Uttar Pardesh News: संभल की पुलिस ने 24 नवंबर 2024 को हुई हिंसा के मास्टरमाइंड शारिक साठा के करीबी दिलीप उर्फ हरीश को मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया है. हरीश पर 25 हजार का इनाम था, जो चार साल से पुलिस के हाथो से फरार था.
Trending Photos
)
Uttar Pardesh News: उत्तर-प्रदेश के संभल जिले की पुलिस ने चार साल से फरार और सांप्रदायिक हिंसा के
मास्टरमाइंड को गिरफ्तार कर लिया है. मास्टरमाइंड शारिक साठा के करीबी और 25 हजार रुपये के इनामी मुजर्मि दिलीप उर्फ हरीश को मंगलवार को गिरफ्तार किया गया है. इसकी जानकारी संभल के आला अफसर ने दी है.
संभल के पुलिस अधीक्षक (एसपी) कृष्ण कुमार बिश्नोई ने पत्रकारों को बताया है कि संभल जिले की असमोली थाने की पुलिस ने 25000 के इनामी मुजर्मि को गिरफ्तार किया है, जिसकी पहचान दिलीप उर्फ हरीश के रूप में है. एसपी के मुताबिक मुल्जिम बार-बार अपना और अपने पिता का नाम बदलकर कई राज्यों में जुर्म करता रहा है. दिलीप पिछले 30 साल से अधिक समय से जुर्म में सक्रिय है.
24 नंवबर को हुई हिंसा को मुजर्मि
वह 1993 से गाड़ी चोरी करने में लगा है, और यह 2020 तक शारिक साठा के गिरोह के साथ काम करता था. पिछले साल 24 नवंबर को संभल के कोट गर्वी इलाके में शाही जामा मस्जिद में अदालत के आदेश पर हुए सर्वे के दौरान भड़की हिंसा में चार लोग मारे गए थे और पुलिसकर्मियों के साथ बहुत लोग घायल हो गये थे.
25 हजार का इनाम
एसपी ने बताया है हरीश 30 साल से जुर्म कर रहा है. वह एक राज्य से गाड़ी चोरी करके दूसरे राज्य में बेचता है. कुख्यात दिलीप ने उत्तर प्रदेश ,हरियाणा ,उत्तराखंड, दिल्ली और राजस्थान से चार पहिया गाड़ियां चोरी कर नागालैंड, पश्चिम बंगाल ,सिल्ली गुड़ी में ले जाकर बेचने का जुर्म करता रहा है. उस पर पुलिस ने 25 हजार रुपये का इनाम रखा था. उसके खिलाफ अलग-अलग राज्यों में 40 से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं. साथ ही एसपी ने यह भी बताया कि आरोपी संभल से चार साल से फरार था.
पुलिस ने हरीश को संभस से गिरफ्तार किया है, जब वह गाड़ी चोरी करने आया था.