शाहीनबाग के मुज़ाहिरीन ने खोला रास्ता,लेकिन नोएडा जामिया आने जाने वाले लोगों को राहत नहीं

शाहीन बाग के मुज़ाहिरीन ने कहा बताया खोलेंगे रास्ता,जामिया से कालिंदी कुंज होते हुए नोएडा जाती हैलेकिन नोएडा जामिया आने जाने वाले लोगों को राहत नहीं

शाहीनबाग के मुज़ाहिरीन ने खोला रास्ता,लेकिन नोएडा जामिया आने जाने वाले लोगों को राहत नहीं

नई दिल्ली/शोएब रज़ा : शहरियत तरमीमी एक्ट के मुज़ाहिरीन ने कालिंदी कुंज का एक रास्ता खोल दिया है.मुज़ाहिरीन ने धरने की जगह के पास 9 नंबर की सड़क खोल दी है. हालांकि एक रास्ते के खुलने के बावजूद आम लोगों को कोई राहत नहीं मिलेगी, कालिंदीकुंज से नोएडा के एक रास्ते से मुज़ाहिरीन ने बैरिकेडिंग हटाई लेकिन नोएडा में यूपी पुलिस ने अभी भी बैरिकेडिंग नहीं हटाई है.ये सड़क जामिया से कालिंदी कुंज होते हुए नोएडा जाती है

हम आपको बता दें कि मुज़ाहिरीन के रास्ता खाली करने के बावजूद जामिया से नोएडा और नोएडा से जामिया जाने वाले लोगों को नहीं मिलेगी राहत, क्योंकि अब भी महामाया फ़्लाइओवर पर यूपी पुलिस और दिल्ली पुलिस ने रास्ता बंद कर रखा है.बड़ी तादाद में अभी भी लोग मौजूद हैं.पुलिस भी मौके पर मौजूद है मुज़ाहिरीन का कहना है कि हमारी मुखालिफत के बाद अभी महज़ 50 फीसद काम हुआ है.

इससे पहले कल जुमे को DND फ्लाई-वे पर बस फंसने के बाद कालिंदी कुंज से फरीदाबाद और जैतपुर जाने वाला रास्ता थोड़ी देर के लिए खोला गया था। हालांकि एक घंटे के बाद रास्ते को फिर बंद कर दिया गया। शाहीन बाग में शहरियत कानून की मुखालिफत में हो रहे इस एहतेजाज को तकरीबन 2 महीने से ज्यादा हो चुके हैं. 

बातचीत के चौथे दिन मुज़ाकरात साधना रामचंद्रन सुबह दस ही बजे  मुज़ाहिरा कर रहीं ख्वातीन से बातचीत करने शाहीनबाग पहुँच गईं साधना करीब दो घंटे तक प्रदर्शनकारियों से बातचीत करती रहीं .. मु़ाहिरीन ने साधना रामचंद्रन से एक तरफ़ की सड़क खोलने के लिए कुछ शर्तें रखीं ...

- प्रदर्शनकारियों की मांग है कि उन्हें 24 घंटे सुरक्षा मुहैया कराई जाए
- सुप्रीम कोर्ट इस संबंध में आदेश जारी करे
- पुलिस की जवाबदेही तय की जाए
- शाहीनबाग और जामिया के लोगों के खिलाफ दर्ज केस और नोटिस वापस लिया जाएं
- जामिया में हुई हिंसा में पुलिस की भूमिका पर भी जांच हो
- प्रदर्शन स्थल की सुरक्षा के लिए स्टील शीट का उपयोग किया जाए.
- प्रदर्शन शाहीनबाग पर ही चलता रहे
- शाहीनबाग पर भद्दी टिप्पणी करने वाले नेताओं पर कार्रवाई की जाए