'पद्मश्री' अवार्ड मिलने के बाद ट्विटर पर पहलवान वीरेंद्र सिंह ने खोया आपा, जानिए वजह
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'पद्मश्री' अवार्ड मिलने के बाद ट्विटर पर पहलवान वीरेंद्र सिंह ने खोया आपा, जानिए वजह

भारतीय पहलवान वीरेंद्र सिंह को बीते मंगलवार के दिन 'पद्मश्री' अवार्ड से सम्मानित किया गया है. अब ट्विटर पर वीरेंद्र सिंह और हरियाणा के मुख्यमंत्री के बीच विवाद शुरू हो गया है. 

 

'पद्मश्री' अवार्ड मिलने के बाद ट्विटर पर पहलवान वीरेंद्र सिंह ने खोया आपा, जानिए वजह

नई दिल्ली: भारतीय पहलवान वीरेंद्र सिंह को मंगलवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के द्वारा 'पद्मश्री' अवार्ड से सम्मानित किया गया. ये देश का चौथा सबसे बड़ा सम्मान है. इस अवार्ड को मिलने के बाद पहलवान वीरेंद्र सिंह और हरियाणा के सीएम मनोहर लाल खट्टर के बीच ट्विटर पर जंग शुरू हो गई है. 

गूंगा पहलवान के नाम से फेमस 

हरियाणा में जन्मे वीरेंद्र सिंह बचपन से ही मूक और बधिर हैं. पहलवान के लिए आवाज ही सबकुछ होती है, लेकिन अपने हौसले और जज्बे से इस खिलाड़ी ने देश और दुनिया में अपना नाम ऊंचा किया है. वीरेंद्र सिंह पहलवानी में कई इंटरनेशनल मेडल जीत चुके हैं. लोग उन्हें प्यार से 'गूंगा पहलवान' बुलाते हैं. 

अवार्ड मिलने के बाद हुआ हंगामा 

जब पहलवान वीरेंद्र सिंह को 'पद्मश्री' दिया गया तो इसकी बधाई देने के लिए हरियाणा के सीएम मनोहर लाल खट्टर ने ट्विटर पर लिखा, 'यह समस्त प्रदेशवासियों के लिए गर्व की बात है कि हरियाणा के बेटे व फ्री-स्टाइल रेसलिंग के पैरा पहलवान श्री वीरेन्द्र सिंह जी को 'पद्मश्री' पुरस्कार से सम्मानित किया गया है. इस अवॉर्ड के लिए उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं.' जिस पर पहलवान वीरेंद्र सिंह ने रिप्लाई करते हुए कठोर अंदाज में लिखा, 'मुख्यमंत्री जी आप मुझे पैरा खिलाड़ी मानते है तो पैरा के समान अधिकार क्यों नहीं देते,पिछले चार वर्ष से दर-दर की ठोंकरे खा रहा हूँ मैं आज भी जूनियर कोच हूँ और न ही समान कैश अवार्ड दिया गया, कल इस बारे में मैंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी से बात की हैं अब फैसला आपको करना है.'

 

मुख्यमंत्री आवास के बाहर बैठे वीरेंद्र

पहलवान वीरेंद्र सिंह पैरा खिलाड़ियों को समान अधिकार दिलाने के लिए मुख्यमंत्री आवास के बाहर बैठ गए. उन्होंने ट्विटर पर लिखा है. माननीय मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल खट्टर जी आपके आवास दिल्ली हरियाणा भवन के फुटपाथ पर बैठा हूँ और यहाँ से जब तक नहीं हटूंगा जब तक आप हम मूक-बधिर खिलाड़ियों को पैरा एथलीट के जैसे अधिकार नहीं देंगे, जब केंद्र हमें समान हक देती है तो आप क्यों नहीं?'

 

 

मिल चुके हैं कई अवार्ड 

पहलवान वीरेंद्र सिंह को पहले भी कई अवार्ड मिल चुके हैं. 2016 में अर्जुन पुरस्कार, 2008 में राजीव गांधी राज्य खेल पुरस्कार, 2016 में डिसेबिलिटी नेशनल अवार्ड भी मिला है. वीरेंद्र सिंह ने भारत को कई गौरव के पल दिए हैं. 

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