हेलीकॉप्‍टर छोड़िए हुजूर, पाकिस्‍तान के PM इमरान खान 8 भैंसों की नीलामी करने को हुए मजबूर

पाकिस्तान की नई सरकार पीएम हाउस में मौजूद 8 भैंसों की नीलामी करने की प्लानिंग कर रही है.

हेलीकॉप्‍टर छोड़िए हुजूर, पाकिस्‍तान के PM इमरान खान 8 भैंसों की नीलामी करने को हुए मजबूर
अर्थव्यवस्था की नाजुक हालत से बचने के लिए पीएम हाउस की तरफ से कई चीजों की नीलामी की जा रही है. (प्रतीकात्मक फोटो)

पाकिस्तान की नई सरकार पीएम हाउस में मौजूद 8 भैंसों की नीलामी करने की प्लानिंग कर रही है. दरअसल जिन भैंसों को इमरान सरकार नीलाम करने की योजना बना रही है, उन्हें पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के कार्यकाल के दौरान पीएम हाउस में रखा गया था. इसके अलावा पीएम हाउस की तरफ से 80 से अधिक आलीशान कारों और चार हेलीकॉप्टर की भी नीलामी की जाएगी. इस बारे में पीएम के राजनीतिक मामलों के विशेष सहायक नईम उल हक ने ट्विटर पर जानकारी दी.

फिजूल खर्ची से बचाने के लिए अभियान चलाया
पाकिस्तान के प्रधामंत्री आवास की तरफ से ऐसा अर्थव्यवस्था की नाजुक हालत से बचने के लिए किया जा रहा है. इन भैंसों को नवाज शरीफ के शासनकाल में 'खाने की जरूरतों' के लिए रखा गया था. आपको बता दें कि इस समय पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था अपने नाजुक दौर से गुजर रही है. ऐसे में प्रधानमंत्री इमरान खान से फिजूल खर्ची से बचने का अभियान चला रखा है.

17 सितंबर को होगी नीलामी
इमरान की पाकिस्तान पार्टी तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) के नेता ने संभावित खरीदारों से इसके लिए तैयार रहने के लिए कहा है. हेलीकॉप्टर और भैंसों की नीलामी कारों की बिक्री होने के बाद की जाएगी. ये वे हेलीकॉप्टर हैं जिनका कैबिनेट डिवीजन में इस्तेमाल नहीं हो रहा. लग्जरी कारों की नीलामी 17 सितंबर को की जानी है. आपको बता दें तीन बार पाकिस्तान के प्रधानमंत्री रह चुके नवाज शरीफ को भ्रष्टाचार के आरोप में 10 साल के कारावास की सजा सुनाई गई है.

आपको बता दें पाकिस्तान निर्यात में कमी और आयात में उतार चढ़ाव के कारण अर्थव्यवस्था में डॉलर की कमी, स्थानीय मुद्रा पर दबाव और विदेशी मुद्रा भंडार की कमी का शिकार हो रहा है. ज्यादातर वित्तीय विश्लेषकों का कहना है कि पाकिस्तान 1980 के दशक की शुरुआत से 15वें बेलआउट पैकेज के लिए आईएमएफ की ओर रुख करेगा. हालांकि, प्रधानमंत्री इमरान खान ने किसी पर निर्भर रहने के तौर तरीकों की आलोचना की है.

हाल ही में गठित आर्थिक सलाहकार परिषद (ईएसी) द्वारा पाकिस्तान को चालू खाता घाटे से उबारने के लिए उपायों की तैयारी ने इस बात की ओर संकेत किए हैं कि पाकिस्तान आईएमएफ से बेल आउट पैकेज न लेने के लिए दृढ़ है.