• देश में कोविड-19 से सक्रिय मरीजों की संख्या 89,987 पहुंची, जबकि संक्रमण के कुल मामले 1,65,799: स्त्रोत-PIB
  • कोरोना से ठीक होने वाले लोगों की संख्या- 71,106 जबकि अबतक 4,706 मरीजों की मौत: स्त्रोत-PIB
  • वित्त मंत्री ने वित्तीय स्थिरता और विकास परिषद की अध्यक्षता की और घरेलू स्थिति की समीक्षा की
  • वित्त मंत्री ने ‘आधार’ पर आधारित ई-केवाईसी के जरिए ‘तत्काल पैन आवंटन’ की सुविधा का शुभारंभ किया
  • वाणिज्य मंत्री एक्सपोर्टर्स से अधिक प्रतिस्पर्धी होने और दुनिया को गुणवत्तापूर्ण उत्पाद प्रदान करने का आह्वान किया
  • उपभोक्ता कार्य मंत्री एफसीआई के खाद्यान्न वितरण और खरीद की समीक्षा की
  • कैबिनेट सचिव ने कोविड से सबसे अधिक प्रभावित 13 शहरों की स्थिति की समीक्षा की
  • भारत जुलाई के अंत तक, प्रति दिन 5 लाख स्वदेशी किट का उत्पादन करेगा: अधिकार प्राप्त समूह-1
  • केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री ने नई दिल्ली में वेबिनार के माध्यम से 45,000 उच्च शिक्षण संस्थाओं के प्रमुखों से बातचीत की
  • रेलवे ने 3,736 श्रमिक स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया, 50+ लाख प्रवासी श्रमिकों को घर पहुंचाया गया

मंदिर क्या गईं, कट्टरपंथियों से ट्रोल हो गईं यूएई की राजकुमारी

राजकुमारी ने बुधवार को चेन्नई के गोल्डन टेंपल के दर्शन और पूजा करने का एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया. इसके बाद मुस्लिम कट्टरपंथियों ने 'काफिर' कहने लगे. इस राजकुमारी ने उन्हें करारा जवाब दिया है.

मंदिर क्या गईं, कट्टरपंथियों से ट्रोल हो गईं यूएई की राजकुमारी

नई दिल्लीः अक्सर सहिष्णुता और पंथ निरपेक्षता को लेकर दबा केवल एकतरफा है, ऐसी बहस उठती है. मुस्लिम कट्टरपंथ के कई उदाहरण भी सामने आते रहते हैं, जिसे लेकर कभी बात नहीं की जाती है. यूएई की राजकुमारी जिस तरह इस वक्त मुस्लिम कट्टरपंथियों के निशाने पर आ गई हैं, यह उसी एकतरफा मानसिकता का सबसे बड़ा उदाहरण है.

हुआ यह कि राजकुमारी ने सोशल मीडिया पर मंदिर जाने का एक पुराना वीडियो शेयर किया था. कट्टरपंथियों ने उन्हें काफिर कहकर ट्रोल किया.

यह है पूरा मामला
संयुक्त अरब अमीरात की राजकुमारी हिंद अल कासिमी पिछले दिनों सुर्खियों में थीं. भारत में मुलसमानों के साथ होने वाले कथित उत्पीड़न के खिलाफ आवाज उठाने के लिए वह जब तब चर्चा में रहती हैं. लेकिन आज वह इसलिए चर्चा में हैं कि क्योंकि वह खुद उन्हीं कट्टर विचार वालों का शिकार बन गई हैं, जिनकी वह हितैषी थीं.

राजकुमारी ने बुधवार को चेन्नई के गोल्डन टेंपल के दर्शन और पूजा करने का एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया. इसके बाद मुस्लिम कट्टरपंथियों ने 'काफिर' कहने लगे. इस राजकुमारी ने उन्हें करारा जवाब दिया है.

