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BCCI सुधार मामले को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई आज; जस्टिस डीके जैन नियुक्त हुए थे लोकपाल

सुप्रीम कोर्ट ने छह वकीलों के सहमत हो जाने के बाद जैन को लोकपाल नियुक्त किया था. 

BCCI सुधार मामले को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई आज; जस्टिस डीके जैन नियुक्त हुए थे लोकपाल

नई दिल्ली: बीसीसीआई सुधार मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट गुरुवार को सुनवाई करेगा. जस्टिस एसए बोबड़े और जस्टिस अभय मनोहर सप्रे की अध्यक्षता वाली पीठ दोपहर दो बजे मामले की सुनवाई करेगी. पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व जज डीके जैन को भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) का पहला लोकपाल नियुक्त किया था और उन्हें बीसीसीआई में उठ रहे प्रशासनिक मुद्दों के कारण यह जिम्मेदारी सौंपी थी.

जस्टिस जैन हार्दिक पांड्या-केएल राहुल का मामला भी देखेंगे. इन दोनों क्रिकेटरों पर महिलाओं के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणी करने के आरोप हैं. बीसीसीआई ने इन दोनों को कुछ दिनों के लिए प्रतिबंधित भी किया था, लेकिन इस मामले में सुनवाई नहीं हो पाने के कारण दोनों को फिर से खेलने की इजाजत दे दी गई थी. 

सुप्रीम कोर्ट ने छह वकीलों के सहमत हो जाने के बाद जैन को लोकपाल नियुक्त किया था. इन छह वकीलों के नाम का सुझाव एमीकस क्यूरी (न्यायमित्र) पीएस नरसिम्हा ने दिए थे. लोढ़ा कमेटी की सिफारिशों के मुताबिक तैयार BCCI के नए संविधान के अनुच्छेद में इसकी व्यवस्था है. इसी के मद्देनजर सुप्रीम कोर्ट ने उनकी नियुक्ति का आदेश दिया था. सुप्रीम कोर्ट प्रशासकों की समिति (सीओए) के तीसरे सदस्य के नाम का ऐलान भी कर सकता है. मामले की सुनवाई कर रही बेंच ने कहा था कि ‘सीओए (COA) के तीसरे सदस्य को लेकर हमारे पास कुछ नाम हैं. उन पर चर्चा कर हम जल्द ही फैसला लेंगे. फिलहाल सीओए में 2 ही सदस्य विनोद राय और डायना एडुलजी हैं. 

सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि हमने कुछ न्यूज रिपोर्ट देखी हैं. ऐसा लगता है कि उन दोनों के बीच कुछ मतभेद हैं, उन्हें कहिए कि वे अपने मतभेद सार्वजनिक स्तर पर मत ले जाएं.सीओए प्रमुख विनोद राय और सदस्य डायना एडुलजी के बीच अक्सर मतभेद की खबरें आती रही थी. खासकर महिला टीम के कोच की नियुक्ति के मामले में डायना एडुलजी ने विनोद राय से मतभिन्नता जाहिर किए थे. इसके अलावा हार्दिक पांड्या और केएल राहुल पर कार्रवाई के मामले में भी एडुलजी ज्यादा सख्त कार्रवाई चाहती थीं.