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प्याज देखकर रोना आया! जानिए... कब कम होगी कीमत?

मध्य प्रदेश में प्याज की अच्छी पैदावार होती है लेकिन बारिश के चलते फसल खराब हो गई और इसकी सप्लाई भी बुरी तरह से प्रभावित हुई. इसका असर ये हुआ कि प्याज की कीमतें आसमान पर पहुंच गईं.

प्याज देखकर रोना आया! जानिए... कब कम होगी कीमत?

नई दिल्ली: यू तो प्याज को काटते वक्त हर किसी के आंखों से दरिया बहने का सिलसिला शुरू हो जाता है, लेकिन वक्त का पहिया कुछ इस कदर कहर बरपा रहा है कि अब प्याज को देखकर ही लोगों को रोना आ जा रहा है. प्याज की कीमतें इस रफ्तार से आगे बढ़ रही हैं, कि ग्राहक दाम सुनकर ही बिना प्याज वाली सब्जी खाने का मूड बना ले रहा है.

दरअसल, बाढ़ और बारिश के बाद प्याज के भाव आसमान छूने लगे हैं. जिससे लोग हैरान और परेशान हैं. हफ्ते भर पहले 100 रुपए का नोट ले जाकर लोग बाजार में 5 किलो प्याज खरीद लेते थे, अब उतने में सवा-डेढ़ किलो ही प्याज ही नसीब हो पा रहा है. ऐसे में ये सवाल उठता है कि आखिर इन बढ़ी कीमतों से लोगों को कब छुटकारा मिलेगा.

और भी बढ़ सकती है कीमत!

मध्य प्रदेश में प्याज की अच्छी पैदावार होती है लेकिन बारिश के चलते फसल खराब हो गई और इसकी सप्लाई भी बुरी तरह से प्रभावित हुई. इसका असर ये हुआ कि प्याज की कीमतें आसमान पर पहुंच गईं. दुकानदार ये आशंका जाहिर कर रहे हैं कि महाराष्ट्र से नया प्याज आने तक कीमतें और भी बढ़ सकती हैं. ऐसे में फिलहाल इन बढ़ी कीमतों का कम होना काफी मुश्किल है.

भोपाल का हाल बेहाल!

जो प्याज 15 दिन पहले भोपाल में 20 से 25 रुपए प्रति किलो बिका करता था, उसकी कीमत बढ़कर 80 रुपए पहुंच गई है. ऐसे में लोगों का परेशान होना लाज़मी है

चंद दिनों के अंदर 50 रुपए से ज्यादा के इस इजाफे से खरीददार हैरान-परेशान हैं.

ग्वालियर में खरीदारी में संकोच

मध्य प्रदेश के ग्वालियर की सब्जी मंडी का हाल ऐसा है कि एक कतार में दुकानदार प्याज लेकर बैठे हुए हैं. लेकिन, इक्का-दुक्का ही ग्राहक आ रहे हैं. जो ग्राहक आ भी रहे हैं, वो किलो, दो किलो की जगह पाव भर प्याज तौलवाने पर मजबूर हैं. प्याज के भाव में तीन गुना से भी ज्यादा के उछाल ने तो किचन का बजट ही गड़बड़ा दिया है और प्याज की खरीद में कटौती करना ही ग्राहकों के पास विकल्प बचा है.

करीब महीने भर पहले प्याज 15 से 20 रुपए किलो बिका करती थी, आज यहां 60 रुपए किलो के भाव पर प्याज बिक रही है.

प्याज की इस बढ़ी कीमत ने भोजन का स्वाद बिगाड़ दिया है.

कहते हैं कि सब्जी में जब तक प्याज का तड़का न लगे, उसमें स्वाद नहीं आता है. लेकिन ये स्वाद अब महंगा हो गया है. जिस तरीके से लगातार बारिश हुई है, उससे प्याज की आवक कम हो गई है. और यही कारण है कि प्याज अब ग्वालियर की मंडियों में 60 रुपए किलो तक बिक रही है.

रायपुर में कीमतों में बेतहाशा इजाफा

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में भी कुछ दिनों के प्याज की कीमतों में बेतहाशा इजाफा हुआ है. महज हफ्ते भर पहले 25 से 30 रुपए के भाव पर बिकने वाली प्याज अब 50 रुपए बिक रही है.

प्याज की बढ़ती कीमतों का सीधा कनेक्शन सरकार ने बाढ़ और बारिश से जोड़ दिया. केंद्रीय खाद्य आपूर्ति मंत्री रामविलास पासवान ने कहा कि बाढ़-बारिश ने प्याज की सप्लाई का रास्ता रोक दिया है इसलिए प्याज महंगी हो गई.

मंत्री रामविलास पासवान ने सितंबर से नवंबर तक 3 महीने के पीरियड को सब्जियों के दाम के लिहाज से खतरनाक करार दिया है. हालांकि वो इसी बात से बड़े संतुष्ट दिख रहे हैं कि आलू और टमाटर के भाव नहीं बढ़े हैं.

इस बीच, केंद्र ने राज्य सरकारों को सस्ती दर पर प्याज देने का ऑफर भी किया है. केंद्र के पास 50 हजार टन प्याज का स्टॉक है जो वो कम दर पर राज्यों को देने को तैयार है.

प्याज की कीमतों ने ऐसे वक्त में आसमान छुआ है जब महाराष्ट्र और हरियाणा में अगले महीने विधानसभा चुनाव हैं. इसीलिए सरकार को ये चिंता खाए जा रही है कि कहीं प्याज के बढ़े दाम से लोग गुस्सा न हो जाएं.