बाबरी मस्जिद मामला: फैसले के वक्त अदालत में मौजूद नहीं रहेंगे, अडवाणी, जोशी और उमा

बता दें कि 6 दिसंबर 1992 को 16वीं सदी की बनी इस बाबरी मस्जिद को कार सेवकों की एक भीड़ ने ढहा दिया था जिसे लेकर मुल्कभर में फिरकावाराना (सांप्रदायिक) माहौल पैदा हो गया था,

बाबरी मस्जिद मामला: फैसले के वक्त अदालत में मौजूद नहीं रहेंगे, अडवाणी, जोशी और उमा
Image Credit: फाइल फोटो

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