पहला कमर्शियल एंटी वायरस बनाने वाले जॉन मैकफी ने जेल में किया सुसाइड, टेक दिग्गज पर ये था आरोप

उनके वकील ने बताया कि पिछले करीब 9 महीने से जेल में रहने की वजह से मैकफी काफी हताश हो गए थे, जिसके चलते उन्होंने ये कदम उठाया होगा.   

Written by - Zee Hindustan Web Team | Last Updated : Jun 24, 2021, 10:28 AM IST
  • अमेरिका के जाने माने बिजनेसमैन थे मैकफी
  • पिछले साल 3 अक्टूबर को हुए थे अरेस्ट

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पहला कमर्शियल एंटी वायरस बनाने वाले जॉन मैकफी ने जेल में किया सुसाइड, टेक दिग्गज पर ये था आरोप

नई दिल्लीः अमेरिका के जाने माने बिजनेसमैन रहे जॉन मैकेफी (John McAfee) का बुधवार की रात स्पेन की जेल में निधन हो गया. मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो बार्सिलोना (Barcelona) के एक जेल में जॉन की सुसाइड की वजह से मौत हो गई. उनके वकील जेवियर विलाब्ला ने उनकी मौत की पुष्टि की है और बताया है कि पिछले करीब 9 महीने से जेल में रहने की वजह से मैकफी काफी हताश हो गए थे, जिसके चलते उन्होंने ये कदम उठाया होगा. हालांकि, इस मामले की जांच की जा रही है.

टैक्स चोरी का था आरोप
ब्रिटेन में जन्में जॉन मैकेफी को हाल ही में स्पेनिश हाई कोर्ट ने टैक्स चोरी के आरोप में अमेरिका प्रत्यर्पित करने का आदेश दिया था. 75 वर्षीय जॉन ने दुनिया का पहला कमर्शियल एंटी-वायरस सॉफ्टवेयर 'मैकेफी' बनाया था. उन्होंने पिछले महीने एक कोर्ट सुनवाई के दौरान कहा था कि अगर उन्हें अमेरिका में दोषी ठहराया जाता है, तो पूरी जिंदगी जेल में बितानी पड़ेगी.

की थी ये अपील
इस महीने की शुरुआत में हुई एक सुनवाई में मैकफी ने कोर्ट से कहा था कि उनके खिलाफ आरोप राजनीति से प्रेरित हैं. यदि उन्हें अमेरिका प्रत्यर्पित किया जाता है तो उन्हें अपना बचा हुआ जीवन जेल में ही बिताना होगा. उन्होंने कहा था कि “मैं उम्मीद करता हूं कि स्पेनिश कोर्ट ये अन्याय देखेगा. अमेरिका मुझे एक उदाहरण की तरह इस्तेमाल करना चाहता है.” 

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3 अक्टूबर को किए गए थे अरेस्ट
पिछले साल 3 अक्टूबर को जॉन बार्सिलोना एयरपोर्ट पर हिरासत में लिए गए थे. वो ब्रिटिश पासपोर्ट से इस्तांबुल जा रहे थे. जॉन मैकेफी ने NASA, Xerox और लॉकहीड मार्टिन जैसी कंपनियों के लिए काम किया था. 1987 में उन्होंने दुनिया का पहला कमर्शियल एंटी-वायरस बनाया.जॉन ने 2011 में अपनी सॉफ्टवेयर कंपनी इंटेल को बेच दी थी और अब वो उस बिजनेस में शामिल नहीं थे. हालांकि, सॉफ्टवेयर प्रोग्राम अब भी उन्हीं के नाम से चलता है और दुनियाभर में करीब 50 करोड़ यूजर इसे इस्तेमाल करते हैं.जॉन मैकेफी ने 2019 में कहा था कि 'वैचारिक वजहों' से उन्होंने आठ साल से अमेरिकी इनकम टैक्स नहीं दिया है.

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