भारतीय परंपरा के बारे में लिखा
राजकुमारी हिंद अल कासिमी ने बताया कि मैंने मुस्लिम होने के बावजूद पूजा की और मुझे वहां एक अद्भुत ऊर्जा का अहसास हुआ. मैंने भारत में पुदुचेरी के पहाड़ों को देखा. मैं खेतों में गई. मैंने साड़ी और बिंदी खरीदी. मैंने गोल्डन टेंपल की यात्रा की. केले के पत्ते पर खाना खाया. राजकुमारी ने बताया कि पूरा मंदिर सोने से बना था.

मैं मुस्लिम हूं लेकिन लोगों के साथ प्रार्थना साझा करने के लिए गई थी. मंदिर में मैंने लक्ष्मी, शिव, हनुमान के दर्शन किए. उन पर जल अर्पित किया. लोगों को अविश्वसनीय भारत देखना चाहिए.  

इस बात पर शुरू हो गया विवाद
राजकुमारी के वीडियो पर विवाद शुरू हो गया है. मुस्लिम कट्टरपंथियों ने मंदिर में पूजा करने को 'हराम' बताते हुए उन्हें ट्रोल करना शुरू कर दिया है. इसका कड़ा जवाब देते हुए राजकुमारी ने कहा, 'यह हराम तब होता जब मैंने अपने खुदा के अलावा किसी और ईश्वर की इबादत की होती.

मैं अपने खुदा की इबादत करती हूं और वे अपने. मैं मंदिर की वास्तुकला से बेहद प्रभावित हुई और सोने के मंदिर के ढांचे ने मन मोह लिया. मैंने नए दोस्तों से मुलाकात की और उनके साथ खाना खाया. उनसे संस्कृति और धर्म पर बात की. इसमें गलत क्या है?'

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...लेकिन कुछ दिन पहले राजकुमारी ने गाय पर की थी टिप्पणी
यूएई की राजकुमारी ने भी कुछ दिन पहले भारतीय परंपरा पर टिप्पणी की थी. हिंद  अल कासिमी ने अपने ट्व‍िटर हैंडल पर लिखा था कि भारत में लोग इंसान से ज्‍यादा गाय के साथ अच्‍छा व्‍यवहार करते हैं. संयुक्त अरब अमीरात की राजकुमारी के इस बेतुके और तर्कहीन बयान की लोगों ने खूब आलोचना की और सोशल मीडिया पर लोगों ने उन्हें भारत की महान सनातन संस्कृति और गाय का महत्व समझाया तो मजबूरी में राजकुमारी को अपनी बात से पीछे हटना पड़ा.

आलोचना के बाद भारतीय संस्कृति को बताया महान
जब तक चारों तरफ से राजकुमारी कासिमी की आलोचना होने लगी तो वे अपनी बात से पलट गयीं. इसके बाद प्रिंसेस हिंद  अल कासिमी ने भारतीय सनातन संस्कृति के सामने नतमस्तक होते हुए ट्वीट कर कहा कि मैंने कभी गाय के पूजा की आलोचना नहीं की. मैंने एक तथ्‍य सामने रखने की कोशि‍श की. भारत में गाय देवता की तरह पूजी जाती है.

तो क्या स्वर्ण मंदिर की वीडियो भी उसकी भरपाई है?
एक बार गलत टिप्पणी के बाद राजकुमारी निशाने पर आते हुए आलोचना का शिकार हो चुकी हैं. इसकी भरपाई के लिए वह पहले भारतीय संस्कृति के सामने नतमस्तक होने को लेकर ट्वीट कर चुकी हैं. अब दूसरी बार उन्होंने स्वर्ण मंदिर को लेकर ट्वीट किया है, जिसमें वह खुद मुस्लिम कट्टरपंथियों के निशाने पर हैं. हालांकि उन्होंने इसका करारा जवाब दिया है, लेकिन कहीं ऐसा तो नहीं राजकुमारी अपनी पिछली गलती की भरपाई के लिए ऐसा कर रही हैं.

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