एशियाई खेलों में सफलता विश्व कप पोडियम के लिए अहम होगी: हरेंद्र सिंह

हरेंद्र ने इस साल मई में चौथी बार सीनियर पुरुष राष्ट्रीय टीम का कोचिंग पद संभाला.

एशियाई खेलों में सफलता विश्व कप पोडियम के लिए अहम होगी: हरेंद्र सिंह
हरेंद्र ने इस साल मई में चौथी बार सीनियर पुरुष राष्ट्रीय टीम का कोचिंग पद संभाला. (फाइल फोटो)

नई दिल्ली. भारतीय पुरुष हॉकी टीम के कोच हरेंद्र सिंह का ध्यान एशियाई खेलों में लगातार दूसरा स्वर्ण जीतकर सिर्फ 2020 ओलंपिक के लिए क्वालीफिकेशन हासिल करने पर नहीं बल्कि साल के अंत में होने वाले विश्व कप की तैयारियां शुरू करने पर भी लगा है, जहां उनकी निगाहें पोडियम स्थान पर लगी हैं.

हरेंद्र ने जकार्ता रवाना होने से पहले कहा, ‘‘पिछले दो वर्षों में हमने दुनिया को साबित कर दिया कि हम हॉकी मानचित्र पर वापस लौट आए हैं. हम विश्व रैंकिंग में पांचवें स्थान पर हैं लेकिन साल के अंत में हम विश्व में शीर्ष तीन में रहना चाहेंगे. '' उन्होंने कहा, ‘‘एशियाई खेल इस लक्ष्य को हासिल करने की ओर पहला कदम है. हम 2020 तोक्यो ओलंपिक में भी पोडियम स्थान हासिल करना चाहते हैं और एशियाई खेल इस तरह हमारी तैयारियों की दिशा आगे बढ़ाएंगे.''

हरेंद्र ने इस साल मई में चौथी बार सीनियर पुरुष राष्ट्रीय टीम का कोचिंग पद संभाला. उन्होंने कहा, ‘‘2018 हमारे लिए अहम वर्ष है और मैं चाहता हूं कि यह टीम साल के अंत तक एक विरासत खड़ी करे. मैं चाहता हूं कि यह टीम मैदान पर अपने प्रदर्शन के लिए याद की जाए. ''

उनके मार्गदर्शन में भारत ने 2016 में जूनियर विश्व कप जीतकर 15 साल का मिथक तोड़ा था. कोच ने कहा कि भारत खेलों में अपने खिताब का बचाव करने से कम कुछ भी हासिल नहीं करना चाहेगा लेकिन उन्होंने स्वीकार किया कि यह आसान नहीं होगा.

हरेंद्र ने कहा, ‘‘हम स्वर्ण पदक से कम के बारे में नहीं सोच रहे हैं. यह स्वीकार्य नहीं है. लेकिन हमें हर मैच में पिच पर खुद को साबित करना होगा.'' उन्होंने कहा, ‘‘यहां पर स्वर्ण पदक हमें 2020 ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने वाली पहली टीम बना देगा और हमें तैयारी के लिए एक साल और 11 महीने मिल जाएंगे.'' उनके मार्गदर्शन में टीम इस साल के शुरू में नीदरलैंड के ब्रेडा में चैम्पियंस ट्राफी के अंतिम चरण में उप विजेता रही थी.