अबकी बार पाकिस्तान पर 'शुद्ध देसी प्रहार', देसी 'ब्रह्मास्त्र' से युद्ध में परास्त होगा PAK

भारत के सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने DRDO डायरेक्टर्स कॉन्फ्रेंस में कहा कि अगला युद्ध शुद्ध देसी हथियारों से जीता जाएगा. 

अबकी बार पाकिस्तान पर 'शुद्ध देसी प्रहार', देसी 'ब्रह्मास्त्र' से युद्ध में परास्त होगा PAK
राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोवल भी कह चुके हैं कि शुद्ध स्वदेशी स्टेल्थ विमान AMCA को आसमान का सिकंदर बनने में कुछ वक्त बाकी है

नई दिल्ली: भारत के सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत (Bipin Rawat) ने DRDO डायरेक्टर्स कॉन्फ्रेंस में कहा कि अगला युद्ध शुद्ध देसी हथियारों से जीता जाएगा. DRDO के डायरेक्टर्स की कॉन्फ्रेंस में जनरल बिपिन रावत ने बयान दिया है कि DRDO द्वारा विकसित हथियार पाकिस्तान के लिए काफ़ी हैं. 

थल सेना अध्यक्ष के दावे की तस्दीक वायु सेना अध्यक्ष भी करते हैं. वायु सेना अध्यक्ष के मुताबिक स्टेल्थ विमान युद्ध की रूपरेखा बदल देंगे. ये स्टेल्थ विमान जिन्हें AMCA यानी Advanced Medium Combat Aircraft कहते हैं Hindustan Aeronautics Limited और Aeronautical Development Agency मिलकर ये विमान बना रहे हैं.  

एयर चीफ मार्शल आरकेएस भदौरिया ने कुछ दिनों पहले पदभार संभालते ही कहा था कि भविष्य में लड़े जाने वाले किसी भी युद्ध का नतीजा आसमान में तय होगा और आसमान में वही टिकेगा जो तकनीकी रूप से नंबर 1 होगा और भारत उस पायदान पर अपने कदम जमा चुका है. खुद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath singh) ने कहा था कि कायर पाकिस्तान के लिए स्वदेशी हथियार ही काफ़ी हैं. 

राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोवल भी कह चुके हैं कि शुद्ध स्वदेशी स्टेल्थ विमान AMCA को आसमान का सिकंदर बनने में कुछ वक्त बाकी है लेकिन हिन्दुस्तान के 5 स्वदेशी ब्रह्मास्त्र ऐसे हैं जो पाकिस्तान के आतंकी खेल को ख़त्म करने के लिए पर्याप्त हैं. 

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अब आपको हिन्दुस्तान के 5 शुद्ध स्वदेशी ब्रह्मास्त्र के दर्शन कराते हैं. सबसे पहले तेजस का 'तेज' है. तेजस की रफ्तार 2000 Km/h से ज़्यादा है. हवा से हवा, आसमान से ज़मीन और एंटी शिप मिसाइल से लैस है तेजस...50000 फीट की ऊंचाई तक उड़ सकता है. सबसे हल्का लड़ाकू विमान है और 3.5 टन विस्फोटक लेकर उड़ सकता है. अमेरिकन हो या रूसी, हर तरह की मिसाइल दाग़ सकता है. 

नेत्र हवा में उड़ते हुए सैंकड़ों किलोमीटर दूर तक दुश्मनों पर नजर रखनेवाले इस विमान को Airborne Early Warning and Control System यानी अवॉक्स कहते हैं. राडार और इलेक्ट्रॉनिक WARFARE के उपकरणों से लैस ये विमान 300 किलोमीटर दूर से शत्रुओं के विमानों का पता लगा लेता है. अवॉक्स विमान हवा में मौजूद 60 लक्ष्यों पर एकसाथ नजर रख सकता है.

अस्त्र हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल है. बिना सामने आए अस्त्र दुश्मन को निशाना बनाती है. 70 किमी दूर से दुश्मन के विमान को मार गिराने की क्षमता है. किसी भी मौसम में इस्तेमाल की जा सकती है.

आकाश मिसाइल: ध्वनि की रफ़्तार से साढ़े 3 गुना तेज़ी से दुश्मन को तबाह कर सकती है. आकाश मिसाइल में एक स्पेशल रडार सिस्टम लगाया गया है. एक साथ दुश्मनों के 40 टारगेट्स को ट्रैक कर सकती है. सतह से हवा में 30 KM की दूरी पर टारगेट को बर्बाद कर सकती है.

अर्जुन टैंक में 120 MM की राइफल्ड गन लगी है यानी इससे दाग़ा गया गोला अचूक साबित होगा. इस कैलिबर की राइफल्ड गन सिर्फ़ ब्रिटेन के चैलेंजर टैंक में ही लगी है. अर्जुन टैंक अपनी मेन गन से ही मिसाइल दाग़ सकता है.