सीजेएम अदालत ने शरजील को फिर भेजा चार दिनों की रिमांड पर

शरजील इमाम को दूसरी बार पीर को कामरूप (मेट्रो) की सीजेएम अदालत में पुलिस ने पेश कर पूछताछ के लिए 10 दिनों की रिमांड का मुतालिबा किया था लेकिन अदालत ने फिर से चार दिनों की ही रिमांड पर भेजा है

सीजेएम अदालत ने शरजील को फिर भेजा चार दिनों की रिमांड पर
फाइल फोटो...

गुवाहाटी: असम को हिंदुस्तान से अलग करने से मुतअल्लिक मुल्क मुखालिफ बयान देने के मामले में गिरफ्तार शरजील इमाम को दूसरी बार पीर को कामरूप (मेट्रो) की सीजेएम अदालत में पुलिस ने पेश कर पूछताछ के लिए 10 दिनों की रिमांड का मुतालिबा किया था लेकिन अदालत ने फिर से चार दिनों की ही रिमांड पर भेजा है.

काबिले ज़िक्र है कि शरलीज को गुवाहाटी पुलिस की क्राइम ब्रांच दिल्ली से मंगल को अपने जिम्मे लेकर ब्रह्मपुत्र मेल से गुवाहाटी शाम 7.50 बजे के आसपास गुवाहाटी रेलवे स्टेशन पर पहुंची थी. 20 फरवरी को ही कामरूप (मेट्रो) सीजेएम की अदालत में पेश कर पुलिस ने 14 दिनों की अदालत से पूछताछ के लिए रिमांड का मुतालबा किया था लेकिन न्यायालय ने उसे महज़ चार दिनों की ही पुलिस रिमांड पर भेजा था.

याद रहे कि गुवाहाटी क्राइम ब्रांच ने शरजील के के खिलाफ गद्दारी से मुतअल्लिक मुख्तलिफ दफआत के तहत केस दर्ज किए हैं. गुवाहाटी के अलावा दिल्ली, उत्तर प्रदेश, मणिपुर समेत दीगर कई रियासतों में शरजील के खिलाफ केस दर्ज हैं. शरजील को बिहार से दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार किया था 

क्या कहा था शरजील ने
बता दें कि JNU तालिबे इल्म शरजील ने बयान दिया था,"अगर हम मुत्तहिद हों तो हिंदोस्ताल और नार्थ-ईस्ट को मुस्तकिल तौर पर अलग कर सकते हैं, पूरी तरह तो नहीं कम से कम एक आध महीने के लिए तो कर ही सकते हैं, मतलब पटरियों पर इतना मवाद डालो कि उनको हटानें में एक महीना लग जाए. असम को काटना हमारी ज़िम्मेदारी है, असम और हिंदुस्तान कट कर अलग हो जायें तभी ये हमारी बात सुनेंगे." मुज़ाहिरे के दौरान लोगों को भड़काते हउ कहा था, "असम में जो मुसलमानों का हाल है आपके मालूम है. वहां CAA नाफिज़ हो चुका है, लोग हिरासती कैंपों में डाले जा रहे है और वहां पर क़त्ले आम चल रहा है. पता चलेगा कि 6-8 महीनों में सभी बंगालियों को मार देंगे, हिंदू हो या मुसलमान हमें असम की मदद करनी है तो असम का रास्ता बंद करना होगा." शरजील के इस बयान के बाद दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने दफा 153 के तहत दंगे भड़काने के इल्ज़ाम में केस दर्ज कर लिया था.

वहीं एक दीगर वीडियो में शरजील कहता हुआ दिख रहा है कि हमारी आरज़ू ये है कि दिल्ली में चक्का जाम हो और सिर्फ दिल्ली में नहीं, जिस शहर में भी मुसलमान कर सकता है. मुसलमान हिंदुस्तान के 500 शहरों में चक्का जाम कर सकता है. क्या मुसलमानों की इतनी हैसियत नहीं कि शुमाली भारत के शहरों को बंद ना किया जा सके.