)
Uttar Pradesh News: संभल के हातिम सराय मोहल्ला में कथित तालाब के 8 बीघा जमीन पर अतिक्रमण करके बनाए गए 80 मकानों और एक मस्जिद के खिलाफ कार्रवाई शुरू हो गई है. मकानों को चिंहित करने के बाद लाल निशान लगाए गए हैं और मकान मालिकों को नोटिस दिया गया है. तहसीलदार धीरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि नोटिस में मकान मालिकों से जवाब तलब किया गया है, अगर जवाब नहीं दिया जाता है तो चिंहित मकानों के खिलाफ बुलडोजर कार्रवाई की जाएगी. इसी कड़ी में समाजवादी पार्टी के विधायक इकबाल महमूद ने इस कार्रवाई के खिलाफ एक बड़ा बयान दिया, जिससे प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं.
समाजवादी पार्टी के विधायक इकबाल महमूद ने बयान देते हुए कहा कि हातिम सराय उनका मोहल्ला है. उन्होंने कहा कि हातिम सराय मोहल्ले के 80 मकानों को राजस्व विभाग द्वारा अवैध बताने का दावा गलत है. उन्होंने कहा कि राजस्तव विभाग इस मामले में लोगों को गलत जानकारी दे रही है. विधायक इकबाल महमूद ने कहा कि जिस भूमि पर ये 80 मकान बने हैं, वह सरकारी तालाब की जमीन नहीं, बल्कि फसली भूमि है.
विधायक इकबाल महमूद ने इस मामले में बड़ा खुलासा करते हुए कहा कि राजस्व विभाग के रिकार्ड में हातिम सराय की जमीन आज भी मक्का की फसली भूमि के तौर पर दर्ज है. वहीं, राजस्व विभाग ने दावा किया है कि चिहिंत किए गए मकान सरकारी तालाब की जमीन पर बनाई गई हैं.
विधायक इकबाल महमूद ने बताया कि सालों पहले बरसात और इलाके के पानी से हुए जलभराव ने तालाब की शक्ल अख्तियार कर ली थी, जिसे प्रशासन अब सरकारी तालाब बता रहा है. उन्होंने प्रशासन से सबूतों की मांग करते हुए कहा कि अगर प्रशासन के रिकॉर्ड में हातिम सराय में सरकारी तालाब की भूमि होने के दस्तावेज है तो तहसील प्रशासन लोगों को दिखाए .