Bangladesh News: ढाका में लॉकडाउन से पहले धोलाईपार इलाके में उपद्रवियों ने एक यात्री बस को आग के हवाले कर दिया. प्रशासन ने स्थिति नियंत्रण में होने का दावा किया था. घटना में कोई हताहत नहीं हुआ, लेकिन राजधानी में तनाव और सियासी संकट बढ़ गया.
Trending Photos
)
Dhaka Lockdown Violence: अवामी लीग ने 13 नवंबर को ढाका लॉकडाउन का ऐलान किया, तो वहीं सिटी पुलिस ने दावा किया कि स्थिति नियंत्रण में है. सुरक्षा व्यवस्था चाक चौबंद रखने की बात खुद डीएमपी कमिश्नर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कही थी. हालांकि बुधवार शाम को ही प्रशासन के दावों की पोल खुल गई जब शाम को ढाका के धोलाईपार में एक यात्री बस को आग के हवाले कर दिया गया. उपद्रवियों ने एक यात्री बस में आग लगा दी. यह घटना शाम करीब 6:30 बजे हुई, जिसके बाद अग्निशमन सेवा की दो इकाइयों ने आग पर काबू पाया.
ढाका ट्रिब्यून ने स्थानीय अधिकारियों के हवाले से कहा है कि इस आगजनी में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है. अग्निशमन सेवा की ड्यूटी ऑफिसर खालिदा यास्मीन ने बताया कि आग की सूचना शाम 6:18 बजे मिली थी और उनकी दोनों इकाइयों ने शाम 6:40 बजे तक इस पर काबू पा लिया. इस हफ्ते बांग्लादेश की राजधानी और कई अन्य शहरों में हुए सिलसिलेवार बम विस्फोटों और आगजनी के बाद बांग्लादेश में सियासी संकट गहरा गया है.
पिछले तीन दिनों में कई हमले किए गए हैं. इसके बाद से ही दक्षिण एशियाई देश में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है. यह देश एक साल से भी ज्यादा समय से सामान्य स्थिति की ओर बढ़ रहा है, जब तत्कालीन प्रधानमंत्री शेख हसीना को सत्ता से बेदखल करने वाली खूनी क्रांति का सामना करना पड़ा था. सोमवार को ढाका में कई जगहों पर करीब 17 बम फेंके गए, जबकि बुधवार तड़के तक बांग्लादेश के अन्य हिस्सों में 10 से ज्यादा वाहनों को आग लगा दी गई.
पहला विस्फोट सोमवार को स्थानीय समयानुसार सुबह लगभग 3.45 बजे ग्रामीण बैंक के मुख्यालय के पास हुआ, जिसकी स्थापना हसीना के निष्कासन के बाद अंतरिम नेता मुहम्मद यूनुस ने की थी. दूसरा कुछ ही घंटों के भीतर ही मत्स्य पालन और पशुधन सलाहकार फरीदा अख्तर के स्वामित्व वाले व्यावसायिक प्रतिष्ठान पर देसी बम से हमला किया गया. इसके बाद मंगलवार रात को एक स्कूल पर पेट्रोल बम से हमला किया गया.
ढाका पुलिस ने दावा किया कि सलाहकारों से जुड़े प्रतिष्ठानों पर हमले का मकसद गुरुवार को अवामी लीग पार्टी द्वारा घोषित "लॉकडाउन" से पहले लोगों को दहशत में लाना है. जबकि मंगलवार शाम को ही एक प्रेस वार्ता में ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस (डीएमपी) कमिश्नर शेख मोहम्मद सज्जात अली ने कानून व्यवस्था को माकूल बताया था. उन्होंने कहा "13 नवंबर को चिंता की कोई बात नहीं है. राजधानी में कानून-व्यवस्था पूरी तरह से नियंत्रण में है."
इनपुट-आईएएनएस