...तो क्या अब इस महामारी से 'बर्बाद' हो जाएगा अमेरिका?

पूरे विश्व में संकट और बढ़ सकता है. शायद इसीलिए अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने अपनी जनता को ये भी बताया कि इस दौरान उन्हें सावधानी क्या बरतनी है. कैसे किसी भी समूह का हिस्सा नहीं बनना है. लेकिन ट्रंप की इस अपील में भी अमेरिका में बर्बादी की घंटी सुनाई दी.

Written by - Zee Hindustan Web Team | Last Updated : Mar 17, 2020, 10:29 PM IST
    1. अमेरिका में कोरोना वायरस से कितनी बड़ी तबाही?
    2. क्या एक वायरस के आगे घुटने टेक रहा है सुपरपावर?
    3. क्या कोरोना से सचमुच बर्बाद हो जाएगा अमेरिका?
...तो क्या अब इस महामारी से 'बर्बाद' हो जाएगा अमेरिका?

नई दिल्ली: कोरोना के खतरे से हर कोई खौफ के साए में जीने को मजबूर हो गया है. हर तरफ इस महामारी से कोहराम मच गया है. तो अमेरिका में कोरोना वायरस से कितनी बड़ी तबाही होने वाली है? क्या एक वायरस के आगे घुटने टेक रहा है सुपरपावर? ये सवाल हम क्यों उठा रहे हैं, आपको समझाने के लिए अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप की बड़ी अपील की हैं.

"10 से अधिक लोग जमा ना हों"

"अमेरिका में कोरोना वायरस का ख़तरा काफी बढ़ चुका है. लोग घरों पर ही रहें बाज़ार ना निकलें कहीं पर भी 10 से अधिक लोग इकट्ठे ना हों." ये कहना अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का है. उन्होंने कहा है कि "मेरी सरकार ने निर्देश दिया है कि सभी अमेरिकी लोग अपने घर से काम करें, भीड़ से बचें, कहीं भी 10 से ज्यादा लोग जमा न हों, गैर जरूरी यात्रा करने और बाहर खाना खाने से परहेज करें."

ट्रंप से जब ये सवाल पूछा गया कि आख़िर इस वायरस से अमेरिका को राहत कब तक मिल पाएगी. तो उन्होंने माना किअगले कुछ दिन अमेरिका के लिए काफी अहम हैं. क्योंकि यूरोप के बाद अमेरिका में भी अब कोरोना वायरस तेज़ी से पैर पसार रहा है. इसलिए अमेरिका में कोरोना वायरस का असर जुलाई या अगस्त तक रह सकता है और कुछ एक्सपर्ट्स ये भी बता रहे हैं कि ये हालात इससे आगे भी जा सकते हैं.

सबसे पावरफुल लीडर के बयान से क्या इशारा?

दुनिया के सबसे पावरफुल लीडर का ये बयान इस ओर इशारा करता है कि अमेरिका में हालात काफी बिगड़ चुके हैं, शायद यही वजह है कि इस संक्रमण को रोकने के लिए अमेरिकी प्रतिनिधि सभा ने दो दिन पहले कोरोना वायरस राहत पैकेज बिल पास किया. इसके जरिये सभी लोगों को कोरोना वायरस का फ्री टेस्ट किया जाएगा और मरीजों को छुट्टी दी जाएगी.

इसके अलावा अमेरिका में इस महामारी से आर्थिक नुकसान को सीमित करने के लिए सभी स्कूल और दफ्तर बंद किये गए, खेल के कार्यक्रमों को भी रद्द किया गया.

अमेरिका और चीन के बीच छिड़ गई जंग

अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप को इस बात की चिंता है कि अमेरिकी अर्थव्यव्स्था पर कोरोना वायरस का खराब असर देखने को मिल सकता है. ये वायरस अमेरिका में आर्थिक संकट लेकर आ सकता है. शायद यही वजह है कि ट्रंप ने चीन के ख़िलाफ आज अपना गुस्सा ट्वीटर पर जाहिर किया.

पलटवार चीन ने भी किया अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने कोरोना वायरस को चीनी वायरस कहा ट्रंप अब तक दो बार कोरोना वायरस को चीनी वायरस कह चुके हैं. ट्रंप के बयान के बाद चीन ने अमेरिका से कड़े शब्दों में मांग की गलती सुधारे अमेरिका चीन के ख़िलाफ़ बगैर तथ्यों के आरोप बर्दाश्त नहीं.

इसे भी पढ़ें: पूजा-पाठ पर कोरोना का 'आपातकाल'! कई प्रमुख मंदिर बंद

आपको बता दें, देश में कोरोना मरीज़ों की संख्या बढ़कर 137 हो गई है. सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार महाराष्ट्र के सभी सरकारी दफ्तर 1 हफ्ते बंद रहेंगे. कोरोना से मुंबई में एक मौत के ये बाद महाराष्ट्र कैबिनेट का फैसला है. देश में कोरोना से तीसरी मौत आज मुंबई में हुई, साथ ही महाराष्ट्र में कोरोना के अब तक 39 मरीज़ों की पुष्टि हुई है. महाराष्ट्र के सभी मंदिरों को भी बंद रखने का आदेश जारी हुआ है.

इसे भी पढ़ें: कोरोना के कहर के बीच मौत को जीने का अंदाज सिखा रहा देश

इसे भी पढ़ें: पूजा-पाठ पर कोरोना का 'आपातकाल'! कई प्रमुख मंदिर बंद

ज़्यादा कहानियां

ट्रेंडिंग न्यूज़