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Sukanta Majumdar on Humayun Kabir: तृणमूल कांग्रेस के MLA हुमायूं कबीर ने घोषणा की कि वह 6 दिसंबर को मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद के मॉडल पर बनी मस्जिद की नींव रखेंगे. इस ऐलान के बाद देशभर में बवाल मच गया और बीजेपी के नेताओं ने हल्ला बोल दिया. इस बीच केंद्रीय राज्य मंत्री सुकांत मजूमदार ने चौंकाने वाला बयान दिया है. उन्होंने कहा कि लोग मस्जिद बनाने के लिए आज़ाद हैं, लेकिन राम मंदिर भी बनाया जाएगा.
तृणमूल कांग्रेस के MLA की बातों ने 6 दिसंबर बाबरी मस्जिद गिराए जाने की बरसी से पहले से ही गरमाए हुए राजनीतिक माहौल में और आग लगा दी. हालांकि, तृणमूल कांग्रेस ने इस घोषणा से खुद को अलग कर लिया. इस बीच, बेलडांगा में इस घटना से जुड़े पोस्टर सामने आए, जिससे अल्पसंख्यक बहुल ज़िले में तनाव और बढ़ गया, जहां इस साल की शुरुआत में वक्फ (अमेंडमेंट) एक्ट, 2025 के विरोध के दौरान झड़पें हुई थीं.
सुकांत मजूमदार ने कहा, “बाबरी मस्जिद कभी भारत में बनी थी, लेकिन अब वह नहीं है. अब वहां एक राम मंदिर है. मेरा मानना है कि तृणमूल कांग्रेस के MLA मुर्शिदाबाद में हिंदुओं को डराने की कोशिश कर रहे हैं, जहां वे अल्पसंख्यक हैं. अगर वे वहां बाबरी मस्जिद बनाना चाहते हैं, तो वे ऐसा करने के लिए आज़ाद हैं, लेकिन राम मंदिर भी बनाया जाएगा.”
TMC विधायक को दी 'बाबरनामा' पढ़ने की नसीहत
उन्होंने प्रस्तावित ढांचे के ऐतिहासिक आधार पर भी सवाल उठाया और कहा, “मेरा सुझाव है कि वे बाबर और बाबरी के बीच के रिश्ते को समझने के लिए पहले 'बाबरनामा' पढ़ें. क्या इस तरह का पुनर्निर्माण सही है. मुस्लिम विद्वानों को तय करने दें.”
क्या है पूरा मामला
गौरतलब है कि बाबरी मस्जिद को 6 दिसंबर 1992 को गिराया गया था. यह मस्जिद उत्तर प्रदेश के अयोध्या शहर में स्थित थी और इसका निर्माण 1528 में हुआ था. 6 दिसंबर को हजारों कारसेवक अयोध्या में इकट्ठा हुए थे. देखते ही देखते भीड़ ने बाबरी मस्जिद पर हमला कर दिया और कुछ ही घंटों में पूरी संरचना ढहा दी गई. इस घटना के बाद देशभर में भीषण सांप्रदायिक दंगे भड़क उठे, जिनमें हजारों लोगों की जान गई.