Waqf Bill Amendment: वक्फ संशोधन बिल आज 12 बजे संसद में पेश किया जाएगा, जिसके लिए तमाम पार्टियों ने अपनी रणनीति तैयार कर ली है. साथ ही पार्टियों ने अपने सभी सांसदों को सदन में मौजूद रहने और अपने विचार रखने का निर्देश दिया है.
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Waqf Bill Amendment: वक्फ संशोधन बिल एक बार फिर आज दोपहर 12 बजे संसद में पेश किया जाएगा. सभी पार्टियों की राजनीतिक हलचल तेज हो गई है. इस बीच बीजेपी और कांग्रेस दोनों ही पार्टियों ने अपने सभी सांसदों को सदन में मौजूद रहने का निर्देश दिया है.
सत्तारूढ़ बीजेपी के नेतृत्व वाली NDA पार्टी और विपक्षी इंडिया गठबंधन के दलों के बीच किसी भी तरह की द्विपक्षीय सहमति नहीं बनने के संकेत है. ऐसे में क्याश लगाए जा रहे हैं कि बिल पर आखिरी फैसला सदन में बहुमत के बेस पर किया जाएगा.
इस बिल को आज सदन में प्रश्नकाल के बाद विचार कर पास करने के लिए पेश किया जा रहा है. इस बिल पर तकरीबन 8 घंटे की चर्चा होगी, जिसे जरूरत पड़ने पर बढ़ाया भी जा सकता है. दोनों राष्ट्रीय पार्टी बीजेपी और कांग्रेस के साथ उनके सहयोगी दलों ने भी अपने सांसदों को 2 और 3 अप्रैल को संसद में मौजूद रहने के लिए व्हिप जारी किया है.
सभी विपक्षों को संसद में पेश रहने के निर्देश
विपक्ष पार्टियों ने वक्फ बिल की आलोचना करते हुए विरोध किया है. समाजवादी पार्टी के सचेतक धर्मेंद्र यादव ने भी अपने सभी सांसदों को 2 अप्रैल को लोकसभा में मौजूद रहने और वक्फ संशोधन बिल पर चर्चा में भाग लेने के लिए तीन-पंक्ति का व्हिप जारी किया है. इसके अलावा, इंडिया गठबंधन के फ्लोर लीडर्स ने भी मंगलवार को संसद में एक बैठक कर वक्फ संशोधन बिल पर अपनी रणनीति पर चर्चा की है.
2023 में लोकसभा में पेश किया
इससे पहले यह बिल अगस्त 2023 में लोकसभा में पेश किया गया था, जिसके बाद इस बिल पर और ज्यादा विचार-विमर्श और बहस करने के लिए जगदंबिका पाल की चैयरमेन-सीप में एक संयुक्त संसदीय समिति को सौंपा गया था. बिल का मक्सद वक्फ अधिनियम 1995 में संशोधन यानी कि फेरबदल करना है ताकि वक्फ की संपत्तियों के मैनेजमेंट और विनियमन से जुड़े तमाम मसलों का हल किया जा सकें.
क्या है संशोधन बिल ..?
संशोधन विधेयक वक्फ संपत्तियों के प्रशासन और मैनेजमेंट को बेहतर बनाने की राह में कई अहम बदलाव लाने की कोशिश करता है. इसमें एक्ट का नाम बदलना, वक्फ की परिभाषाओं को अपडेट करना, पंजीकरण यानी की रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को बेहतर बनाना, और वक्फ रिकॉर्ड के प्रबंधन में तकनीक की भूमिका बढ़ाने जैसे बदलाव शामिल हैं.
साल 1995 में लागू किया गया वक्फ एक्ट वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन को विनियमित करने के लिए बनाया गया था. हालांकि इस पर लंबे समय से कुप्रबंधन, भ्रष्टाचार और अतिक्रमण जैसी समस्याओं के इल्जाम लगते रहे हैं.