राहत को चुकानी पड़ी थी अपनी बेबाकी की कीमत, बरसों तक नहीं मिली थी लालकिला मुशायरे की दावत

कई बरसों के बाद जब दिल्ली में हुकूमत बदली और दिल्ली उर्दू अकादमी में नए वाइस चेयरमैन माजिद देवबंदी आए तो उन्होंने राहत इंदौरी को लाल किले के मुशायरे में आने की दावत दी.

राहत को चुकानी पड़ी थी अपनी बेबाकी की कीमत, बरसों तक नहीं मिली थी लालकिला मुशायरे की दावत
Image Credit: फाइल फोटोSource: ज़ी मीडिया ब्‍यूरो

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