मायानगरी मुंबई सहित महाराष्ट्र के सभी शहरों में कर्फ्यू

भारत में केरल के बाद कोरोना का प्रकोप सबसे ज्यादा मुंबई में देखा जा रहा है. क्योंकि इन दोनों ही राज्यों में विदेश से आने वालों की संख्या सबसे ज्यादा है. महाराष्ट्र में कोरोना के डर को देखते हुए सभी जिलों में कर्फ्यू लगा दिया गया है.   

मायानगरी मुंबई सहित महाराष्ट्र के सभी शहरों में कर्फ्यू

मुंबई: महाराष्ट्र के सभी जिलों में एक साथ कर्फ्यू लागू है. प्रशासन की सख्ती को देखते हुए सड़कों पर गाड़ियों की आवाजाही ना के बराबर दिखाई दे रही है.  यहां इक्का दुक्का लोग ही सड़कों पर दिखाई दे रहे हैं. 

महाराष्ट्र से सभी शहरों में कर्फ्यू
 महाराष्ट्र में कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों की संख्या 71 से बढ़कर 89 होने के बाद मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने सभी शहरों में कर्फ़्यू लगाने का ऐलान कर दिया है. कर्फ्यू को देखते हुए दूसरे राज्यों से जुड़ी सभी सीमाओं को सील कर दी गई है. इस दौरान इमरजेंसी सेवाओं में लगी गाड़ियों को छोड़कर किसी को भी आवाजाही की इजाजत नहीं है.

कर्फ्यू का सख्ती से पालन
प्रदेश की सीमा पर सुरक्षाकर्मियों का कड़ा पहरा है. हालात के साथ सख्ती से निपटने की पूरी तैयारी दिखाई दे रही है. पुलिस बार-बार लोगों से अपने घरों में ही रहने की अपील कर रही है. महाराष्ट्र में कर्फ्यू का सख्ती से पालन किया जा रहा है.  ज्यादातर जिलों में चुनिंदा सेवाएं ही जारी रखी गई हैं.

इन सेवाओं पर असर नहीं
महाराष्ट्र में उद्धव सरकार की तरफ से जारी निर्देश के मुताबिक बैंकिंग, डाक, एटीम और इंटरनेट सेवाओं पर किसी तरह का प्रतिबंध नहीं लगाया गया है. साथ ही साथ हर इलाके में राशन, सब्जी और दूध दुकानें भी खुली रहेंगी. ताकि लोगों को किसी तरह की परेशानी ना हो.

पुलिस ने अपनाया सख्त रवैया
महाराष्ट्र में आज कर्फ्यू के दौरान लोगों के जमा होने पर पुलिस कार्रवाई की जा सकती है.  महाराष्ट्र पुलिस ने कहा है कि नियम नहीं मानने वालों पर जुर्माना किया जा सकता है...साथ ही साथ उन्हें गिरफ्तार भी किया जा सकता है.  सरकार का दावा है कि कोरोना वायरस फिलहाल कम्युनिटी में नहीं फैला है. इसलिए इसे रोकने के लिए सख्ती जरुरी है.

लोगों के रवैये से मुख्यमंत्री उद्धव नाराज
मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने लॉकडाउन के दौरान लोगों के रवैये से नाराजगी जताते हुए कहा कि वे मजबूरी की वजह से पूरे राज्य में कर्फ्यू का ऐलान कर रहे हैं.  उन्होंने कहा कि लोग लॉकडाउन का पालन नहीं कर रहे थे इसलिए सरकार को कर्फ्यू की घोषणा करने के लिए मजबूर होना पड़ा.  सीएम ने कर्फ्यू के दौरान नियम तोड़ने वालों से सख्ती से निपटने के निर्देश दिए हैं.

उद्धव ठाकरे ने बीएमसी से लेकर अलग-अलग शहरों के प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठक की. उन्होंने कहा कि जरुरत पड़ने पर अस्पताल निर्माण और दूसरे कामों के लिए सेना की मदद भी ली जा सकती है. 

 महाराष्ट्र में कोरोना के कहर का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि सिर्फ मुंबई में अब तक 35 लोग इस वायरस से संक्रमित हो चुके हैं.