारी यासीन भटकल को सौंपी थी. पुलिस की जांच में पता चला है कि सूरत की जिम्मेदारी यासीन भटकल को सौंप कर तौकीर वडोदरा से अहमदाबाद की ओर चला गया था. अहमदाबाद में ब्लास्ट होने के बाद बिहार भाग गया था. सूरत में बम प्लांट करने के एक वर्ष पूर्व वर्ष 2007 में दो बार तौकीर ने सूरत का दौरा किया. दो-तीन घंटे सूरत में रुकने के बाद तौकीर वडोदरा चला गया. वर्ष 2008 में सूरत शहर के अलग-अलग इलाकों से 29 बम मिले थे. चिप में खामी होने से बम ब्लास्ट नहीं हुआ था. लेकिन, अहमदाबाद में 21 जगहों पर बम ब्लास्ट किए गए थे. जिसमें 57 लोगों की मौत हुई थी. गुजरात के मोस्ट वॉन्टेड आतंकी अब्दुल सुभान तौकीर को दिल्ली पुलिस ने सोमवार को गिरफ्तार कर लिया है. 

 

3/6

दिल्ली के अनिल कुमार, लखनऊ के सुनील शर्मा और पटना के श्याम किशोर ने पिछले साल बेहतर नौकरी मिलने के बाद बैंक की नौकरी छोड़ दी थी. इन तीनों ने कर्मचारी चयन आयोग (एसएससी) की सीजीएल (कंबाइंड ग्रैजुएट लेवल) परीक्षा पास की थी. फाइनल लिस्ट में इनका चयन केंद्र सरकार में ग्रेड बी और ग्रेड सी अफसर के पदों पर हुआ था. इसके बाद तीनों को यकीन हो गया कि जल्द ही किसी मंत्रालय या विभाग में नियुक्ति मिल जाएगी. इसलिए इन्होंने अपनी वर्तमान नौकरी छोड़ दी, लेकिन हुआ कुछ और. नवभारत टाइम्स के मुताबिक तीनों को नियुक्ति पत्र नहीं मिला. अब ये परेशान हैं क्योंकि पहले वाली नौकरी छोड़ चुके हैं और नई का नियुक्ति पत्र नहीं मिल रहा. बता दें कि ऐसे सिर्फ तीन नहीं, हजारों आवेदक मुश्किल में हैं. इन्होंने पिछले दिनों दिल्ली में एसएससी ऑफिस के बाहर प्रदर्शन भी किया.

 

4/6

सरकारी कामकाज किस प्रकार चलता है, उसकी एक बानगी शिक्षा मंत्री के जिले गुरदासपुर में देखने को मिली. मात्र 75 पैसे का हिसाब लेने के लिए विभाग के पांच अधिकारी सुबह से लगे रहे और अपने अधीनस्थ कर्मियों पर जिम्मेवारी डालकर पत्रचार के जरिए हिसाब मांगते रहे. अंत में जब प्रिंसिपल तक पत्र पहुंचा, तो उन्होंने दुखी होकर कह डाला कि उनसे और पैसे ले लो पर उनकी जान बख्श दो. वह बच्चों को पढ़ाएं या फिर 75 पैसे का जवाब दें. इन पैसों का हिसाब लेने के लिए पहले ऑडिट टीम ने शिक्षा सचिव, शिक्षा सचिव ने डीपीआइ, डीपीआइ ने डीईओ, डीईओ ने बीपीओ और अंत में बीपीओ ने प्रिंसिपल को नोटिस जारी कर लिखित में जवाब देने को कहा. दैनिक जागरण के मुताबिक मामला 17 जनवरी का है. गुरदासपुर के कस्बा काहनूवान के सरकारी प्राइमरी स्कूल गांव मलियां में एमपी लैंड फंड के तहत कुल 3,99,917 रुपये की ग्रांट जारी हुई थी. उसमें से 3,99,916 रुपये 25 पैसे खर्च हुए. बाकी के 75 पैसों का हिसाब बैलेंस शीट में ऑफिस कम स्टोर कम हेड टीचर रूम में दर्शाया गया. यहीं 75 पैसे ऑडिट टीम को खटक गए और उन्होंने शिक्षा सचिव कृष्ण कुमार को नोटिस जारी कर पूछा लिया कि यह पैसे कौन से काम पर खर्च किए गए और कुल कितना पैसा आया था. उसके बाद शुरू हो गया पत्रों का सिलसिला.

 

5/6

कड़ी सुरक्षा व्यवस्था को अंगूठा दिखाते हुए मंगलवार 7 युवक सचिवालय की टंकी पर चढ़ गए. ये युवक अपनी मांगें मनवाले के लिए जयपुर सचिवालय की टंकी पर चढ़े थे. सरकार की ओर से आश्वासन मिलने पर ही करीब 3 घंटे बाद युवक नीचे आए. राजस्थान पत्रिका के मुताबिक दोपहर करीब 3 बजे पंचायती राज कनिष्ठ लिपिक भर्ती-2013 के सभी पदों पर नियुक्ति करने की मांग को लेकर महात्मा गांधी नरेगा  कार्मिक संघ के बैनर तले अभ्यार्थी टंकी पर चढ़ गए थे. 

 

6/6

हिमाचल में एक माह से रूठे मौसम ने बारिश और बर्फबारी की सौगात लाकर लोगों के चेहरे पर रौनक ला दी. मंगलवार को शिमला में मौसम की पहली बर्फबारी हुई. शिमला के जाखू में 10 सेंटीमीटर, रिज और नारकंडा में छह सेंटीमीटर हिमपात दर्ज किया गया. लाहुल-स्पीति के केलंग और किन्नौर के कल्पा में शाम छह बजे बार्फबारी शुरू हुई. दैनिक जागरण की खबर के मुताबिक प्रदेश की आर्थिक रीढ़ माने जाने वाले सेब के लिए भी यह बर्फबारी बेहतर साबित होगी. कृषि विशेषज्ञों के अनुसार प्रदेश के निचले क्षेत्रों में मुरझाई गेहूं व रबी की अन्य फसलों के लिए यह बारिश संजीवनी साबित होगी.