close

खास खबरें सिर्फ आपके लिए...हम खासतौर से आपके लिए कुछ चुनिंदा खबरें लाए हैं. इन्हें सीधे अपने मेलबाक्स में प्राप्त करें.

राज्यसभा सांसद सुभाष चंद्रा ने दी विजयादशमी की बधाई, कहा- 'धर्म नित्य ही अधर्म पर विजय प्राप्त करता रहे'

'विजयादशमी' दो शब्दों से मिलकर बना है. विजय और दशमी... दरअसल इस दिन भगवान राम ने रावण का वध किया था, यानी बुराई पर अच्छाई को विजय प्राप्त हुई थी. और लंका में कुल 9 दिनों से युद्ध चल रहा था, दशवें दिन उन्होंने रावण का संहार कर दिया. इसीलिए हिन्‍दू कैलेंडर के अनुसार, आश्विन मास की शुक्ल पक्ष की दशमी को विजयदशमी का पर्व मनाया जाता है.

राज्यसभा सांसद सुभाष चंद्रा ने दी विजयादशमी की बधाई, कहा- 'धर्म नित्य ही अधर्म पर विजय प्राप्त करता रहे'
राज्‍यसभा सांसद सुभाष चंद्रा (फाइल फोटो)

नई दिल्ली: विजयदशमी को लेकर पूरे देश में खुशी और उल्लास का माहौल है. हर कोई इस पर्व को धूमधाम से मना रहा है. इस बीच राज्यसभा सांसद सुभाष चंद्रा ने ट्विटर के माध्यम से देशवासियों के इस पर्व की बधाई दी है. विजयादशमी के मौके पर धर्म की अधर्म पर जीत हुई थी. इसी बुराई को अच्छाई ने पराजित किया था. और बुराई पर अच्छाई की जीत के लिए ही दशहरा मनाया जाता है.

हर साल पूरा देश रावण जलाकर इस पर्व को बड़े धूम धाम से मनाता है. भगवान राम ने लंका में रावण का वध किया था, जिसके बाद इसे दशहरा के रूप में मनाया जाने लगा. 8 अक्टूबर को पूरे देश में दशहरा मनाया जा रहा है. इस मौके पर ऐस्सल ग्रुप के चेयरमैन और राज्‍यसभा सांसद सुभाष चंद्रा ने दशहरा की बधाई दी.

सुभाष चंद्रा ने ट्वीट कर लिखा, 'विजयादशमी का ये पर्व हमें स्मरण कराता है कि हम अपने अहंकार रुपी रावण का मर्यादा रुपी श्रीराम से संहार कर सकते हैं. धर्म नित्य ही अधर्म पर विजय प्राप्त करता रहे यही प्रार्थना है. विजयादशमी की आप सभी को हार्दिक बधाई.'

आपको बता दें, हिंदू धर्म में विजयादशमी का अपना अलग ही महत्व है. मान्यता के अनुसार यह त्योहार बुराई पर अच्छाई के विजय का प्रतीक है. दरअसल विजयादशमी दो शब्दों से मिलकर बना है. रावण की लंका में भगवान श्रीराम की सेना और रावण की सेना के बीच 9 दिनों का लगातार युद्ध चला. माता सीता को रावण के कैद से मुक्त कराने के लिए भगवान राम में 10वें दिन अहंकारी रावण का वध कर दिया. और इसी के चलते विजय+दशमी = विजयादशमी मनाया जाने लगा.