राष्ट्रवाद: हाथ में झंडा लिए किसानों ने किया राष्ट्रहित पर प्रहार | राष्टपर्व पर राष्ट्रद्रोह

आज राष्ट्र और राष्ट्रवाद के लिए बेहद खास दिन है, आज हिन्दुस्तान का राष्ट्र पर्व 'गणतंत्र दिवस' है. आज ही के दिन हर हिन्दुस्तानी गर्व से हिन्दुस्तान की शान में कसीदे पढ़ता है क्यूंकि बाबा साहेब आम्बेडकर के बनाए हुए संविधान आज ही के दिन लागू हुआ था. किसान के चोले में आए दंगाइयों ने आज पूरी दिल्ली में जमकर कोहराम मचाया, विदेशी साजिश का हिस्सा बने दंगाईयों ने लोकतंत्र की धज्जियां उड़ाई. पहले जबरन दिल्ली की सीमा में दाखिल हुए फिर दिल्ली पुलिस का बैरिकेड तोड़ा और पुलिसवालों पर ट्रैक्टर चढ़ाया.

आज राष्ट्र और राष्ट्रवाद के लिए बेहद खास दिन है, आज हिन्दुस्तान का राष्ट्र पर्व 'गणतंत्र दिवस' है. आज ही के दिन हर हिन्दुस्तानी गर्व से हिन्दुस्तान की शान में कसीदे पढ़ता है क्यूंकि बाबा साहेब आम्बेडकर के बनाए हुए संविधान आज ही के दिन लागू हुआ था. किसान के चोले में आए दंगाइयों ने आज पूरी दिल्ली में जमकर कोहराम मचाया, विदेशी साजिश का हिस्सा बने दंगाईयों ने लोकतंत्र की धज्जियां उड़ाई. पहले जबरन दिल्ली की सीमा में दाखिल हुए फिर दिल्ली पुलिस का बैरिकेड तोड़ा और पुलिसवालों पर ट्रैक्टर चढ़ाया. दंगाई लाल किले का अंदर तक पहुंच गए और लाल किले पर जो तांडव इन दंगाइयों ने किया, उससे पूरा देश गुस्से में है. इन गुंडो ने न केवल तिरंगे का अपमान किया बल्कि दुनिया के सामने गणतंत्र को शर्मसार करने वाली हरकत की.

ट्रेंडिंग विडोज़