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War on Gaza: इजरायली सेना ने गज़ा सिटी पर पूरी तरह कब्जा करने के लिए हमले तेज कर दिए हैं. बीते 29 अगस्त को इजरायल ने गज़ा सिटी को खतरनाक युद्ध क्षेत्र घोषित कर दिया था. ताजा खबर के मुताबिक गज़ा सिटी के 40 परसेंट हिस्से पर इजरायली सेना ने कब्जा जमा लिया है. गुजिश्ता रोज़ इजरायली सेना के एक प्रवक्ता ने दावा किया कि इजराइल, गाजा शहर के 40 परसेंट हिस्से पर नियंत्रण स्थापित कर लिया है.
इजरायली सेना के उस प्रवक्ता ने बताया कि भीषण बमबारी की वजह से फिलिस्तीनियों को अपने घरों को छोड़ने पर मजबूर होना पड़ा. मीडिया में ऐसी कई घनटाए रोज़ रिपोर्ट की जाती है कि इजरायली सेना ड्रोन के जरिए सिविलियन घरों पर ग्रेनेड और बम गिरा रही है. साथ ही उस इजरायली सैन्य प्रवक्ता ने यह भी बताया कि हजारों गज़ावासी अपने घर और जमीन छोड़ने को तैयार नहीं हैं और इजराइली आदेशों की अवहेलना करते हुए, बमबारी से तबाह हुए घरों की खंडहरों में ही रह रहे हैं.
गज़ा के स्वास्थ्य अधिकारियों ने क्या बताया?
वहीं गज़ा के स्वास्थ्य अधिकारियों ने कहा कि बीते गुरुवार को पूरे क्षेत्र में इजराइली गोलाबारी में कम से कम 53 लोगों की मौत हो गई. स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक इजरायली सेना गज़ा शहर के केंद्र से कुछ ही किलोमीटर दूर है.
आने वाले दिनों में और तेज होंगे हमले
इजरायली सेना के एक प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल एफी डेफ्रिन ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि गज़ा के ज़ितून और शेख रादवान इलाकों में इजरायली सेना हमास के बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुँचाना जारी रखी है. उन्होंने कहा कि आज गज़ा शहर के 40 परसेंट क्षेत्र पर इजरायली सेना का कब्ज़ा है. उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में इस अभियान और तेज किया जाएगा.
इजरायली सेना के प्रवक्ता ने बताया कब खत्म होगी जंग
इजरायली सेना के एक प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल एफी डेफ्रिन ने कहा कि इजरायली सेना हर जगह हमास का पीछा करती रहेगी. उन्होंने आगे कहा कि यह अभियान तभी समाप्त होगा जब इजराइल के शेष बंधकों को रिहा कर दिया जाएगा और गज़ा से हमास का शासन समाप्त हो जाएगा.
हमास को हराना चाहते हैं नेतन्याहू
गौरतलब है कि इजरायली सेना ने गज़ा सिटी पर बीते 10 अगस्त से भीषण हमले शुरू कर दिए थे. इस हमले को लेकर इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू का कहना है कि ये हमले गज़ा सिटी में हमास को हराने की योजना है.
इजरायली नागरिक सीजफायर की कर रहे हैं मांग
वहीं, गज़ा सिटी पर हमले के खिलाफ दुनिया भर में इजरायल की निंदा हो रही है. इन हमलों ने गज़ा सिटी में रहने वाले लोगों को विस्थापित होने के लिए मजबूर कर दिया है. साथ ही इजरायली नागरिक भी गज़ा सिटी पर हमले के समर्थन में नहीं हैं. वहां के लोग PM नेतन्याहू से मांग कर रहे हैं कि तुरंत हमास के साथ सीजफायर डील की जाए और इजरायली कैदियों को छुड़ाया जाए.