पाकिस्तान के 'पाप' का घड़ा भरा! सबसे बड़े मंच पर इमरान ने बोला 'सफेद झूठ'

ना काठ की हांडी बार-बार चढ़ती है, ना बार-बार बोला गया झूठ ही सच हो जाता है, लेकिन पाकिस्तान (Pakistan) है कि मानता नहीं. दुनिया के सबसे बड़े मंच यानी संयुक्त राष्ट्र (UN) को पाकिस्तान ने एक बार फिर अपने दुष्प्रचार का हथियार बना लिया.

पाकिस्तान के 'पाप' का घड़ा भरा! सबसे बड़े मंच पर इमरान ने बोला 'सफेद झूठ'
इमरान खान (फोटो क्रेडिट : IANS)
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नई दिल्ली: ना काठ की हांडी बार-बार चढ़ती है, ना बार-बार बोला गया झूठ ही सच हो जाता है, लेकिन पाकिस्तान (Pakistan) है कि मानता नहीं. दुनिया के सबसे बड़े मंच यानी संयुक्त राष्ट्र (UN) को पाकिस्तान ने एक बार फिर अपने दुष्प्रचार का हथियार बना लिया. तो आइए सबसे पहले पाकिस्तान के झूठ की पोल-खोलते हैं...

पता नहीं, इमरान खान (Imaran Khan) प्रधानमंत्री पाकिस्तान के हैं या भारत में विपक्षी दलों के नेता. मंच संयुक्त राष्ट्र का है, लेकिन इमरान की जुबान पर पाकिस्तान कम, भारत का नाम ही ज्यादा है. इमरान को पाकिस्तान के आतंकिस्तान बन जाने की चिंता नहीं. पाकिस्तान को तो श्री राम से डर है. इमरान के लिए संकट कोरोना नहीं. पाकिस्तान का संकट ये है कि दुनिया कश्मीर पर उसका झूठ समझ चुकी है. लेकिन इमरान हैं कि मानते नहीं. बिना झूठ बोले पाकिस्तान का पेट ही नहीं भरता.

तो सबसे पहले जानिए इमरान का झूठ
'राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ (आरएसएस) गांधी और नेहरू के सेक्युलर मूल्यों को पीछे छोड़ रहे हैं. वे भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने में जुटे हैं. इनका मानना है कि भारत केवल हिंदुओं के लिए है.'

तो ये है इमरान का पहला प्रपंच. जिस पाकिस्तान ने खुद कभी धर्मनिरपेक्षता को नहीं समझा, जिस पाकिस्तान में हिंदुओं, सिखों और ईसाइयों पर आए दिन अत्याचार होते हैं, उस पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान को भारत में धर्मनिरपेक्षता खतरे में दख रही है. सवाल ये भी कि अगर गांधी नेहरू के विचार पाकिस्तान के लिए अच्छे थे तो दो बंटवारे की जरूरत क्या थी?

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ये है इमरान का दूसरा झूठ
इमरान ने कहा, 'कोरोना के नाम पर भारत में मुसलमानों को निशाना बनाया गया'. जबकि सच ये है कि कोरोना संकट के बीच भी पाकिस्तान ने भारत के मुसलमानों को भड़काने कोशिश की. सोशल मीडिया पर पाकिस्तान के दुष्प्रचार वाले ऐजेंडे की वजह से ही ट्विटर ने उसपर एक्शन भी लिया.

पाकिस्तान की 'प्रोपेगेंडा' हरकत
- अगस्त 2019 में ट्विटर ने पाकिस्तान के राष्ट्रपति को नोटिस भेजा
- श्रीनगर पर गलत वीडियो ट्वीट करने पर नोटिस भेजा गया
- अप्रैल 2020 में ट्विटर ने ISI के भारत विरोधी कई फेक अकाउंट बंद किए 
- पाकिस्तान के पूर्व मंत्री रहमान मलिक का अकाउंट सस्पेंड हुआ
- भारत विरोधी गलत ट्वीट पर अगस्त 2019 में अकाउंट सस्पेंड हुआ

इतना होने के बावजूद पाकिस्तान दुनिया भर के सामने फिर भी झूठ का पुलिंदा बांध रहा है.

कश्मीर पर भी झूठ फैला रहा पाकिस्तान
कश्मीर से आर्टिकल 370 खत्म क्या हुआ. घाटी में पाकिस्तान की आतंक वाली नीति की कमर टूट गई, तो पाकिस्तान दुनिया भर के सामने झूठ फैला रहा है. हाथों में पत्थर थामने वाले लोग पाकिस्तान को मासूम दिखते हैं. सेना पर गोली चलानेवाले आतंकी पाकिस्तान के लाडले हैं और आर्टिकल 370 खत्म करके मोदी सरकार ने इसी पर चोट कर दी, तो पाकिस्तान तिलमिला गया है और दुनिया के सबसे बड़े मंच से भी झूठ बोल रहा है.

संयुक्त राष्ट्र के मंच पर इमरान खान करीब 25 मिनट 22 सेकेंड तक बोले लेकिन 9 मिनट और 22 सेकेंड तक उनकी जुबान पर सिर्फ भारत के खिलाफ झूठ था. असम में एनआरसी से लेकर बाबरी मस्जिद तक इमरान खान ने सिर्फ झूठ बोला और इसीलिए भारत ने पाकिस्तान के भाषण का बहिष्कार कर दिया.

भारत ने दिया कड़ा जवाब
यूएनजीए में पाकिस्तान को भारत ने कड़ा जवाब दिया है. UN में भारत के प्रथम सचिव मिजितो विनितो (Mijito Vinito) ने कहा है कि इमरान खान ने अपनी ही बात को झूठा साबित किया है. इमरान खान ने 2019 में माना था कि उनके देश में 30 से 40 हजार आतंकियों के ट्रेनिंग दी गई. भारत ने कहा कि कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है और जिन इलाकों पर पाकिस्तान का कब्जा है, उसे खाली किया जाए. राइट टू रिप्लाई के तहत भारत ने पाकिस्तान को ये जवाब दिया है.

पाकिस्तान के 'पाप'
ये पहला मौका नहीं है जब पाकिस्तान ने झूठ बोला है, तो आइए आपको पाकिस्तान के पाप गिना देते हैं. यूएन में इमरान खान कश्मीर पर झूठ बोल रहे हैं. यूएन में बाबरी मस्जिद का मुद्दा उठा रहे हैं, लेकिन इससे पहले SCO में पाकिस्तान ने भारत का गलत नक्शा पेश किया. गलत नक्शे में भारत के कई हिस्सों पर दावा किया, राम मंदिर को मुस्लिम विरोधी बताया, मुसलमानों को भड़काने की कोशिश की, CAA के खिलाफ हिंसा भड़काई, सोशल मीडिया के जरिए ISI ने दुष्प्रचार किया. लॉकडाउन (Lockdown) तोड़ने के लिए मुस्लिमों को उकसाया. कश्मीरी मुस्लिमों को पैसा देकर पत्थबाजी करवाई.

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