उदयपुर के गोगुंदा इलाके में पैंथर का हमला थमने का नाम नहीं ले रहा है.
यहां पर पैंथर करीब 7 लोगों को मार चुका है. इसके चलते लोग दहशत में जी रहे हैं.
पैंथर के लगातार हमले के चलते दो दिन पहले शूटर्स को बुलाये जाने की बात आई थी लेकिन वन्यप्रेमी इसका विरोध कर रहे हैं.
आदमखोर को मारने का विरोध कर रहे वन्यप्रेमियों ने सुप्रीम कार्ट में याचिका दायर की थी, जिसे कोर्ट ने हाईकोर्ट में दायर करने को कहा है.
गोगुंदा में पैंथर के तीसरे शिकार के बाद से लोग उसे मारने की मांग कर रहे हैं. इसके चलते वन विभाग के अस्थायी कंट्रोल रूम पर पथराव किया गया.
वहीं, शुक्रवार को आदमखोर पैंथर ने राठौडो का गुड़ा में मां बेटे पर हमला करने की की कोशिश की. चिल्लाहट सुनकर वह भाग गया.
इसके बाद सरपंच प्रतिनिधि रामलाल ने वन विभाग को सूचना दी लेकिन वन विभाग के जवान मौके पर नहीं पहुंचे.
आक्रोशित ग्रामीणों ने वन विभाग के जवानों पर हमला बोला. वन विभाग के अधिकारी और कर्मचारियों ने स्कूल के कमरों में बंद होकर जान बचाई.
गोगुंदा SDM, DYSP, तहसीलदार, थानाधिकारी मौके पर मौजूद रहे. उप जिला प्रमुख पुष्कर तेली, उप प्रधान लक्ष्मण सिंह झाला मौके पर मौजूद रहे.
पुलिस के जवानों ने ग्रामीणों हथियारों के साथ जंगल में आदमखोर की तलाश शुरू की है.