Indore Molestation Case: इंदौर में एक एकेडमी में शूटिंग की ट्रेनिंग देने वाले मुस्लिम कोच पर अश्लील हरकत करने के आरोप लगे हैं. इस मामले में पीड़िता के परिवार वालों की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. इसके उलट बजरंग दल पूरे मामले को धार्मिक रंग देने की कोशश कर रहा है, जबकि पुलिस ने इस तरह के किसी भी दावे से इंकार किया है.
Trending Photos
)
Indore News Today: मध्य प्रदेश के इंदौर में एक मुस्लिम कोच के जरिये अपनी छात्राओं के साथ कथित अश्लील और आपत्तिजनक हरकत करने का मामला सामने आया है. आरोपी कोच इंदौर के फेमस ड्रीम ओलंपिक शूटिंग एकेडमी के लड़कियों ट्रेनिंग देता है. घटना से जुड़े आरोपी कोच के कई वीडियो सामने आये हैं. पीड़िता के परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने मामदा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
ड्रीम ओलंपिक एकेडमी इंदौर में है और यहां शूटिंग की ट्रेनिंग दी जाती है. यहां मोहसिन नाम का व्यक्ति लड़कियों को शूटिंग की ट्रेनिंग देता है. कोचिंग के दौरान कोच मोहिसन पर लड़कियों से अश्लील और आपत्तिजनक हरकत करने के आरोप लगे हैं. पीड़ित लड़की ने दावा किया कि नवंबर 2023 में राइफल पकड़ाने के बहाने कोच ने उसे गलत ढंग से छुआ और धमकाया. कोच की धमकी की वजह से वह डरकर चुप रही, लेकिन परिवार वालों को जानकारी मिलने पर मामला थाने पहुंच गया.
इसकी सूचना मिलते ही बजरंग दल ने भी मोर्चा खोल दिया और कथित धार्मिक एंगल देने की कोशिश की. बजरंग दल के पदाधिकारियों ने दावा किया कि यह कोई पहली घटना नहीं थी बल्कि एक साजिश के तहत हिंदू छात्राओं को निशाना बनाया जा रहा है. बजरंग दल का दावा है कि आरोपी कोच के फोन से कई आपत्तिजनक वीडियो मिली है, जबकि पुलिस ने इस तरह का कोई भी वीडियो आरोपी के फोन में होने से इंकार किया है.
इस घटना के संबंध में एडिशनल डीसीपी क्राइम राजेश दंडोतिया ने कहा, "ड्रीम ओलंपिक एकेडमी इंदौर में राइफल की ट्रेनिंग दी जाती है. इसी एकेडमी में महू के रहने वाले मोहसिन ट्रेनिंग देते हैं." उन्होंने बताया कि "एक नाबालिग लड़की की बैड टच की शिकायत पर पॉक्सो एक्ट और छेड़खानी का मुकदमा दर्ज किया गया है. फिलहाल आरोपी कोच को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है."
एडिशनल डीसीपी क्राइम राजेश दंडोतिया ने बताया कि एकेडमी में आने वाली दूसरी लड़कियों से भी पूछताछ की जा रही है. इस मामले में जांच के बाद सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी. राजेश दंडोतिया ने कहा, "आरोपी कोच के मोबाइल की जांच में कुछ भी नहीं मिला है बल्कि पीड़िता लड़की ने वीडियो, फोटो की रिकॉर्डिंग फुटेज दिए हैं. जिसको साक्ष्य के तौर पर केस में जोड़ रहे हैं."
इस दौरान जब उनसे मामले में भोपाल 'लव जिहाद' के एंगल की बात पूछी गई तो एडिशनल डीसीपी क्राइम राजेश दंडोतिया ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया. उन्होंने कहा, "इस मामले इस तरह के आरोप (लव जिहाद) पूरी तरह से गलत हैं. वहां के और यहां के मामले का कोई सरोकार नहीं है. यह एक बैड टच का मामला है, जिसमें पॉक्सो एक्ट और छेड़खानी का मामला पहले दर्ज कर लिया गया है." राजेश दंडोतिया ने कहा, "आरोपी ऐसा किन परिस्थितियों और कब से कर रहा है, यह हमारी जांच का विषय है."
मुस्लिम माइनॉरिटी की ऐसी ही खबरों के लिए विजिट करें https://zeenews.india.com/hindi/zeesalaam