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Zee SalaamIndian Muslimमियां-बीवी राजी तो अब बजरंगी भाई रोक देंगे शादी; हिन्दू-मुस्लिम निकाह के वलीमे में बवाल!

मियां-बीवी राजी तो अब बजरंगी भाई रोक देंगे शादी; हिन्दू-मुस्लिम निकाह के वलीमे में बवाल!

Hindu Groups Stops Muslim Man Hindu Woman Marriage: हिंदूवादी संगठन देश के कई राज्यों में आपसी सहमति और बालिग होने के बावजूद हिंदू लड़की और मुस्लिम लड़के की शादी होने पर हंगामा कर रुकवाते रहे हैं. हिंदू संगठनों के सामने पुलिस भी बेबस नजर आती है. इसका उदाहरण शाहजहांपुर में देखने को मिला, जब हिंदू संगठनों के विरोध के बाद डॉक्टर अदनान और नीलम के वलीमे को रोकना पड़ा और पुलिस मूक दर्शक बनी रही.

 

प्रतीकात्म एआई तस्वीर
प्रतीकात्म एआई तस्वीर

Shahjahanpur News: एक कहावत है कि 'मियां बीवी राजी तो क्या करेगा काजी', यानी अगर शादी के लिए लड़का और लड़की राजी हैं, तो काजी भी शादी को नहीं रोक सकता. हालांकि, काजी तो नहीं लेकिन उत्तर प्रदेश समेत बीजेपी शासित दूसरे राज्यों में हिंदूवादी संगठन शादी को जरुर रोक सकते हैं. देश कई राज्यों में इस तरह के उदाहरण मिलते हैं, जहां हिंदूवादी संगठनों के विरोध और धमकियों के बाद मुस्लिम लड़का और हिंदू लड़की की शादी रोकनी पड़ी. इसके उलट यही हिंदूवादी संगठन मुस्लिम लड़की और हिंदू लड़के की शादी को मोहब्बत की खातिर धर्म परिवर्तन का नाम देते हैं. 

मियां बीवी के राजी होने और कानूनी तौर पर संवैधानिक अधिकार होने के बावजूद हिंदूवादी संगठन शादी रुकवा देते हैं, जैसी कहावत उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर की एक शादी पर सटीक बैठती है. जहां एक हिंदू लड़की से प्रेम विवाह करने के बाद घर पर वलीमा का आयोजन करने पर हिंदूवादी संगठन भड़क गए. जैसे ही हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं को इसकी जानकारी मिली, वे बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए और हंगामा शुरू कर दिया. हालात बिगड़ते देख वलीमे का कार्यक्रम रद्द करना पड़ा.

हिंदूवादी संगठनों के हंगामे के बाद रुका वलीमा
यह मामला शहर कोतवाली क्षेत्र के जिया खेल मुहल्ले का है. पुलिस के मुताबिक, यहां के रहने वाले डॉक्टर अदनान का इतवार (11 जनवरी) की रात एक स्थानीय मैरेज लॉन में वलीमे का प्रोग्राम था. बताया जा रहा है कि अदनान ने दिल्ली में नीलम नाम की एक हिंदू लड़की से कोर्ट मैरिज किया था. मुस्लिम लड़का और हिंदू लड़की के प्रेम विवाह करने की बात हिंदूवादी संगठनों को नागवार गुजरी. फिर क्या था हिंदूवादी संगठनों के कार्यकर्ता वलीमे वाली जगह पहुंच कर हंगामा शुरू कर दिया.  

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प्रदर्शन में शामिल हिंदूवादी नेता राजेश अवस्थी ने बताया कि उसे जानकारी मिली थी कि अदनान के परिजन एक मैरिज हॉल में वलीमे की दावत कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि जैसे ही यह पता चला कि अदनान ने हिंदू लड़की से शादी की है, हिंदूवादी संगठन के तमाम कार्यकर्ता वहां पहुंच गए और शादी-वलीमे का विरोध करने लगे और 'लव जिहाद' का आरोप लगाने लगे. इसके बाद पुलिस को भी सूचना दी गई.

