रतलाम की रितिमा को कंठस्थ है हनुमान चालीसा और संस्कृत के श्लोक, जिसने सुना रह गया हैरान

रतलाम के अलकापुरी में रहने वाली 3 साल की रितिमा की अद्भुत हनुमान भक्ति को देख कर हर कोई हैरान रह जाता है. रितिमा को संस्कृत के श्लोक के साथ पूरी हनुमान चालीसा का पाठ कंठस्थ याद है.

ज़ी न्यूज़ डेस्क | Oct 21, 2019, 09:37 AM IST

चंद्रशेखर सोलंकी, रतलामः आज के समय में जहां बच्चे अपना पूरा समय इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स और अपने दोस्तों के साथ खेलते-कूदते बिताना पसंद करते हैं, ऐसे में रतलाम की 3 साल की बेटी रितिमा हर किसी को हैरानी में डाल रही है. कारण है, इसका इस उम्र में हनुमान चालीसा और संस्कृत के श्लोकों का कंठस्थ याद होना. 

 

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रितिमा को संस्कृत के श्लोक भी याद हैं

RITima also remembers Sanskrit verses

रतलाम के अलकापुरी में रहने वाली 3 साल की रितिमा की अद्भुत हनुमान भक्ति को देख कर हर कोई हैरान रह जाता है. जिस उम्र में  शब्दो अक्षरों का ज्ञान भी नहीं होता, उस उम्र में रतलाम की 3 साल की बेटी रितिमा को संस्कृत के श्लोक के साथ पूरी हनुमान चालीसा का पाठ कंठस्थ याद है और वह रोज हनुमान चालीसा पड़ती भी है. 

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मंडी में मजदूरी करते हैं रितिमा के पिता

Ritima's father does wages in Mandi

3 साल की रितिमा के पिता राहुल शर्मा मंडी में मजदूरी करते हैं और मां हाउस वाइफ हैं, परिवार में कोई पुजारी या भक्ति भाव का बड़ा ज्ञाता भी नहीं है, लेकिन बावजूद सामान्य परिवार की यह बेटी रितिमा हनुमान की बड़ी भक्त है.

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रितिमा की यह काबिलियत लोगों को हैरान कर रही है

This ability of Ritima is surprising people

3 साल की इस उम्र में जहां बच्चों को अक्षरों का ज्ञान भी नहीं होता और न ही इस उम्र के बच्चे पढ़ना लिखना जानते हैं. ऐसे में रितिमा की यह काबिलियत लोगों को हैरान कर रही है.

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3 साल की है रितिमा

Ritima is 3 years old

रितिमा को देख लगता है कि अगर बच्चों को कार्टून और  मोबाइल से दूर रखा जाए तो शायद हर बच्चा अपनी उम्र से ज्यादा सीख सकता है और उनकी मानसिकता का दोगुना विकास हो सकता है.

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बेटी को लेकर रोज हनुमान मंदिर जाती थी रितिमा की मां

Ritima's mother used to go to Hanuman temple everyday with her daughter

रितिमा की मां ने बताया कि वह बेटी को लेकर रोज हनुमान मंदिर जाती थी. वहां रोज हनुमान चालीसा सुनती थीं और बाद में रितिमा खुद हनुमान चालीसा के समय मंदिर जाने की जिद करने लगी. मंदिर में अन्य लोगों के साथ रितिमा भी हनुमान चालीसा का पाठ करती और अब रितिमा को हनुमान चालीसा कंठस्थ याद हो गई है.