Hamas on Israel: हमास ने अस्थायी युद्ध विराम के अमेरिकी प्रस्ताव को स्वाकारने के लिए इजरायल की आलोचना की. फिलिस्तीनी ग्रुप के मुताबिक यहूदी राष्ट्र का यह कदम गाजा युद्ध विराम समझौते के दूसरे चरण के लिए वार्ता को टालने की कोशिश है. इस बीच इजरायल को अल्टीमेटम दिया है.
Trending Photos
)
Hamas on Israel: गाजा में मानवीय सहायता रोकने के बाद हमास ने इजरायल को अल्टीमेटम दिया है. हमास ने अमेरिका द्वारा प्रस्तावित युद्धविराम समझौते पर सहमति नहीं जताई है. हालांकि, एक दिन बाद हमास के एक सीनियर अधिकारी ने एक बयान दिया है, जिससे इजरायल में भारी हंगामा मच गया है.
हमास ने क्या कहा?
हमास ने कहा कि इजरायल सिर्फ 'कैदी अदला-बदली समझौते' के जरिए ही अपने बंदियों को वापस पा सकता है. हमास के सीनियर अधिकारी महमूद मर्दावी ने एक प्रेस बयान में यह बात कही. मर्दावी ने रविवार को कहा, "इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू अगर यह सोचते हैं कि गाजा पट्टी पर थोपे गए भुखमरी युद्ध माध्यम से वे अपने लक्ष्य हासिल कर लेंगे, तो वे भ्रम में हैं."
इजरायल पर हमास का गंभीर इल्जाम
न्यूज एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के मुताबिक, मर्दावी ने समझौते के तहत तय सभी चरणों को मूल रूप में लागू करने पर जोर दिया और इजरायल की ओर से पहले चरण को आगे बढ़ाने का विरोध किया. हमास नेता ने मध्यस्थों से यह सुनिश्चित करने की भी अपील की कि इजरायल समझौते की शर्तों का पालन करे. उन्होंने मध्यस्थों से यह भी कहा कि वे सुनिश्चित करें कि इजरायल समझौते की शर्तों का पालन करे, जैसा कि सहमति हुई थी.
तीन चरण में होना था समझौता
हमास और इजरायल के बीच तीन-चरणीय समझौते का पहला 42-दिवसीय चरण, जिसमें मानवीय सहायता में वृद्धि शामिल थी, शनिवार को समाप्त हो गया. समझौते के तहत, दोनों पक्षों के बीच दूसरे चरण पर बातचीत करने की उम्मीद थी, जिसमें गाजा से इजरायल की पूर्ण वापसी और स्थायी युद्धविराम के बदले में हमास को बाकी बंधकों को रिहा करना था.
इजरायल ने सीजफायर का किया था ऐलान
हालांकि रविवार को इजरायल ने घोषणा की कि वह संघर्ष विराम के पहले चरण को रमजान और पासओवर [यहूदी त्योहार] या 20 अप्रैल तक बढ़ाने के प्रस्ताव का समर्थन करता है. उसने कहा कि यह प्रस्ताव ट्रंप प्रशासन के मध्यपूर्व दूत स्टीव विटकॉफ की ओर से आया है. इजरायल ने न सिर्फ अमेरिकी प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है बल्कि गाजा में सभी वस्तुओं की सप्लाई रोकने का भी फैसला किया. यहूदी राष्ट्र ने कहा कि हमास द्वारा विटकॉफ प्रस्ताव को स्वीकार न करने की वजह से उसने सभी चीजों आपूर्ति पर रोक लगाई है.
हमास ने इजरायल की आलोचना की
हमास ने अस्थायी युद्ध विराम के अमेरिकी प्रस्ताव को स्वाकारने के लिए इजरायल की आलोचना की. फिलिस्तीनी ग्रुप के मुताबिक यहूदी राष्ट्र का यह कदम गाजा युद्ध विराम समझौते के दूसरे चरण के लिए वार्ता को टालने की कोशिश है. फिलिस्तीनी ग्रुप ने कहा कि गाजा में मानवीय सहायता को रोकने का नेतन्याहू का फैसला "सस्ता ब्लैकमेल, युद्ध अपराध और समझौते के खिलाफ एक जबरदस्त उल्लंघन है."