मुस्लिम लड़के पर NSA के तहत कार्रवाई की मांग
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस के पहुंचते ही परिजनों ने बताया कि उन्होंने वलीमे का कार्यक्रम रद्द कर दिया है. इसके बाद कार्यक्रम को पूरी तरह रोक दिया गया. इस मामले को लेकर सोमवार को हिंदू संगठनों की ओर से पुलिस अधीक्षक राजेश द्विवेदी को एक ज्ञापन सौंपा. हैरान करने वाली बात यह है कि हिंदूवादी संगठनों ने पुलिस अधीक्षक से डॉक्टर अदनान के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत कार्रवाई की मांग की गई है.

पुलिस अधीक्षक राजेश द्विवेदी ने सोमवार को बताया कि पेशे से दंत चिकित्सक अदनान अंसारी (29) ने पिछले साल 12 सितंबर को दिल्ली में नीलम (35) नाम की लड़की से दिल्ली की एक कोर्ट में शादी की थी. उसी शादी के वलीमे का कार्यक्रम इतवार रात शाहजहांपुर में रखा गया था. पुलिस के पहुंचने पर परिजनों ने बताया कि कार्यक्रम रद्द कर दिया गया है. पुलिस अधीक्षक ने यह भी बताया कि अदनान के परिजनों ने वलीमे के लिए निमंत्रण पत्र छपवाया था, जिसमें दुल्हन का नाम नीलम अंसारी लिखा गया था. नीलम दिल्ली में एमबीए करने के बाद एक बहुराष्ट्रीय कंपनी में काम कर रही हैं.

हिंदू संगठन पहले भी रोक चुके हैं शादी
यह पहला मौका नहीं है, जब हिंदूवादी संगठनों ने मुस्लिम लड़का और हिंदू लड़की की आपसी सहमति से होने वाली शादियों में हंगामा खड़ा कर रुकावट डाली है. बजरंग दल, विश्व हिंदू परिषद और हिंदू युवा वाहिनी जैसे संगठनों अक्सर ऐसी शादियों को 'लव जिहाद' बताकर रोकने की कोशिश करते हैं, भले ही लड़का लड़की दोनों बालिग हों और उनके परिवार भी सहमत हों.

उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में साल 2024 में एक हिंदू परिवार ने अपनी बेटी की शादी अमेरिका में रहने वाले मुस्लिम लड़के से तय की थी. रिसेप्शन का कार्ड वायरल होने के बाद हिंदू संगठनों के विरोध के चलते कार्यक्रम रद्द करना पड़ा. इसी तरह बस्ती (2025) में दलित हिंदू लड़की और मुस्लिम लड़के की शादी में परिवारों की सहमति थी, लेकिन हिंदूवादी संगठनों के हंगामे के बाद पुलिस ने दूल्हे को डिटेन कर 'लव जिहाद' का केस दर्ज कर लिया. यूपी के रायबरेली (2025) में होटल में हो रही अंतरजातीय शादी को भी संगठनों के विरोध की वजह से रोक दिया गया, जबकि दुल्हन लगातार कहती रही कि वह अपनी मर्जी से शादी कर रही है.

हिंदूवादी संगठनों के जरिये मुस्लिम लड़का और हिंदू लड़की की शादी रुकवाने का दायरा सिर्फ उत्तर प्रदेश तक ही सीमित नहीं है. इससे पहले राजस्थान के जोधपुर (2025) में स्पेशल मैरिज एक्ट के तहत आवेदन करने वाले जोड़ों का VHP और बजरंग दल ने विरोध और उनकी पिटाई. लखनऊ (2020) में हिंदू युवा वाहिनी की शिकायत पर पुलिस ने एंटी- कन्वर्जन कानून का हवाला देकर शादी रुकवा दी. कर्नाटक के छिक्कमगलुरु (2022), मध्य प्रदेश के रीवा (2025) और छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर (2026) में भी इसी तरह परिवार की सहमति के बावजूद शादियों में बाधा डाली गई. हिंदूवादी संगठनो के हंगामे के बाद पुलिस भी लाचार नजर आई है और फिर शादियों को रुकवा दिया.

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Raihan Shahid

रैहान शाहिद का ताल्लुक उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर ज़िले से हैं. वह पिछले पांच सालों से दिल्ली में सक्रिय रूप से पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्यरत हैं. Zee न्यूज़ से पहले उन्होंने ABP न्यूज़ और दू...और पढ़ें

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