क्रिकेट में आज: अनिल कुंबले ने कुछ देर में बना दिया था ईडन गार्डन्स का वह मैच यादगार

ईडन गार्डन्स: कोलकाता में 26 साल पहले अनिल कुंबले ने शानदार गेंदबाजी कर टीम इंडिया को ऐतिहासिक जीत दिलाई थी जिसमें उन्होंने 12 रन देकर छह विकेट लिेए थे. 

क्रिकेट में आज: अनिल कुंबले ने कुछ देर में बना दिया था ईडन गार्डन्स का वह मैच यादगार
अनिल कुंबले का वह बेस्ट वनडे प्रदर्शन रहा था. (फाइल फोटो)

नई दिल्ली: हाल ही में टीम इंडिया ने कोलकाता में ऐतिहासिक डे-नाइट टेस्ट में बांग्लादेश पर शानदार जीत दर्ज की. पहली बार पिंक बॉल टेस्ट खेल रही टीम इंडिया ने मैच के तीसरे दिन के पहले सत्र में ही नतीजा दे दिया, जो कि इस प्रारूप सबसे कम समय में आया नतीजा है. इस मैच को यादगार बनाने के लिए बीसीसीआई के अध्यक्ष सौरव गांगुली (Sourav Ganguly) ने कई कार्यक्रम आयोजित किए. इसमें मैच के पहले ब्रेक के दौरान ईडन गार्डन्स के मैदान के बीच टीम इंडिया के पूर्व खिलाड़ी सचिन तेंदुलकर (Sachin Tendulkar) और अनिल कुंबले (Anil Kumble) ने उस मैच की यादें ताजा की जो टीम इंडिया ने 26 साल पहले जीता था.

एक यादगाह मैच बन गया अचानक
27 नवंबर 1993 को हीरो कप के फाइनल मैच में भारत और वेस्टइंडीज के बीच ऐतिहासिक मैच बन के खत्म हुआ. इस मैच को जिस वजह से याद किया जाता है, वह है मैच में अनिल कुंबले का करियर बेस्ट वनडे प्रदर्शन. अनिल कुंबले ने इस मैच में केवल 12 रन देकर छह विकेट लिए और मैच एकतरफा कर टीम इंडिया की जीत की इबारत लिख दी. इस मैच में टीम इंडिया ने वेस्टइंडीज को 102 रन से हराया और मैच को पलटने वाले अनिल कुंबले फाइनल में मैन ऑफ द मैच करार दिए गए. 

यह भी पढ़ें: रोहित के इंटरव्यू लेने पर बोले चहल, 'ऐसे ही करते रहो यंगस्टर'

225 पर रोका टीम इंडिया को विंडीज ने
वेस्टइंडीज ने इस मैच में टॉस जीत कर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया और 50 ओवर में टीम इंडिया को 225 रन के स्कोर पर रोक दिया था. टीम इंडिया के लिए विनोद कांबली ने सबसे ज्यादा 68 रन बनाए थे. उनके अलावा कप्तान मोहम्मद अजहरुद्दीन ने 38, अजय जडेजा ने 30 रन, कपिल देव ने 24 रन का योगदान दिया था वहीं सचिन तेंदुलकर ने नाबाद 28 रन बनाए थे. 226 रन का लक्ष्य वेस्टइंडीज के लिए मुश्किल नहीं था जब उसने केवल एक विकेट खोकर 57 रन बना लिए थे. 

दो विकेट गिरे तो लगी लगाम
57 के स्कोर पर ब्रायन लारा का विकेट तेंदुलकर ने लिया और उसके बाद वेस्टइंडीज टीम की मुश्किलें बढ़ती गईं. लारा के बाद कपिल देव ने रिचर्ड्सन और आर्थटन को आउट कर दिया, लेकिन मैच तक पूरी तरह से टीम इंडिया के हाथ में नहीं आया था. इस समय तक वेस्टइंडीज का स्को 63 रन पर चार विकेट था और हूपर रोलैंड होल्डर ने मिल कर टीम का स्कोर 100 के पार भी करा दिया.

फिर आया कुंबले का कहर
पहले कुंबले ने होल्डर को बोल्ड किया और फिर एक एक कर हूपर सहित बची हुई पूरी की पूरी वेस्टइंडीज टीम कुंबले आगे घटने टेक गई. और 41वें ओवर में पूरी वेस्टइंडीज केवल 123 रन पर आउट हो गई.  कुंबले ने 6.1 ओवर में 12 रन देकर छह विकेट लिए जो उनके करियर बेस्ट वनडे प्रदर्शन बना रहा. इन छह विकेटों में से कुंबले ने चार बोल्ड आउट किए.