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प्रवर्तन निदेशालय ने किया पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम को गिरफ्तार

वरिष्ठ कांग्रेसी नेता और पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम को करारा झटका लगा है. प्रवर्तन निदेशालय ने दो घंटे की पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया है.   

प्रवर्तन निदेशालय ने किया पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम को गिरफ्तार
पूर्व वित्त मंत्री और गृह मंत्री पी. चिदंरम को प्रवर्तन निदेशालय ने गिरफ्तार कर लिया

नई दिल्ली: आईएनएक्स मीडिया काला धन शोधन के मामले में प्रवर्तन निदेशालय ने पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरो को गिरफ्तार कर लिया है. गिरफ्तारी से पहले उनसे प्रवर्तन निदेशालय के अधिकारियों ने तिहाड़ जेल में दो घंटे तक पूछताछ की. 

हालांकि पी. चिदंबरम को ईडी अधिकारी तत्काल अपनी हिरासत में नहीं ले पाए. क्योंकि उनके पास इसके लिए अदालती आदेश नहीं थे. जिसकी वजह से चिदंबरम का तिहाड़ जेल से निकाला जाना संभव नहीं था. पूर्व वित्त और गृहमंत्री से पूछताछ करने के लिए प्रवर्तन निदेशालय के तीन अधिकारियों की टीम तिहाड़ जेल गई थी. 

दिल्ली की एक अदालत ने पिछले मंगलवार को ही आईएनएक्स मीडिया काला धन शोधन के मामले में प्रवर्तन निदेशालय को उन्हें गिरफ्तार करने का आदेश दिया था और कहा था कि अगर जरुरी हो तो उन्हें गिरफ्तार भी किया जा सकता है. इसके लिए ईडी ने विशेष सीबीआई न्यायाधीश अजय कुमार कुहर के सामने गुहार लगाई थी. जिसके बाद उन्होंने ईडी के आवेदन पर सुनवाई करते हुए यह आदेश जारी किया था.

चिदंबरम की गिरफ्तारी के मामले में अदालत का निर्देश था कि "आरोपी की गिरफ्तारी के आवेदन को मौजूदा मामले में जांच के आवेदन के रूप में माना जा रहा है और उसके अनुसार अनुमति दी जा रही है."

हालांकि पी. चिदंबरम ने इस आदेश के खिलाफ गुहार लगाई थी. लेकिन वह खारिज हो गया था. चिदंबरम ने अपनी याचिका में कहा कि पेशी वारंट उनकी गिरफ्तारी के उद्देश्य के लिए पेशी की मांग करते हुए शुक्रवार को जारी किया गया.

लेकिन चिदंबरम की अर्जी को खारिज करते हुए अदालत ने कहा था, "अदालत द्वारा जारी किए गए पेशी वारंट को रद्द करने या वापस लेने की आवेदन में की गई प्रार्थना को दो कारणों से अनुमति नहीं दी जा सकती, 
पहला तो यह कि अदालत द्वारा जारी पेशी वारंट मामले में अदालत के अधिकार क्षेत्र में है, जिसमें वह हिरासत में हैं. 
दूसरा यह है कि अपराध प्रक्रिया संहिता के तहत आपराधिक क्षेत्राधिकार वाले न्यायालयों द्वारा पारित किसी भी आदेश को वापस लेने की शक्ति नहीं है.

पी. चिदंबरम के खिलाफ आईएनएक्स मीडिया काला धन शोधन मामले के साथ साथ अगुस्ता वेस्टलैण्ड हेलीकॉप्टर घोटाले के आरोपों में भी जांच चल रही है.