India-Pakistan: पहलगाम हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान को कड़ा सबक सिखाया था. जिसके तहत पाकिस्तान में कई आतंकवादी ठिकानों को तबाह कर दिया था. अब पाकिस्तान के पूर्व विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी ने कहा है कि वे भारत से रिश्ते अच्छे करना चाहते हैं और इसके लिए वे आतंकवाद के आरोपियों को सौंपने को तैयार है.
Bilawal Bhutto: पहलगाम हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान को कड़ा सबक सिखाया था. जिसके तहत पाकिस्तान में कई आतंकवादी ठिकानों को तबाह कर दिया था. भारत के इस एक्शन के बाद से ही पाकिस्तान के तेवर नरम हो गए हैं. अब पाकिस्तान के पूर्व विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी ने कहा है कि वे भारत से रिश्ते अच्छे करना चाहते हैं और इसके लिए वे आतंकवाद के आरोपियों को सौंपने को तैयार है लेकिन इसके लिए उन्हें भारत के सहयोग की जरूरत है. जानिए उन्होंने क्या कुछ कहा?
1/7Bilawal Bhutto: पहलगाम हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान को कड़ा सबक सिखाया था. जिसके तहत पाकिस्तान में कई आतंकवादी ठिकानों को तबाह कर दिया था. भारत के इस एक्शन के बाद से ही पाकिस्तान के तेवर नरम हो गए हैं. अब पाकिस्तान के पूर्व विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी ने कहा है कि वे भारत से रिश्ते अच्छे करना चाहते हैं और इसके लिए वे आतंकवाद के आरोपियों को सौंपने को तैयार है लेकिन इसके लिए उन्हें भारत के सहयोग की जरूरत है. जानिए उन्होंने क्या कुछ कहा?
2/7अल जजीरा से बात करते हुए पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी के प्रमुख बिलावल ने कहा कि ऐसा कदम दोनों देशों के बीच व्यापक वार्ता का हिस्सा हो सकता है. यहां पर आतंकवाद के मुद्दे पर प्रमुख रूप से चर्चा की जा सकती है.
3/7जब उनसे पूछा गया कि क्या लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) प्रमुख हाफिज सईद और जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) के संस्थापक मसूद अजहर जैसे लोगों को सद्भावना के संकेत के रूप में सौंपा जा सकता है, तो उन्होंने कहा कि आतंकवाद के मुद्दों पर पाकिस्तान इनमें से किसी भी चीज का विरोध नहीं करेगा.
4/7उन्होंने यह भी दावा किया कि इन व्यक्तियों के खिलाफ वर्तमान में अभियोजित मामले घरेलू अपराधों से संबंधित हैं. इसमें आतंकवाद से जुड़े भी कई मामले हैं. इसके अलावा उन्होंने आरोप लगाया कि भारत कुछ बुनियादी तत्वों का पालन करने से इनकार कर रहा है, जिसके लिए सजा की आवश्यकता होती है.
5/7हालांकि भारत ने उनके दावों को खारिज कर दिया है. भारत की तरफ से कहा गया कि 26/11 मुंबई हमलों के बाद पाकिस्तान को कई सबूत दिए, लेकिन इसके बावजूद भी पाकिस्तान की तरफ से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया.
6/7पाकिस्तान के आतंकवाद निरोधक प्राधिकरण (Nacta) के मुताबिक कहा जा रहा है कि लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद प्रतिबंधित संगठन हैं और हाफिज सईद पाकिस्तान में 33 साल की सजा काट रहा है.
7/7जबकि पूर्व विदेश मंत्री बिलावल ने दावा किया है कि मसूद अजहर अफगानिस्तान में हो सकता है. साथ ही साथ कहा कि अगर भारत साबित कर दे कि अजहर पाकिस्तान में है तो उसे गिरफ्तार किया जाएगा.