अफगानिस्तान में भारतीय कॉन्सुलेट में हमला, 3 आतंकियों की मौत

अफगानिस्तान के मजार ए शरीफ शहर में स्थित भारतीय राजनयिक मिशन में घुसने की कोशिश कर रहे आतंकवादियों के साथ पिछले कई घंटों से चल रही लड़ाई में सुरक्षा बलों ने तीन चरमपंथियों को मार गिराया है। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि अफगान राष्ट्रीय पुलिस की विशेष युद्धक इकाइयों ने भारतीय वाणिज्य दूतावास के बाहर से तीन शव बरामद किए हैं। सुरक्षा बल ने उन दो तीन आतंकवादियों पर काबू करने के लिए अभियान शुरू किया है जो भारतीय मिशन से करीब 100 मीटर की दूरी पर स्थित एक पांच मंजिला भवन में मौजूद हैं।

अफगानिस्तान में भारतीय कॉन्सुलेट में हमला, 3 आतंकियों की मौत
फोटो साभार-फेसबुक पेज (भारतीय कॉन्सुलेट)

काबुल: अफगानिस्तान के मजार ए शरीफ शहर में स्थित भारतीय राजनयिक मिशन में घुसने की कोशिश कर रहे आतंकवादियों के साथ पिछले कई घंटों से चल रही लड़ाई में सुरक्षा बलों ने तीन चरमपंथियों को मार गिराया है। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि अफगान राष्ट्रीय पुलिस की विशेष युद्धक इकाइयों ने भारतीय वाणिज्य दूतावास के बाहर से तीन शव बरामद किए हैं। सुरक्षा बल ने उन दो तीन आतंकवादियों पर काबू करने के लिए अभियान शुरू किया है जो भारतीय मिशन से करीब 100 मीटर की दूरी पर स्थित एक पांच मंजिला भवन में मौजूद हैं।

सूत्रों ने कहा कि अफगान सुरक्षा बलों के सैन्य हेलीकॉप्टरों ने भवन के उपर कमांडो उतरे हैं तथा लड़ाई ‘आखिरी दौर की ओर बढ़ रही है।’ अधिकारियों ने कहा कि भारतीय वाणिज्य दूतावास पर कल देर रात करीब 9:15 बजे कम से कम दो आतंकवादियों ने धावा बोलने का प्रयास किया और वहां तैनात आईटीबीपी के जवानों ने भारी गोलीबारी करते हुए उनकी कोशिश को नाकाम कर दिया। उन्होंने कहा कि वाणिज्य दूतावास की दिशा में कम से कम सात रॉकेट ग्रेनेट दागे गए, लेकिन सभी निशाने से चूक गए। अधिकारियों ने कहा, ‘दोनों ओर से भीषण गोलीबारी हुई और आईटीबीपी के गोलीबारी करने के कुछ देर बाद अफगान पुलिस बल ने भी मोर्चा संभाला। रॉकेट से गोला दागना और गोलीबारी अभी जारी है।’

उन्होंने कहा कि पांच मंजिला भवन और गुलाबी रंग वाली वाणिज्य दूतावास की इमारत को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। अफगान सुरक्षा बलों ने इलाके को घेर लिया है। आईटीबीपी के महानिदेशक कृष्ण चौधरी ने दिल्ली में कहा कि सुरक्षा बलों ने मिशन के इलाके को प्रभावी ढंग से ‘सुरक्षित करा’ लिया है और अफगान सुरक्षा अधिकारियों की ओर से आखिरी स्थिति के बारे में जानकारी की प्रतीक्षा कर रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘मैं आपको भरोसा दिला सकता हूं कि हमारे लोगों के हौसले बुलंद है। कल रात हमला शुरू होने के बाद मैंने उनसे बात की और मैं उनसे लगातार संपर्क में हूं।’ इस अभियान से संबंधित अधिकारियों ने कहा कि सुरक्षा बलों और आईटीबीपी के लोगों ने कल रात दो शव को ले जाते देखा और ऐसे में यह अंदेशा है कि कम से कम 5-6 आतंकवादी हो सकते हैं।

उन्होंने कहा, ‘अफगान सुरक्षा बल इमारत की हर मंजिल की तलाशी ले रहे हैं जहां आतंकवादी छिपे हुए थे। फिलहाल वे आखिरी मंजिल पर हैं।’ सूत्रों के अनुसार इमारत की आखिरी मंजिल पर हाल के समय तक अमेरिकी एनजीओ या संगठन का कार्यालय था।

अब तक किसी भी गुट ने हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है। यह हमला पंजाब के पठानकोट में वायुसैनिक अड्डे पर पाकिस्तानी आतंकियों के हमले के एक दिन बाद हुआ। यह हमला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अगानिस्तान दौरे के कुछ दिनों बाद हुआ है। मोदी 25 दिसंबर को संक्षिप्त प्रवास पर काबुल गए थे जहां उन्होंने भारत द्वारा 9 करोड़ डॉलर की लागत से निर्मित अफगान संसद की नयी इमारत का उद्घाटन किया था।