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Muslim Brotherhood ban in Texas: अमेरिका के राज्य टेक्सास के गवर्नर ग्रेग एबाट ने दो मुस्लिम संगठनों पर प्रतिबंध लगा दिए हैं. इन संगठनों पर आतंकवाद का समर्थन करने और कट्टरपंथ को बढ़ावा देने का आरोप है. टेक्सस के गवर्नर ग्रेग एबाट ने राजनीतिक और सामाजिक संगठन मुस्लिम ब्रदरहुड और Council on American-Islamic Relations (CAIR) को आतंकवादी संगठन घोषित किया है. इस प्रतिबंध के बाद दोनों संगठन के नाम पर किसी भी प्रकार की फंडिंग, जमीन या अन्य प्रॉपर्टीज़ नहीं खरीदी जा सकती है.
दरअसल, मुस्लिम ब्रदरहुड नाम की संगठन अपने आप को एक राजनीतिक और सामाजिक संगठन बताती है, लेकिन इस पर सऊदी अरब, मिस्र समेत कई मुस्लिम देशों ने प्रतिबंध लगाए हैं. इसी कड़ी में अमेरिका के राज्य टेक्सास के गवर्नर ग्रेग एबाट ने बीते 18 नवंबर को इन दोनों संगठनों पर प्रतिबंध लगाने की घोषणा की. टेक्सास के गवर्नर ग्रेग एबाट ने इन दोनों संगठनों पर आतंकवाद का समर्थन करने और लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ काम करने का आरोप लगाया है.
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक मुस्लिम ब्रदरहुड और CAIR गज़ा पर इजरायली हमले के खिलाफ आवाज उठाते थे और गज़ा युद्ध में अमेरिका द्वारा इजरायल समर्थित नीतियों की आलोचना करते थे. टेक्सास के गवर्नर ग्रेग एबाट ने कहा कि मुस्लिम ब्रदरहुड और CAIR से जुड़े लोग अमेरिका में कानून का उल्लंघन करते हैं और दुनिया भर में आतंकवाद का समर्थन करते हैं. उन्होंने बताया कि इन दोनों संगठनों पर प्रतिबंध लगाने का मकसद टेक्सास के लोगों को कट्टरपंथ से बचाना है. टेक्सास में तेजी से मुस्लिम समुदाय की आबादी बढ़ रही है. साल 2025 में मुस्लिम समुदाय की आबादी बढ़कर लगभग 313,000 तक पहुंचने का अनुमान है.
गौरतलब है कि मुस्लिम ब्रदरहुड की स्थापना साल 1928 में मिस्र में एक स्कूल टीचर हसन अल-बन्ना ने की. इस संगठन का मकसद उपनिवेशवाद और पश्चिमी संस्कृति के बढ़ते प्रभाव से लड़ना, इस्लाम के मूल्यों को सही से लागू करना है. इस संगठन को कई देशों में बैन किया गया है. वहीं, यह संगठन तुर्की और कतर में एक्टिव है, जिसे राजनीतिक समर्थन भी मिलता है. मुस्लिम ब्रदरहुड साल 2010-11 में हुए अरब स्प्रिंग आंदोलन के बाद मिस्र में सत्ता में आया था. मिस्र में मुस्लिम ब्रदरहुड से जुड़े मोहम्मद मुर्सी राष्ट्रपति बने, लेकिन साल 2013 में सत्ता बदल गई और मुस्लिम ब्रदरहुड को मिस्र में फिर से बैन कर दिया गया.