अमेरिका ने पाकिस्तान से साझा किए 20 आतंकी संगठनों के नाम, हक्कानी नेटवर्क सबसे ऊपर

राजनयिक सूत्रों ने डॉन न्यूज को बताया कि लेकिन यह सूची अमेरिकी विदेश मंत्री रेक्स टिलरसन ने पाकिस्तानी प्रशासन को नहीं सौंपी थी जिन्होंने पिछले सप्ताह इस्लामाबाद की यात्रा की थी.

अमेरिका ने पाकिस्तान से साझा किए 20 आतंकी संगठनों के नाम, हक्कानी नेटवर्क सबसे ऊपर

वॉशिंगटन: व्हाइट हाउस ने पाकिस्तान और अफगानिस्तान में सक्रिय 20 आतंकवादी संगठनों की सूची तैयार की है और ऐसा माना जा रहा है कि इस सूची को पाकिस्तान के साथ साझा किया है. मीडिया में गुरुवार (2 नवंबर) को प्रकाशित रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई. राजनयिक सूत्रों ने डॉन न्यूज को बताया कि लेकिन यह सूची अमेरिकी विदेश मंत्री रेक्स टिलरसन ने पाकिस्तानी प्रशासन को नहीं सौंपी थी जिन्होंने पिछले सप्ताह इस्लामाबाद की यात्रा की थी. व्हाइट हाउस की सूची में तीन तरह के आतंकवादी संगठन हैं. पहला वे जो अफगानिस्तान में हमला करते हैं, दूसरे वे जो पाकिस्तान को निशाना बना रहे हैं और तीसरे वे जो कश्मीर को निशाना बनाकर हमले करते हैं.

अमेरिका का दावा है कि इस सूची में हक्कानी नेटवर्क शीर्ष पर है, जो पाकिस्तान के संघीय प्रशासित जनजातीय क्षेत्रों में ठिकाना बनाए हुए है और इन ठिकानों से अफगानिस्तान पर हमले करता है. पाकिस्तान इस तरह के आरोप से इनकार करता रहा है. उसका कहना है कि देश के भीतर आतंकवादियों के इस तरह के कोई सुरक्षित ठिकाने नहीं हैं.

अमेरिका दक्षिण एशिया में लश्कर-ए-तैयबा को सबसे बड़ा और सर्वाधिक सक्रिय आतंकवादी संगठन मानता है. इस सूची में शामिल अन्य आतंकवादी संगठन हरकतुल मुजाहिदीन, जैश-ए-मोहम्मद, जुनदुल्लाह, लश्कर-ए-झांगवी और तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान हैं.

पाकिस्तान आतंकियों को पनाह दे, ये अमेरिका बर्दाश्त नहीं करेगा: निक्की हेली

इससे पहले संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका की दूत निक्की हेली ने कहा था कि वॉशिंगटन ये बर्दाश्त नहीं करेगा कि पाक आतंकवादियों को पनाहगाह मुहैया कराए. साथ ही, उन्होंने आतंकवाद का मुकाबला करने और हिंद -प्रशांत क्षेत्र में शांति एवं स्थिरता कायम रखने के लिए भारत के साथ गठजोड़ किए जाने का भी समर्थन किया है. हेली ने भारतीय अमेरिकी मैत्री परिषद के 20 वें सालाना विधायी सम्मेलन के मुख्य भाषण में न्यूयॉर्क में हुए आतंकी हमले की भी सख्त निंदा की, जिसमें आठ लोग मारे गए हैं. उन्होंने कहा कि अमेरिका ने अफगानिस्तान और दक्षिण एशिया में आतंकवाद का मुकाबला करने के लिए हाल ही में एक नयी रणनीति पर काम शुरू किया है.

हेली ने कहा कि उस रणनीति की एक मुख्य बात भारत के साथ अमेरिका की रणनीतिक साझेदारी का विकास करना है. उन्होंने कहा कि अफगानिस्तान और समूचे दक्षिण एशिया में अमेरिका का हित आतंकवादियों के सुरक्षित पनाहगाह को नष्ट करने में है जिसने अमेरिका के लिए खतरा पैदा किया. साथ ही परमाणु हथियारों को आतंकवादियों के हाथों से दूर भी रखना है.

(इनपुट एजेंसी से भी)