)
Iran News Today: ग़ज़ा में नरसंहार, सीरिया, लेबनान, यमन समेत कई अरब मुल्कों में पश्चिमी देशों की दखलंदाजी और हिंसा को देखते हुए ईरान ने बड़ा कदम उठाया. इजरायल और पश्चिमी देशों की साजिशों से निपटने के लिए ईरान ने अपनी डिफेंस सिस्टम को और मजबूत किया है. ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (IRGC) ने अपनी नई स्वदेशी बैलिस्टिक मिसाइलों और 12 दिनों तक चले जंग में क्षतिग्रस्त हुए लॉन्चरों का सार्वजनिक रूप से नुमाईश की.
इस जानकारी को सरकारी आईआरआईबी टीवी की रिपोर्ट में शेयर किया गया, जिसमें IRGC के दो मिसाइल ठिकानों को दिखाया गया है. रिपोर्ट में IRGC के एयरोस्पेस बलों से जुड़ी मिसाइलें और लॉन्चर दिखाई गईं. ईरान ने जिन बैलिस्टिक मिसाइलों को तैयार किया है, उनका नाम 'इमाद' और 'कद्र' है. खास बात यह है कि 'कद्र' मिसाइल को इलेक्ट्रॉनिक युद्ध रोधी उपकरणों से लैस किया गया है.
IRGC के एयरोस्पेस फोर्स के एक वरिष्ठ कमांडर ने बताया कि फोर्स की मिसाइल शक्ति लगातार बढ़ रही है. उन्होंने कहा कि नई उन्नत मिसाइलें लॉन्चरों पर इंस्टाल किया गया है और आदेश मिलने पर इन्हें तुरंत दागा जा सकता है. इस बयान के बाद ईरान और इजरायल के बीच फिर से तनाव बढ़ने की संभावना जताई जा रही है.
बीते 13 जून को इजरायल ने तेहरान समेत ईरान के अलग-अलग इलाकों पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए थे. इन हमलों में कई सीनियर कमांडर, परमाणु वैज्ञानिक और नागरिक मारे गए थे. IRGC ने पुष्टि की थी कि तेहरान में हुए हवाई हमले में उनके खुफिया संगठन के प्रमुख मोहम्मद काजमी और उनके डिप्टी हसन मोहाघेग मारे गए.
इसके अलावा ईरानी सशस्त्र बलों के चीफ ऑफ स्टाफ मोहम्मद बाघेरी, आईआरजीसी के चीफ कमांडर हुसैन सलामी, ईरान के खतम अल-अनबिया केंद्रीय मुख्यालय के कमांडर गुलाम अली राशिद और आईआरजीसी के एयरोस्पेस डिवीजन के कमांडर अमीर अली हाजीजादेह भी हवाई हमले में शहीद हुए.
आईआरजीसी ने अन्य मारे गए कमांडरों की सूची में महमूद बाघेरी, दावूद शेखियन, मोहम्मद-बाघेर ताहिरपुर, मंसूर सफ़रपुर, मसूद तैयब, खोसरो हसनी, जावद जोरसारा और मोहम्मद अघाजाफरी को भी शामिल किया. हमलों के जवाब में ईरान ने कई मिसाइलें दागीं और ड्रोन हमलों का भी सहारा लिया.
24 जून को दोनों पक्षों के बीच 12 दिनों तक चली जंग के बाद सीजफायर हुआ. आईआरजीसी के जरिये अब नई मिसाइलों और लॉन्चरों की नुमाइश की गई है, जिसमें उनके मिसाइल ठिकानों और एयरोस्पेस बलों की तैयारियों को भी दर्शाया गया. इस वीडियो रिपोर्ट में यह दिखाया गया कि आईआरजीसी की मिसाइल शक्ति लगातार बढ़ रही है और लॉन्चरों पर नई उन्नत मिसाइलें लगाई जा चुकी हैं, जो आदेश मिलते ही दागने के लिए पूरी तरह तैयार हैं.