• देश में कोविड-19 से सक्रिय मरीजों की संख्या 1,10,960 पहुंची, जबकि संक्रमण के कुल मामले 2,26,770: स्त्रोत-PIB
  • कोरोना से ठीक होने वाले लोगों की संख्या- 1,09,462 जबकि अबतक 6,348 मरीजों की मौत: स्त्रोत-PIB
  • अंतर्राष्ट्रीय टीकाकरण गठबंधन के लिए भारत ने 15 मिलियन डॉलर देने का वचन दिया
  • केंद्र ने 4 जून, 2020 को राज्यों / संघ राज्य क्षेत्रों को जीएसटी मुआवजे के तौर पर 36,400 करोड़ रुपया जारी किया
  • कोविड-19 की रोकथाम हेतु MoHFW ने निवारक उपायों पर एसओपी जारी किया
  • ट्यूलिप– सभी यूएलबीऔर स्मार्ट शहरों में नए स्नातकों को अवसर प्रदान करने के लिए शहरी अध्ययन प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरूआत
  • स्वास्थ्य मंत्री ने दिल्ली को आक्रामक निगरानी, ​​संपर्क का पता लगाने और कड़े नियंत्रण कार्यों के साथ जांच बढ़ाने की आवश्यकता जोर
  • आइए कोविड-19 के खिलाफ भारत की लड़ाई को मजबूत करें और सरकार द्वारा जारी किए गए सभी दिशानिर्देशों का पालन करें
  • मनरेगा के तहत मजदूरी और सामग्री दोनों के ही लंबित बकाये को समाप्त करने के लिए राज्यों को 28,729 करोड़ रुपये जारी किए गए
  • पीएमजीकेपी के तहत (02.06.2020 तक): चालू वित्तीय वर्ष में 48.13 करोड़ मानव कार्य-दिवस के रोजगार का सृजन

हल्दी से होगा कोरोना का खात्मा! जानिए, कैसे?

कोरोना वायरस से इस वक्त पूरी दुनिया जूझ रही है, लेकिन इंतजार हर किसी को एक ही बात का है.. आखिर कब कोरोना के विनाशकारी दवा तैयार होगी? लेकिन आपको हम इस रिपोर्ट में ये बताते हैं कि घर में कोरोना का इलाज कैसे है? क्योंकि हल्दी से हारेगा कोरोना!

हल्दी से होगा कोरोना का खात्मा! जानिए, कैसे?

नई दिल्ली: कोरोना वायरस नाम की तलवार पूरी दुनिया के सिर पर लटकी हुई है. अबतक इस खूंखार वायरस का खात्मा करने वाली वैक्सीन डेवलप नहीं हो पाई है, ना ही इसकी कोई दवा ईजाद हो पाई है. यही वजह है कि पूरी दुनिया इस कोरोना से सहमी हुई है, लोग घबराए हुए और खौफजदा हैं. लेकिन हम आपको इस कोरोना का विनाश करने वाले भारतीय फॉर्मूले के बारे में समझा रहे हैं. इस वायरस के विनाश में हल्दी की क्या भूमिका है आपको समझाते हैं..

हल्दी से हारेगा कोरोना!

मार्च महीने में कोरोना वायरस ने जब यूरोपीय और पश्चिम एशिया के देशों में कहर बरपाना शुरू हुआ तो अचानक हिन्दुस्तान के पारंपरिक खान-पान में सदियों से शामिल हल्दी की मांग अचानक उन देशों में अचानक बढ़ गई. दरअसल, मेडिकल साइंस को जब हल्दी के गुण पता चले तो ये सच सामने आने लगा कि हल्दी के सेवन से कोरोना बीमारी से बचा जा सकता है और अगर इंफेक्शन हो भी गया है, तो इलाज में हल्दी से काफी हद तक मदद मिल सकती है.

हमारे प्रचीन मनीषियों ने अपनी साधना, तप और त्याग के बल पर अंतरदृष्टि हासिल कर ली थी. इसलिए उन्होंने खान-पान की ऐसी आदतें हमारे अंदर डाली जो सेहतमंद रहने का सर्वोतम नुस्खा है.

कोरोना महामारी से कैसे बचे?

कोरोना काल में जिस हल्दी की गुणवत्ता आज पूरी दुनिया को शिद्दत से समझ में आ रही है. हमारे ऋषि मुनियों ने उसे शुभ बताकर हमारी संस्कृति का हिस्सा बना दिया था. आज वही हल्दी कोरोना वायरस के सामने कवच बनकर खड़ी है.

दरअसल हल्दी सुपर एंटी ऑक्सीडेंट होने के साथ ही एंटी बायोटिक और एंटी वायरस भी है. हल्दी हमारी रसोई में ऐसे घुली मिली हुई है कि सब्जी हो या दाल बिना हल्दी के खाना बनना अशुभ माना जाता है. अब हम आपको बताते हैं कि हल्दी कितनी गुणकारी है.

आपके घर में है कोरोना का इलाज

भारतीय गोल्डन केसर नाम से जानी जाने वाली हल्दी पौष्टिक तत्वों और एंटीऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर होती है. हल्दी मेडिकल एजेंट और इम्यून सिस्टम बूस्टर के तौर पर काम करती है. हल्दी में मौजूद करक्युमिन नामक कमपाउंड बॉडी से फ्री रेडिकल्स कणों को बाहर निकालकर कई बीमारियों से बचाव करता है. इस हल्दी को दूध में उबाल कर पीने से इसकी औषधीय गुणवत्ता और बढ़ जाती है. हल्दी को गर्म पानी में डालकर गरारे किए जाएं तो गले का इंफेक्शन खत्म हो जाता है.

ज़ी मीडिया से बात करते हुए डॉक्टर सुनील डागर ने इस बात की जानकारी दी है कि "ये सवाल है ट्रांस्क्रिप्शन मानसी देगी हल्दी दूध के लगातार सेवन से भी इस वायरस के प्रकोप से बचा जा सकता है क्या?"

डॉक्टर और विशेषज्ञ हल्दी के सेवन का जो तरीका बताते हैं उस तरीके को अमल करने से कई रोगों से बचा जा सकता है. आप कच्ची हल्दी को एक कप दूध और एक कप पानी में उबालना शुरू करे और जब दूध उबलकर एक कप ही रह जाए तो इसे गर्म-गर्म पी लें. ऐसा करने से आप कोरोना समेत दुनिया के कई रोगों से बचे रहेंगे और रात में हल्दी दूध पीने से आपको नींद भी अच्छी आएगी.

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आज दुनिया भर के मेडिकल साइंटिस्ट्स यही कह रहे हैं कि कोरोना से बचने के लिए और इम्यून सिस्टम बढ़ाने की जरुरत है, इसीलिए कई अहम बातों का ध्यान रखना आवश्यक है. जैसे-जैसे वक्त बीतता जाएगा और कोरोना को लेकर रिसर्च होते जाएंगे इसका इलाज भी आसान होता चला जाएगा. कोई जरूरी नहीं कि वैक्सीन से ही कोरोना प्रूफ होने की गारंटी होगी. इलाज के दौरान दुनिया भर के डॉक्टर्स के जो अनुभव हैं वो काफी उपयोगी साबित हो सकते हैं.

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