मोदी सरकार देने वाली है आठ लाख सरकारी बैंक कर्मचारियों को बड़ा तोहफा

मोदी सरकार सरकारी कर्मचारियों के लिहाज से जल्द ही एक अच्छी खबर सुना सकती है. ऐसी खबर जिसका इंतजार लगभग सभी सरकारी कर्मचारियों को होता ही है. दरअसल, सरकार तकरीबन आठ लाख बैंक कर्मचारियों के लिए आने वाले वित्तीय वर्ष में सैलरी के साथ-साथ परफॉर्मेंस लिंक्ड इंसेटिव देने की योजना बना रही है.

Written by - Zee Hindustan Web Team | Last Updated : Nov 22, 2019, 03:12 PM IST
    • सरकारी बैंकों में भी लागू हो सकता है Variable Pay
    • कमिटी ने जांच-परख कर भेजी थी रिपोर्ट
    • प्रत्येक पांचवें साल वेतन में होती है बढ़ोत्तरी
    • वेतन में शामिल नहीं होगा PLI

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मोदी सरकार देने वाली है आठ लाख सरकारी बैंक कर्मचारियों को बड़ा तोहफा

नई दिल्ली: सरकार का आठ लाख बैंक कर्मचारियों को परफॉर्मेंस लिंक्ड इंसेटिव(PLI) देने का फैसला अगले वित्तीय वर्ष से लागू किया जा सकता है. फिलहाल इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. दरअसल, सरकार चाहती है कि बैंकों में काम करने का बेहतर माहौल विकसित हो. इसके लिए जरूरी  है कि समय-समय पर कर्मचारियों को भत्ते और वेतन में बढ़ोत्तरी मिलती रहे. इसके अलावा बैंक कर्मचारियों की ऊर्जा को बनाए रखने के लिहाज से उनके कार्य के हिसाब से स्टाइपेंड के तौर पर कुछ अतिरिक्त राशि दी जाए. सरकार के पास इसके लिए बैंक प्रबंधन की ओर से प्रस्ताव गया था. की परफॉर्मेंस से लिंक कर के उनके वेतन में कुछ अतिरिक्त प्रोत्साहन राशि भी दी जाए. 

सरकारी बैंकों में भी लागू हो सकता है Variable Pay

सरकारी बैंकों में भले यह प्रयास पहली बार लागू करने के लिए कहा जा रहा हो लेकिन निजी बैंकों में यह पहले से ही काम कर रहा है. बैंकों की भाषा में इसे Variable Pay कहा जाता है. सरल शब्दों में समझें तो इसका मतलब है कि काम के हिसाब से वेतन राशि में बढ़ोत्तरी कर कर्मचारी को देना जिससे की काम का एक बेहतर माहौल बन सके. इससे उत्पादकता भी बढ़ती है और कार्यक्षेत्र का माहौल भी. 

कमिटी ने जांच-परख कर भेजी थी रिपोर्ट

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक Indian Banks Association की वेतन कमिटी ने इस बात की जांच-परख कर पीएलआई (PLI) का प्रस्ताव रखा था. इस कमिटी के प्रमुख यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के प्रबंधन निर्देशक राजकरण राय हैं. हालांकि, सैद्धांतिक तौर पर इसे स्वीकार कर लिया गया है लेकिन अभी भी सरकार की तरफ से इसे आधिकारिक मंजूरी नहीं मिली. इसका मतलब है कि विचार करने के बाद सरकार कभी भी इसको हरी झंडी दिखा सकती है. बैंकों के वार्षिक परिणामों के साथ ही इसका भी निर्धारण और जोड़-घटाव किया जाता है. 

प्रत्येक पांचवें साल वेतन में होती है बढ़ोत्तरी

मालूम हो कि सरकारी बैंकों के कर्मचारियों के वेतन में बढ़ेत्तरी पर सरकार की मंजूरी के साथ दोनों तरफ से बातचीत प्रत्येक पांच साल में होता है. फिलहाल वेतन में बढ़ोत्तरी को लेकर यह चल रहा 11वां समझौता है. अगर यह लागू हुआ तो इसे पीछे की तारीख में जा कर 1 नवंबर 2017 से मंजूरी दी जाएगी. 

वेतन में शामिल नहीं होगा PLI

ऑल इंडिया बैंकर्स कॉन्फेडेरेशन के जनरल सचिव सौम्य दत्त ने कहा कि परफॉर्मेंस लिंक्ड का मुद्दे पर कुछ बदलाव किए जाने की योजना बनाई जा रही है. आईबीए की ओर से यह स्पष्ट संकेत दे दिया गया है कि पीएलआई वेतन में शामिल नहीं होगा. इसके अलावा भी सरकारी बैंक कर्मचारियों के लिए बैंक यूनियन ने वेतन में 15 फीसदी की बढ़ोत्तरी की मांग की थी. हालांकि, आईबीए ने फिलहाल 12 फीसदी ही वृद्धि की पेशकश की है. 

 

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