कोरोना वायरस: जोकोविच के मामले में ये गलती मामूली नहीं, एक आपदा थी

माफी, माफी और ज्यादा माफी. ये उन टेनिस सितारों और आयोजकों की हालत है जिन्होंने बहुत ज्यादा चर्चा में आए एड्रिया टूर में हिस्सा लिया. इस टेनिस एक्सबिशन इवेंट में भाग लेने वाले चार खिलाड़ी- नोवाक जोकोविच, ग्रिगोर दिमित्रोव, बोर्ना कोरिक और विक्टर ट्रोइकी कोरोना वायरस के टेस्ट में पॉजिटिव पाए गए हैं

कोरोना वायरस: जोकोविच के मामले में ये गलती मामूली नहीं, एक आपदा थी

माफी, माफी और ज्यादा माफी. ये उन टेनिस सितारों और आयोजकों की हालत है जिन्होंने बहुत ज्यादा चर्चा में आए एड्रिया टूर में हिस्सा लिया. इस टेनिस एक्सबिशन इवेंट में भाग लेने वाले चार खिलाड़ी- नोवाक जोकोविच, ग्रिगोर दिमित्रोव, बोर्ना कोरिक और विक्टर ट्रोइकी कोरोना वायरस के टेस्ट में पॉजिटिव पाए गए हैं, जिसमें लापरवाही और तबाही नजर आई. जोकोविच समेत कई बड़े खिलाड़ियों की तस्वीरें, जिसमें वे टॉपलेस होकर बेलग्रेड में दौरे की सफलता का जश्न मनाते नजर आते हैं, मंगलवार को सोशल मीडिया में वायरल हुए इस वीडियो को देखकर लाखों लोग अपना माथा पीट सकते हैं.

"मैं जानता हूं कि कुछ आलोचनाएं भी हुई हैं, जो खासकर पश्चिमी देशों से आई हैं. हम भीड़ क्यों लगाते हैं? सोशल डिस्टेंसिंग क्यों नहीं अपना रहे हैं? ये क्या चल रहा है और पश्चिमी दुनिया में इतनी महामारी के बीच वे इस तरह के आयोजन क्यों कर रहे हैं?" - ये जोकोविच के शब्द थे जो उन्होंने 18 मई को जारी हुए यूरोस्पोर्ट्स टेनिस लीजेंड्स पॉडकास्ट में कहे थे.

"लेकिन, आपको पता है, ये लोगों को समझाना मुश्किल है कि अमेरिका या ब्रिटेन में जो हालात हैं, वो सर्बिया या आसपास के देशों से वास्तव में कहीं अलग हैं, और जाहिर है एड्रिया टूर के आयोजन के पहले दिन से ही हम उन नियमों और उपायों का पालन कर रहे हैं जो कि स्पष्ट रूप से सरकार और पब्लिक हेल्थ से जुड़ी संस्था ने जारी किए हैं."

जोकोविच काफी भरोसेमंद और आशावान नजर आए लेकिन उन्हें ये तो पता होना चाहिए कि कोरोना वायरस अत्यधिक प्रभावशाली लोगों को भी नहीं छोड़ता. कुछ बड़े स्टार खिलाड़ियों के साथ ये इवेंट आगे बढ़ा. बड़ी हैरानी की बात है कि सोशल डिस्टेंसिंग के कायदों को पूरी तरह से दरकिनार कर दिया गया. गले मिलना, हाई-फाइव करना और हाथ मिलाना इस कदर एड्रिया टूर में रूटीन बन गया जैसे कि दुनिया ने कभी COVID-19 महामारी को देखा न हो.

ये टूर अब रद्द कर दिया गया है लेकिन क्या वास्तव में इससे 'परोपकारी' मकसद पूरा हुआ जैसा कि जोकोविच और उनके भाई इस इवेंट से चाह रहे थे? बच्चों के दिन का क्या? और जब बुंडेलीगा, सेरी ए, प्रीमियर लीग के ज्यादातर फुटबॉलर और आयोजक गेंद को भी पूरी तरह सैनिटाइज करने के साथ सोशल डिस्टेंसिंग को बनाए रखने पर पूरा ध्यान दे रहे हैं, तब जोकोविच को ये लगा कि खचाखच भरी भीड़ में और बिना किसी स्वास्थ्य सुरक्षा उपायों के साथ इवेंट करना बिल्कुल सही था. इसका नतीजा सबके सामने है.

