विश्व युवा मुक्केबाजी चैम्पियनशिप से पहले इस्तांबुल में खेलेंगी भारतीय महिलाएं

भारतीय मुक्केबाजी महासंघ के अध्यक्ष अजय सिंह ने कहा, "हमारे देश में होने वाली मुक्केबाजी की अब तक के सबसे बड़े आयोजन से पहले हम चाहते हैं कि हमारे खिलाड़ियों को अच्छा खासा अनुभव प्राप्त हो. हम उन्हें श्रेष्ठ उपलब्ध सुविधा मुहैया कराएंगे और हमारी यही कोशिश होगी कि हमारे खिलाड़ी अपना श्रेष्ठ प्रदर्शन करें."

विश्व युवा मुक्केबाजी चैम्पियनशिप से पहले इस्तांबुल में खेलेंगी भारतीय महिलाएं
भारत की 10 महिला मुक्केबाज इस्तांबुल पहुंच रही हैं. (फाइल फोटो)

इस्तांबुल: भारत की महिला मुक्केबाजों ने इस साल गुवाहाटी में होने वाली एआईबीए युवा मुक्केबाजी चैम्पियनशिप की तैयारियां जोरों से शुरू कर दी हैं और इसी के तहत भारतीय टीम इस सप्ताह यहां शुरू हो रहे प्रतिष्ठित अहमद कोमेर्ट अंतर्राष्ट्रीय मुक्केबाजी चैमिपयनशिप में हिस्सा लेगी. भारत की 10 महिला मुक्केबाज इस्तांबुल पहुंच रही हैं. उनका लक्ष्य दुनिया की श्रेष्ठ महिला मुक्केबाजों से भिड़ते हुए विश्व चैम्पियनशिप के लिए जरूरी मैच अनुभव हासिल करना होगा.

सोनिया और ज्योति (48 किलोग्राम), दीपा और परवीन (55 किलोग्राम), शशि चोपड़ा (75 किलोग्राम), अकुंशिथा बोरो (60 किलोग्राम), ललिता (64 किलोग्राम), तिलोतिमा चानू (60 किलोगाम), मनीषा (64 किलोग्राम) औ्र निहारिका गोनेला (75 किलोग्राम) सोमवार से यहां शुरू हो रहे एक सप्ताह तक चलने वाले टूर्नामेंट में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी.

अहमद कामेर्ट चैम्पियनशिप तुर्किश बॉक्सिंग फेडरेशन द्वारा आयोजित किया जाने वाला एक इंवीटेशनल टूर्नामेंट है. इसमें मुक्केबाजी की दुनिया के कुछ प्रमुख देश शिरकत करते हैं. भारतीय टीम के इटेलियन कोच बेरगेमेस्को राफाएल ने कहा, "हम बीते तीन महीने से काफी कड़ी मेहनत कर रहे हैं. हमारी मुक्केबाज आने वाली चुनौतियों के लिए पूरी तरह तैयार हैं. हमारा लक्ष्य छह से सात पदक हासिल करना है."

भारतीय खिलाड़ियों के अच्छे प्रदर्शन को लेकर आश्वस्त इटेलियन कोच ने कहा, "हमने कुछ बड़े बदलाव किए हैं और हमारी मुक्केबाज नए टेक्टिस और स्टाइल अपना रही हैं. हर कोई पहले से बेहतर प्रदर्शन कर रहा है. हम हालांकि इस चैम्पियनशिप को अनुभव हासिल करने के माध्यम के तौर पर देख रहे हैं लेकिन हमारी नजर पदकों पर भी है."

कजाकिस्तान में भारतीय टीम के प्रदर्शन के बाद भारतीय मुक्केबाजी संघ ने खिलाड़ियों के प्रदर्शन में सुधार के लिए कई बड़े बदलाव किए हैं. इस बदलाव का लक्ष्य भारतीय महिला खिलाड़ियों को भारत की मेजबानी में होने वाले विश्व युवा मुक्केबाजी चैम्पियनशिप के लिए तैयार करना है.

भारतीय मुक्केबाजी महासंघ के अध्यक्ष अजय सिंह ने कहा, "हमारे देश में होने वाली मुक्केबाजी की अब तक के सबसे बड़े आयोजन से पहले हम चाहते हैं कि हमारे खिलाड़ियों को अच्छा खासा अनुभव प्राप्त हो. हम उन्हें श्रेष्ठ उपलब्ध सुविधा मुहैया कराएंगे और हमारी यही कोशिश होगी कि हमारे खिलाड़ी अपना श्रेष्ठ प्रदर्शन करें."