• देश में कोविड-19 से सक्रिय मरीजों की संख्या 86,422 पहुंची, जबकि संक्रमण के कुल मामले 1,73,763: स्त्रोत-PIB
  • कोरोना से ठीक होने वाले लोगों की संख्या- 82,370 जबकि अबतक 4,971 मरीजों की मौत: स्त्रोत-PIB
  • रेलवे ने अपील की है कि रोगग्रस्त व्यक्ति, गर्भवती महिलाएं, दस वर्ष से छोटे बच्चे, 65 वर्ष से अधिक आयु के लोग रेल यात्रा से बचें
  • 31 मई, 2020 की सुबह 8:00 बजे से रेलगाड़ियों के अग्रिम आरक्षण की अवधि को 30 दिन से बढ़ा कर 120 दिन किया जाएगा
  • कोविड -19 से लड़ने और घरेलू उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए चिकित्सा उपकरणों और इनपुट पर सीमा शुल्क से छूट
  • लॉकडाउन के बीच 3530 रेकों के जरिए 98+ LMT खाद्यान्न की ढ़ुलाई हुई: FCI
  • 584 लाइफलाइन उड़ानों ने ने 5,40,985 किलोमीटर की दूरी तय कर 935 टन मेडिकल और आवश्यक कार्गो का परिवहन किया
  • PMJAY से संबंधित प्रश्नों के उत्तर पाने हेतु आयुष्मान भारत व्हाट्सएप नंबर 9868914555 पर मास्टर आयुष्मान से पूछें
  • आईआईटी मद्रास ने कोविड-19 के लक्षणों का शीघ्र पता लगाने के लिए कलाई ट्रैकर का विकास किया
  • सूरत स्मार्ट सिटी कोविड-19 के प्रबंधन और कंटेनमेंट के लिए प्रमुख आईटी पहल की

कश्मीरी पंडितों पर जुल्म की दास्तां सामने आई, हाईकोर्ट ने फिल्म 'शिकारा' पर रोक से किया इनकार

कश्मीरी पंडितों पर हुए बेइंतहा अत्याचार को दर्शाने वाली फिल्म शिकारा रिलीज हो गई है. जम्मू कश्मीर में इस फिल्म पर रोक लगाने के लिए याचिका दाखिल की गई थी. लेकिन अदालत ने इस याचिका को खारिज कर दिया.   

कश्मीरी पंडितों पर जुल्म की दास्तां सामने आई, हाईकोर्ट ने फिल्म 'शिकारा' पर रोक से किया इनकार

नई दिल्ली: अब पूरे देश के लोग कश्मीरी पंडितों के उपर हुए जुल्म से रुबरु होंगे. इस विषय पर बनी बॉलीवुड फिल्म 'शिकारा' (Shikara) रिलीज हो गई है. 

कश्मीरी मुसलमानों ने फिल्म रुकवाने की कोशिश की थी
जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट ने इस फिल्म को रुकवाने के लिए दायर की गई याचिका खारिज कर दी है. ये याचिका राजनीतिक विश्लेषक इफ्तिखार मिगार, कश्मीरी पत्रकार माजिद हैदरी और एक स्थानीय वकील इरफान हफीज लोन द्वारा दायर की गई थी. याचिका में आरोप लगाया गया था कि इस फिल्म में कश्मीर और कश्मीरी पंडितों के बारे में गलत तथ्य दर्शाए गए हैं. फिल्म में कश्मीरी मुसलमानों को पलायन के लिए जिम्मेदार ठहराया गया है, जो कि सही नहीं. फिल्म के जरिये नफरत फैलाने की कोशिश की जा रही है जो इस वक्त के हालातों को देखकर जम्मू-कश्मीर में स्थिति को और बिगड़ सकती है. लेकिन अदालत ने इस तर्क को स्वीकार नहीं किया. 

हाईकोर्ट के आदेश से डायरेक्टर विधु विनोद चोपड़ा हुए खुश 
फिल्म 'शिकारा: द अनटोल्ड स्टोरी ऑफ कश्मीरी पंडित' 1990 की शुरुआत में कश्मीर घाटी से कश्मीरी पंडितों के पलायन की पृष्ठभूमि पर आधारित है. इस फिल्म पर हाईकोर्ट फैसले को लेकर फिल्म के निर्माता-निर्देशक विधु विनोद चोपड़ा(Vidhu Vinod Chopra) ने खुशी जाहिर की है. उन्होंने कहा कि मैं कोर्ट को शुक्रिया अदा करना चाहता हूं कि उन्होंने इस याचिका को खारिज कर दिया.मैं उम्मीद करता हूं कि 'तोड़ो नहीं जोड़ो' मैसेज पूरी दुनिया में इस फिल्म के जरिए पहुंचेगा. 
 
चोपड़ा ने अपनी मां को समर्पित की है फिल्म
फिल्म का शिकारा का डायरेक्शन विधु विनोद चोपड़ा ने किया है, उन्होंने ये फिल्म अपनी मां को डेडीकेट की है और इसी बात को ध्यान में रखते हुए उन्होंने कश्मीरी पंडितों के दर्द को एक लवस्टोरी में पिरोया है. कश्मीरी पंडितों के साथ हुए अन्यायपूर्ण घटना को निर्देशक ने दो किरदारों के साथ बुना है, जो दिल को छूती जाती है. फिल्म शुक्रवार को रिलीज हो चुकी है.

ये है फिल्म का विषय
फिल्म 'शिकारा' के जरिए विधु विनोद चोपड़ा ने दर्शकों को कश्मीरी पंडितों पर हुए अत्याचार की कहानी को एक प्यारी-सी लवस्टोरी के जरिए बताने की कोशिश की है. 'शिकारा' 1990 में कश्मीरी पंडितों पर हुए जुल्म को दिखाती है कि आखिर कैसे रातों-रात उन्हें घर से निकलने के लिए मजबूर कर दिया जाता है. फिल्म में दो नए कलाकार आदिल खान और सादिया खान नजर आ रहे हैं.

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