• भारत में कोरोना के अब तक 918 मामले सामने आए, अब तक 19 लोगों की मौत हो चुकी है, 79 लोगों का सफल इलाज हुआ
  • कोरोना के सबसे ज्यादा मामले केरल और महाराष्ट्र में सामने आ रहे हैं, केरल में 167 और महाराष्ट्र में 186 लोग कोरोना प्रभावित
  • पूरी दुनिया में कोरोना वायरस के 6,61,367 मामले सामने आ चुके हैं
  • कोरोना वायरस के कारण विश्व में अब तक 30,671 लोगों की मौत हो चुकी है, जबिक 1,41,464 लोग बचाए जा चुके हैं
  • कर्नाटक में कोरोना से प्रभावित लोगों की संख्या 76 पहुंच गई है. पिछले 22 घंटे में 12 नए मामले सामने आए हैं
  • उत्तर प्रदेश में अब तक कोरोना के कुल 61 मामले, शनिवार को 11 मामले सामने आए जिसमें सबसे ज्यादा 9 मामले नोएडा में दिखे
  • महाराष्ट्र में कोराना वायरस के 9 नए मामले, मुंबई में 8 और नागपुर में 1 नया मरीज, कुल मामले 167 हुए
  • कोरोना वायरस से अबतक महाराष्ट्र में 5, गुजरात में 3, कर्नाटक में 2, मध्य प्रदेश में 2 लोगों की मौत हो चुकी है
  • तमिलनाडु, बिहार, पंजाब, दिल्ली, पश्चिम बंगाल, कश्मीर और हिमाचल में एक-एक मौतें हो चुकी हैं.

आपके जीवन के लिए आपके सामने 21 सेकंड तक हाथ जोड़े रहे पीएम मोदी

हमारे हिंदुस्तान पर कोरोना वायरस बहुत बड़ा खतरा है. ये बात हम सभी भारतीयों को समझनी होगी. हमें बचाने के लिए हमारे प्रधानमंत्री को  हमसे 21सेकंड तक हाथ जोड़ने पड़े. उन्हें ऐसा इसलिये करना पड़ा क्योंकि  कई अनभिज्ञ लोग कोरोना वायरस जैसी महामारी के घातक परिणाम को हल्के में ले रहे हैं.

आपके जीवन के लिए आपके सामने 21 सेकंड तक हाथ जोड़े रहे पीएम मोदी

नई दिल्ली: कोरोना का कहर रोकने के लिए दुनिया का सबसे बड़ा लॉकडाउन भारत में शुरू हो चुका है. राष्ट्र के नाम संबोधन में पीएम मोदी ने 21 सेकंड तक हाथ जोड़कर देशवासियों को ये समझाने की कोशिश की, कि  हमारा घरों से निकलना न सिर्फ हमारे परिवार के लिए वीभत्स होगा बल्कि पूरे भारत इससे तबाह हो सकता है.

आपको बता दें कि लॉक डाउन मंगलवार रात 12 बजे से शुरू होकर अगले 21 दिन तक चलेगा यानी 14 अप्रैल तक.  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 5 दिन में दूसरी बार कोरोनावायरस के मुद्दे पर देश के नाम संबोधन में इसकी घोषणा की. प्रधानमंत्री की इस घोषणा का मतलब है कि अगले 21 दिनों तक न कोई ट्रेन चलेगी, न हवाई जहाज उड़ेंगे और न ही बसें चलेंगी.

21 सेकंड तक हाथ जोड़े रहे देश के प्रधान

पूरी दुनिया पर करो वायरस के रूप में ऐतिहासिक संकट आया है. की देश इसके प्रकोप से तबाह हो गए हैं और भारत में कई जड़ बुद्धि इसकी वीभत्सता को नहीं समझ रहे हैं. प्रधानमंत्री मोदी ने ऐसे लोगों से भावुक होकर निवेदन किया है कि कोई भी अगर घर से बाहर निकलता है तो वो पूरे भारत को खतरे में डालता है.

पीएम मोदी ने लगातार 21 सेकंड तक हाथ जोड़कर आग्रह किया कि 21 दिनों तक चलने वाले लॉक डाउन को कर्फ्यू समझ कर घरों से बाहर न निकलें. हमारे 21 दिन भारत के महान भविष्य को बर्बाद होने से बचा सकते हैं. पीएम मोदी ने कहा कि अगर हमने इस लॉक डाउन को गंभीरता से नहीं लिया टी भारत 21 साल पीछे चला जायेगा.

प्रबुद्ध वर्ग भी कर रहा नासमझी

भारत में कनिका कपूर जैसे पढ़े लिखे शिक्षित व्यक्ति भी कोरोना वायरस के घातक परिणामों को अनदेखा कर रहे हैं इसीलिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को हाथ जोड़कर घरों से न निकलने का निवेदन करना पड़ा.

21 दिन नहीं संभले तो देश 21 साल पीछे चले जाएगा : पीएम

पीएम मोदी ने भावुक होकर कहा कि अगर हम नही समझे तो लाखों परिवार तबाह हो जाएंगे. मोदी ने कहा कि निश्चित तौर पर लॉकडाउन की आर्थिक कीमत देश को उठानी पड़ेगी लेकिन, एक-एक भारतीय के जीवन, आपके परिवार को बचाना इस समय मेरी सबसे बड़ी प्राथमिकता है इसलिए मेरी आपसे हाथ जोड़कर प्रार्थना है कि आप इस समय देश में जहां भी हैं, वहीं रहें.

उन्होंने कहा कि आने वाले 21 दिन हर नागरिक, हर परिवार के लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं. कोरोनावायरस का संक्रमण चक्र तोड़ने के लिए 21 दिन का समय बहुत अहम है. अगर 21 दिन नहीं संभले तो देश और आपका परिवार 21 साल पीछे चला जाएगा.

 

पीएम मोदी ने समझाया कोरोना का मतलब

पीएम मोदी ने रोचक तरीके से कोरोना का मतलब समझाते हुए कहा कि मुझे सोशल मीडिया पर एक  बैनर पर लिखा कथन पसंद आया, वो मैं आपको भी दिखा रहा हूं.  कोरोना यानी को- कोई, रो- रोड पर, ना- ना निकले.

गौरतलब है कि इतने भीषण संक्रमण के बाद भी कई लोग बेवजह घरों से बाहर निकल कर कोरोना का खतरा बढ़ा रहे हैं. अगर हम इसके परिणाम नहीं समझेंगे तो सिवाय पछताने के और कोई रास्ता नहीं होगा. हम संकल्प लें कि देश के प्रधानमंत्री की बातों को पालन करेंगे और हिंदुस्तान को बचाने में अहम भूमिका निभाएंगे.