Advertisement
trendingNow,recommendedStories0/zeesalaam/zeesalaam2902999
Zee SalaamIndian Muslimज़ोर पकड़ी पैगम्बर साहब (स.) के जन्मदिन पर देशभर में शराबबंदी की मांग; नशामुक्त भारत का संकल्प

ज़ोर पकड़ी पैगम्बर साहब (स.) के जन्मदिन पर देशभर में शराबबंदी की मांग; नशामुक्त भारत का संकल्प

Liquor Ban on Eid Milad Un Nabi: हिंदू त्योहारों की तर्ज पर ईद-ए-मिलादुन्नबी के खास मौके पर पूरे देश में शराब बंदी की मांग जोर पकड़ने लगी है. 30 अगस्त को मुस्लिम स्टूडेंट ऑर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया नाम के संगठन ने राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन भेजकर 'ड्राई डे' घोषित करते हुए पांच बिंदुओं को लागू करने की मांग की है. 

MSO ने ईद-मिलादुन्नबी पर की शराब बंदी की मांग
MSO ने ईद-मिलादुन्नबी पर की शराब बंदी की मांग

Delhi News Today: भारत धार्मिक, सांस्कृतिक और खान-पान के लिहाज से विविधताओं से भरा देश है, लेकिन हालिया दिनों दक्षिणपंधी विचारधारा वाली सरकारों ने इस पर काफी हदतक लगाम लगाने की कोशिश की है. धार्मिक भावानों का हवाला देते हुए बहुसंख्यक समाज के त्योहारों पर कई प्रदेशों की सरकारों ने मांस-मछली पर प्रतिबंध लगा दिया. वहीं, अब ईद-ए-मिलादुन्नबी पर भी शराब को प्रतिबंध करने की मांग उठने लगी है.

मुस्लिम स्टूडेंट ऑर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया (MSO) ने शनिवार (30 अगस्त) को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम ज्ञापन लिखकर, अगले माह 5 सितबंर पर ईद-ए-मिलादुन्नबी के मौके पर पूरे देश में शरबाबंदी लागू करने की मांग की है. ईद-ए-मिलादुन्नबी, मुसलमानों में कई मायने खास है, क्योंकि इसी दिन आखिरी पैंगबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की यौमे पैदाइश है.

'ईद-ए-मिलादुन्नबी पर पूरी तरह लागू हो शराब बंदी'

MSO ने अपने ज्ञापन में कहा है कि ईद-ए-मिलादुन्नबी इस्लाम के आखिरी पैंगबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम यौमे पैदाइश है, जिसे श्रद्धा, आस्था और भाईचारे के साथ मनाया जाता है. यह मौका शांति, नैतिकता और मानवता के संदेश को आगे बढ़ाने का है. ऐसे पवित्र दिन पर शराब जैसी वस्तु, जो नशे और बुराइयों की निशानी है, का खुलेआम व्यापार समाज के धार्मिक और नैतिक मूल्यों के विपरीत है और यह करोड़ों नागरिकों की भावनाओं को ठेस पहुंचाता है.

Add Zee News as a Preferred Source

संगठन ने ज्ञापन में आगे कहा कि आज नशा देश के लिए एक बड़ी सामाजिक समस्या बन चुकी है. शराब की वजह से घरेलू हिंसा, सड़क दुर्घटनाएं, अपराध और स्वास्थ्य संबंधी गंभीर समस्याएं लगातार बढ़ रही हैं. ऐसे में ईद-ए-मिलादुन्नबी जैसे पवित्र अवसर पर शराबबंदी लागू करना न सिर्फ धार्मिक भावनाओं का सम्मान होगा बल्कि यह नशा-मुक्त भारत की दिशा में सरकार का सकारात्मक कदम भी साबित होगा.

इन पांच बिंदुओं पर की ये मांग

राष्ट्रपति और पीएम मोदी के भेजे गए ज्ञापन में MSO ने ईद-ए-मिलादुन्नबी पर सभी राज्यों 'ड्राई डे' घोषित करने की मांग करते हुए पांच मांगे रखीं. जिसा जिक्र नीचे किया गया है.

1. ईद-ए-मिलादुन्नबी के दिन देशभर में पूरी तरह से शराबबंदी लागू की जाए.

2. सभी राज्यों को ‘ड्राई डे’ घोषित करने के निर्देश दिया जाएं.

3. शराब की दुकानों, बार और होटलों को इस दिन पूरी तरह से बंद रखा जाए.

4. सरकार इस मौके पर नशा-मुक्त भारत का संदेश प्रसारित करने के लिए विशेष अभियान चलाए.

5. युवा पीढ़ी को जागरूक करने के लिए मीडिया और शैक्षणिक संस्थानों के माध्यम से कार्यक्रम आयोजित किए जाएं.

इस ज्ञापन के जरिये मुस्लिम स्टूडेंट ऑर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष मोहम्मद मुदस्सिर अशरफी ने उम्मीद जताई कि सरकार इस मांग पर गंभीरता से विचार करेगी और ईद-ए-मिलादुन्नबी के मौके पर शराबबंदी लागू कर देशवासियों को एक सकारात्मक संदेश देगी.

ये भी पढ़ें: SP सांसद अफजाल अंसारी ने की भागवत की तारीफ; PM मोदी और योगी की ली चुटकी!

TAGS

Trending news