आर्यन भाटिया डोपिंग में पकड़े जाने वाले पहले भारतीय टेनिस खिलाड़ी बने

नाडा ने आर्यन भाटिया के अलावा सात अन्य खिलाड़ियों को भी डोप टेस्ट में फेल होने के कारण पिछले महीने अस्थायी तौर पर निलंबित किया था.  

आर्यन भाटिया डोपिंग में पकड़े जाने वाले पहले भारतीय टेनिस खिलाड़ी बने
सांकेतिक तस्वीर. (फाइल फोटो)

नई दिल्ली: आर्यन भाटिया डोप परीक्षण में नाकाम रहने वाले पहले भारतीय टेनिस खिलाड़ी बन गए हैं. उन्हें अस्थायी तौर पर निलंबित कर दिया गया है. राष्ट्रीय डोपिंग रोधी एजेंसी (नाडा) ने शुक्रवार को यह जानकारी दी. नाडा ने इसके अलावा सात अन्य खिलाड़ियों को भी डोप टेस्ट में फेल होने के कारण पिछले महीने अस्थायी तौर पर निलंबित किया था. 

16 वर्षीय भाटिया के यूरिन का नमूना का पिछले साल अक्टूबर में यहां फेनेस्टा ओपन राष्ट्रीय टेनिस चैंपियनशिप के दौरान लिया गया था. नाडा ने चैंपियनशिप के दौरान पहली बार टेनिस खिलाड़ियों के नमूने एकत्रित किए थे. अखिल भारतीय टेनिस संघ के सचिव हिरणमय चटर्जी ने दावा किया कि यह लापरवाही का मामला है और डॉक्टर ने आर्यन को दवाई दी थी जिसमें प्रतिबंधित पदार्थ थे. 

हिरणमय चटर्जी ने कहा, ‘यह लापरवाही का मामला है. गलती कर दी गई. खिलाड़ी को जुकाम था. उसने डॉक्टर के कहने पर दवा ले ली. उसे पता नहीं था कि इस दवा में प्रतिबंधित पदार्थ होते हैं. उसने पहले ही अपील कर ली है और इस पर जल्द सुनवाई होगी.’ उन्होंने कहा, ‘हम भी नाडा के सामने अपना पक्ष मजबूती से रखेंगे कि उसे माफ करने के लिए कहेंगे क्योंकि वह जूनियर खिलाड़ी है और जागरूकता नहीं होने के कारण गलती हुई है.’ 

नाडा ने पिछले महीने सात अन्य खिलाड़ियों को भी डोप टेस्ट में फेल होने के कारण अस्थायी तौर पर निलंबित किया था. इनमें संदीप कौर (पावरलिफ्टिंग), अंकित गोसाई (हैंडबॉल), जीतू थामस (वॉलीबाल), येपाबा (कैनोइंग), विशन सिंह (कयाकिंग और कैनोइंग) तथा शिवम कसाना (साइकिलिंग) शामिल हैं. मध्यम दूरी की धाविका मोनिका चौधरी पर डोपिंग रोधी अनुशासन पैनल ने चार साल का प्रतिबंध लगाया है. उन्हें ईपीओ के लिये पॉजिटिव पाया गया था. नाडा ने इसके साथ ही कहा कि उसने पिछले महीने 675 डोप परीक्षण किए, जिनमें 57 रक्त के नमूने शामिल हैं. 

(भाषा)