Jagannath Rath Yatra 2023: ऐतिहासिक रथयात्रा का उत्सव आज, भक्तों को प्राप्त होगा रथ खींचने का सोभाग्य
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Jagannath Rath Yatra 2023: ऐतिहासिक रथयात्रा का उत्सव आज, भक्तों को प्राप्त होगा रथ खींचने का सोभाग्य

Jagannath Yatra 2023: झारखंड के पाकुड़ में ऐतिहासिक रथ यात्रा आज निकाली जाएगी. भगवान मदन मोहन की रथयात्रा जिले भर में निकाली जाएगी. इसको लेकर तैयारी पूरी की जा चुकी है. रथ को सजा-धजा कर तैयार कर लिया गया है.

Jagannath Rath Yatra 2023: ऐतिहासिक रथयात्रा का उत्सव आज, भक्तों को प्राप्त होगा रथ खींचने का सोभाग्य

पाकुड़: Jagannath Yatra 2023: झारखंड के पाकुड़ में ऐतिहासिक रथ यात्रा आज निकाली जाएगी. भगवान मदन मोहन की रथयात्रा जिले भर में निकाली जाएगी. इसको लेकर तैयारी पूरी की जा चुकी है. रथ को सजा-धजा कर तैयार कर लिया गया है. राजबाड़ी में स्थित रथ में सुबह से ही पूजा अर्चना शुरू हो चुकी है. पाकुड़ जिले में अति प्राचीन काल राजा पृथ्वी चंद्र शाही के समय से ही रथयात्रा निकाली जाती है.

वर्षों से चली आ रही है परंपरा 
यह परंपरा वर्षों से चली आ रही है. राधा रानी और भगवान मदन मोहन की रथयात्रा राजापाड़ा से निकलकर राजापाड़ा, हाट पाड़ा, मुख्य सड़क होते हुए आदर्श बिल्टू स्कूल तक जाएगी और फिर उसी मार्ग से वापस होते हुए कालीबाड़ी पहुंचेगी. इसके बाद राधा रानी और भगवान मदनमोहन कालीबाड़ी स्थित रंग महल में विराजमान हो जाएंगे.

अगले आठ दिनों तक रंग महल में ही वे विश्राम करने के वापस वे राजवाड़ा प्रांगण स्थित प्रासाद में विराजमान हो जाते हैं. आज भक्तों के जनसैलाब उमड़ता है. भक्त रथ पर सवार मदन मोहन की फूल, बेलपत्र, पान, बताशा आदि से पूजन करते हैं. भक्तों की टोली जयकारा लगाते हुए रथ को रस्सी के सहारे खींचने का सौभाग्य प्राप्त कर पुण्य का भागी बनते हैं.

पंडित करते है पूजा-अर्चना का कार्य 
1697 में राजा पृथ्वी चंद्र शाही के समय प्रारंभ हुई रथयात्रा आज भी पूरे रीति-रिवाज के साथ जारी है. राजपाट के स्थान बदले, कई पीढ़ियां गुजर गई, समाज में बदलाव आये, लेकिन रथ यात्रा पिछले लगभग 325 वर्षों से ईश्वर की असीम अनुकंपा और समाज के सक्रिय सहयोग से बदस्तूर चलती आ रही है. पहले यह रथ नीम की लकड़ी का हुआ करता था. वर्ष में श्रद्धेय स्वर्गीय रानी ज्योतिर्मयी देवी ने वर्तमान के पीतल के रथ पर पहली बार राधा रानी और भगवान मदन मोहन को विराजमान किया था. वर्तमान में "रानी ज्योतिर्मयी देवी देवोत्तर एस्टेट" के सेवायत गण श्रीमती मीरा प्रवीण सिंह, देब मोहन, अमित पांडेय, अभिजीत पांडे और पांडेय के द्वारा पूजा-अर्चना की सारी व्यवस्था की जाती है. पूजा-अर्चना का कार्य पंडित भरत भूषण मिश्र संपन्न कराते हैं.

रथ यात्रा के अवसर पर नगर थाना के सामने स्थित मैदान में एक माह तक मेला लगता है. मेले में झारखंड के अलावा बंगाल, बिहार आदि से लोग यहां दुकान लगाने आते हैं. इसके अलावा सर्कस भी लगता है.

इनपुट- सोहन प्रमाणिक

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