और इससे भी ज्यादा हास्यास्पद ये है कि जोकोविच ने अप्रैल की शुरुआत में COVID-19 वैक्सीनेशन का विरोध किया था. एक वायरस जिसने दुनिया भर में 94 लाख से ज्यादा लोगों को संक्रमित कर दिया है और 4 लाख 80 हजार से ज्यादा लोगों की जान ले ली है. ऐसी स्थिति में सर्बिया के इस नागरिक से थोड़ी संवेदनशीलता और जिम्मेदारी की उम्मीद थी लेकिन उसने वहां 'डबल फॉल्ट' दे दिया.

जोकोविच ने दूसरे सर्बियाई एथलीटों के साथ एक फेसबुक लाइव चैट में कहा, "निजी तौर पर मैं वैक्सीनेशन के खिलाफ हूं और मैं नहीं चाहूंगा कि कोई मुझे यात्रा करने के लिए वैक्सीन लेने पर मजबूर करे."

एड्रिया टूर में लापरवाही का बुरा नतीजा आने के बाद आक्रोश फूट पड़ा. निक किर्गियोस से लेकर एंडी मरे तक, हर किसी का मानना है कि एड्रिया टूर नहीं होना चाहिए था. जोकोविच के ताजा गलत कदम के कारण कुछ लोगों ने उनके एटीपी बोर्ड को सलाह देने वाली एटीपी (एसोसिएशन ऑफ टेनिस प्रोफेशनल्स) प्लेयर काउंसिल के अध्यक्ष पद पर बने रहने पर सवाल उठा दिए हैं.

न केवल जोकोविच बल्कि एड्रिया टूर में शामिल हुए दूसरे टॉप खिलाड़ियों का रवैया भी गैरजिम्मेदाराना रहा है. ग्रिगोर दिमित्रोव ज़दर में टेस्ट करवाने के बजाय मोनाको गए. मंगलवार को उनके मैनेजर ने कहा, "उन्हें अक्सर बीमारियां होती हैं और फिर भी खेलने की कोशिश करते हैं. हमें ऐसी चिंता नहीं थी, हममें से किसी ने भी इसके बारे में नहीं सोचा था. क्या ऐसी बात लाखों लोगों को प्रेरणा देने वाला कोई बड़ा टेनिस खिलाड़ी कर सकता है और जो हो सकता है कि अब कई लोगों को संक्रमित भी कर रहा हो? मोनाको ने पूरे तीन हफ्तों तक एक भी कोरोना वायरस मामला दर्ज नहीं किया था. 21 जून को मोनाको में एक कोरोना वायरस पॉजिटिव था.

वेस्ट लंदन में द बैटल ऑफ द ब्रिट्स एक्सबिशन में एंडी मरे ने जीत के साथ वापसी की, जिसका आयोजन कड़े हेल्थ प्रोटोकॉल के साथ बंद दरवाजों के पीछे हो रहा है. शायद एड्रिया टूर के आयोजकों को ये पता होना चाहिए था कि कोरोना वायरस दुनिया में खेल कैसे खेला जा रहा है. शायद वे कई लोगों की जिंदगी खतरे में डाले बगैर एक पीआर नाकामी और घोर शर्मिंदगी से खुद को बचा सकते थे.

ये सही है कि एड्रिया टूर आपदा की कड़ी आलोचना होनी चाहिए लेकिन अहम बात ये है कि जोकोविच और पूरा खेल जगत इस बात पर ध्यान दे कि कैसे कुछ मिनटों की गलतियों से कोरोना वायरस को रोकने के लिए पिछले तीन महीनों में किए गए प्रयासों पर पानी फिर सकता है. और जोकोविच के मामले में ये मामूली गलती भी नहीं थी, ये एक आपदा थी.

(डिस्क्लेमर: इस आलेख में व्यक्त किए गए विचार लेखक के निजी विचार हैं)

(सुभ्यन चक्रवर्ती WION में सब-एडिटर (स्पोर्ट्स) हैं. वे फुटबॉल और क्रिकेट के दीवाने हैं. जब वे खाली होते हैं तो FIFA खेलना पसंद करते हैं.)