उत्तर कोरिया मिसाइल टेस्ट: कोरियाई प्रायद्वीप के ऊपर मंडराए अमेरिकी बमवर्षक विमान

पैसिफिक एयर फोर्सेज कमांडर जनरल ने कहा, ‘यदि जरूरत पड़ी तो हम त्वरित, घातक अैर भारी बल से अपनी पसंद के समय और स्थान पर जवाब देने के लिए तैयार हैं.’

उत्तर कोरिया मिसाइल टेस्ट: कोरियाई प्रायद्वीप के ऊपर मंडराए अमेरिकी बमवर्षक विमान
यह अभ्यास प्योंगयांग द्वारा 28 जुलाई को किए गए दूसरे आईसीबीएम परीक्षण के बाद किया गया. (PHOTO : Twitter)

वॉशिंगटन: अमेरिका के अधिकारियों ने रविवार (30 जुलाई) को कहा कि उत्तर कोरिया द्वारा हाल ही में किए गए अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल परीक्षण के जवाब में शक्ति प्रदर्शन के लिए अमेरिकी बमवर्षकों ने कोरियाई प्रायद्वीप के ऊपर उड़ान भरी. दक्षिण कोरियाई और जापानी वायु सेनाओं के लड़ाकू विमानों के साथ यूएस बी-1बी बमवर्षकों ने 10 घंटे के द्विपक्षीय मिशन में हिस्सा लेते हुए अभ्यास किया. यह अभ्यास प्योंगयांग द्वारा गत शुक्रवार (28 जुलाई) को किए गए दूसरे आईसीबीएम परीक्षण के बाद किया गया. इस परीक्षण के बाद किम जोंग-उन ने कहा कि यह कदम दिखाता है कि देश अमेरिका में किसी भी लक्ष्य पर हमला करने की क्षमता रखता है.

पैसिफिक एयर फोर्सेज कमांडर जनरल टैरेंस ओ शॉनेसी ने एक बयान में कहा, ‘उत्तर कोरिया अब भी क्षेत्रीय स्थिरता पर सबसे सन्निकट खतरा बना हुआ है.’ उन्होंने कहा, ‘यदि जरूरत पड़ी तो हम त्वरित, घातक अैर भारी बल से अपनी पसंद के समय और स्थान पर जवाब देने के लिए तैयार हैं.’ अपनी प्रतिक्रिया में बीजिंग ने सभी पक्षों से संयम बरतने के लिए कहा है.

उत्तर कोरिया ICBM टेस्ट, दक्षिण कोरिया और अमेरिका ने किया बैलिस्टिक मिसाइल एक्सरसाइज

दक्षिण कोरिया और अमेरिका ने शनिवार (29 जुलाई) को उत्तर कोरिया के खिलाफ एक फायरपॉवर शो के तहत संयुक्त रूप से बैलिस्टिक मिसाइल अभ्यास किया. समाचार एजेंसी योनहप के अनुसार, जॉइंट चीफ ऑफ स्टाफ (जेसीएस) ने कहा कि यह अभ्यास पूर्वी तट पर आयोजित किया गया, जिसमें दक्षिण कोरिया के ह्यूनमू-2 और अमेरिका की आठवीं सेना के एटीएसीएमएस ने हिस्सा लिया. उनके दागे हुए मिसाइल पूर्व सागर में गिरे, जहां कुछ घंटों पहले उत्तर कोरिया द्वारा दागा गया अंतरमहाद्वीपीय मिसाइल (आईसीबीएम) गिरा माना जाता है. 300 किलोमीटर के दायरे वाला ह्यूनमू-2 एक रोड मोबाइल टैक्टिकल बैलिस्टिक मिसाइल है. आर्मी टैक्टिकल मिसाइल सिस्टम समान दूरी वाला मिसाइल है. जेसीएस ने अपने बयान में कहा, "सहयोगियों ने दुश्मन के नेतृत्व पर सटीक हमले के लिए अपनी क्षमताओं की पुष्टि की."

इससे पहले कम्युनिस्ट राष्ट्र द्वारा ह्वासोंग-14 आईसीबीएम परीक्षण करने पर इस महीने की शुरुआत में दोनों देशों (दक्षिण कोरिया, अमेरिका) ने संयुक्त रूप से बैलिस्टिक मिसाइल का अभ्यास किया था. इससे पहले पेंटागन के प्रवक्ता जेफ डेविस ने मीडिया को बताया कि उन्हें पता चला है कि उत्तर कोरिया ने पूर्वी समयानुसार सुबह 10.45 बजे अंतरमहाद्वीपीय बैलिटिक मिसाइल परीक्षण किया. समाचार एजेंसी सिन्हुआ न्यूज के मुताबिक, परीक्षण की सबसे पहले पुष्टि जापान सरकार ने की थी, जिसमें कहा गया था कि मिसाइल ने करीब 45 मिनट उड़ान भरी और फिर जापान के विशेष आर्थिक क्षेत्र में गिर गया. जापान के शीर्ष सरकारी प्रवक्ता योशीहाइट सुगा ने कहा कि परीक्षण से किसी भी जहाज या विमान को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है. उन्होंने मिसाइल परीक्षण को संयुक्त राष्ट्र के प्रस्तावों का उल्लंघन बताया और कहा कि जापान इस कदम का मजबूती से विरोध करता है.